अदालत ने मेरठ निवासी 48 वर्षीय शीशपाल को जेल भेज दिया।
अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश रमेश कुमार ने कहा, रिकार्ड को पढ़ने के बाद यह बात साबित हुई है कि शीशपाल ने नाबालिग का अपहरण किया और बलात्कार के बाद उसकी हत्या कर दी। चूंकि दोषी पीडि़त बच्ची का चाचा था इसलिए उससे अपेक्षा की जाती थी कि वह बच्ची का ध्यान रखेगा लेकिन उसने अपनी जिम्मेदारी से विपरीत कार्य किया।
न्यायाधीश ने कहा, दोषी की करतूत से यह साबित हो गया है कि वह समाज का विश्वास खो चुका है और खुद को उसने अपराधी के तौर पर पेश किया है। इसलिए वह किसी नरमी का हकदार नहीं है।
भाषा