भारत के दोपहिया वाहन निर्माताओं ने वित्त वर्ष 2026 का समापन मजबूत स्थिति में किया। उन्होंने घरेलू थोक बिक्री में अच्छी-खासी वृद्धि दर्ज की। इसका मुख्य कारण ग्रामीण मांग में सुधार, स्कूटरों की जोरदार बिक्री और प्रीमियम मोटरसाइकलों की लगातार बढ़ती लोकप्रियता रही। मार्च की बिक्री ने इस रफ्तार को और भी तेज किया। मार्च में ज्यादातर ओईएम ने दो अंक में वृद्धि दर्ज की। यह इस बात का संकेत है कि बिक्री में लगातार तेजी आ रही है।
उद्योग विशेषज्ञों का कहना है कि हालांकि बिक्री मजबूत बनी हुई है, लेकिन वाहन की गुणवत्ता और ईवी से संबंधित बदलाव भी बाजार की दिशा को आकार दे रहे हैं। लेकिन इसके बावजूद संभावनाएं कमजोर हो सकती हैं।
प्राइमस पार्टनर्स में प्रबंध निदेशक अनुराग सिंह ने कहा, ‘वित्त वर्ष 2026 में दोपहिया वाहनों की बिक्री ने उच्चतम स्तर को छुआ। गुणवत्ता, विशेषताओं और विद्युतीकरण के मोर्चे पर बड़ी प्रगति हुई है। हालांकि इन पहलुओं का असर बिक्री के आंकड़ों में पूरी तरह से नहीं दिखता लेकिन यह मूल्य के रूप में जरूर नजर आता है। इसी पृष्ठभूमि में, वित्त वर्ष 2027 में यह प्रदर्शन फीका पड़ सकता है, खासकर आने वाले वित्त वर्ष में भू-राजनीतिक और आर्थिक चुनौतियों की उम्मीद है।’
टीवीएस मोटर कंपनी ने दोपहिया वाहनों की बिक्री में 23 प्रतिशत वृद्धि के साथ 56 लाख के आंकड़े को छुआ। वह शीर्ष प्रदर्शन करने वाली कंपनियों में से एक रही। कंपनी की घरेलू दोपहिया की बिक्री मार्च में 25 प्रतिशत बढ़कर 498,134 वाहन रही। इसका मुख्य कारण स्कूटरों की मजबूत मांग और इलेक्ट्रिक वाहनों की बिक्री में तेज वृद्धि है। इस दक्षिण भारत-आधारित प्रमुख कंपनी ने वित्त वर्ष 2026 में होंडा मोटरसाइकल ऐंड स्कूटर इंडिया के साथ अंतर काफी कम कर लिया है। अंतिम क्रम का अनुमान इसलिए नहीं लगाया जा सकता क्योंकि बजाज ऑटो ने अभी तक बिक्री के आंकड़े जारी नहीं किए हैं।
होंडा मोटरसाइकिल ऐंड स्कूटर इंडिया ने 9 प्रतिशत की सालाना वृद्धि दर्ज की। वित्त वर्ष 2026 में उसकी घरेलू बिक्री 57 लाख वाहनों तक पहुंच गई। कंपनी ने साल का अंत मजबूती के साथ किया। मार्च में उसकी घरेलू बिक्री 29 प्रतिशत बढ़कर 5,12,303 वाहन हो गई जिससे विभिन्न श्रेणियों में बढ़ी हुई मांग का पता चलता है।
हीरो मोटोकॉर्प ने वित्त वर्ष 2026 में 60 लाख से अधिक वाहनों की घरेलू बिक्री के साथ शीर्ष स्थान बनाए रखा। यह पिछले वित्त वर्ष के 56 लाख वाहनों की तुलना में लगभग 8 प्रतिशत की बढ़ोतरी है। मार्च में 5,52,505 वाहनों की बिक्री हुई, जिसका मुख्य कारण एंट्री-लेवल 100-125सीसी सेगमेंट, स्कूटर और इलेक्ट्रिक मोबिलिटी व्यवसाय में बढ़ती पैठ थी।
हाई-ऐंड बाइक बनाने वाली कंपनी रॉयल एनफील्ड ने अपनी अब तक की सबसे ज्यादा सालाना बिक्री दर्ज की है। उसे मिड-साइज मोटरसाइकल सेगमेंट में लगातार मजबूत मांग से फायदा मिला, जिस से वित्त वर्ष 2026 में कंपनी की घरेलू बिक्री 23 प्रतिशत बढ़कर 11 लाख वाहनों तक पहुंच गई। मार्च में कंपनी ने अपनी घरेलू बिक्री में 14 प्रतिशत की बढ़ोतरी दर्ज की और यह 1,00,406 वाहन रही। इस बढ़ोतरी में कंपनी के बढ़ते वाहन पोर्टफोलियो का अहम योगदान रहा।