facebookmetapixel
Advertisement
Fusion Klassroom IPO Listing: GMP ने नहीं दिया था मुनाफे का संकेत, फिर भी 7% प्रीमियम पर लिस्ट हुआ शेयरUS Birthright Citizenship: ट्रंप का नया दांव, भारतीयों पर क्या होगा असर? H-1B और Visitor Visa का समझें पूरा ग​णितनए ग्राहक जोड़ने की तैयारी में Swiggy, Toing के जरिए Gen Z पर दांव; शेयर पर 54% तक का टारगेटMDR लागू हुआ तो UPI से लेनदेन होगा महंगा? ग्राहक या दुकानदार किस पर पड़ेगा बोझ, वित्त मंत्री ने क्या कहाLIC के नए कारोबार से मुनाफा 61% उछला, ब्रोकरेज बुलिश; शेयर में 42% तक तेजी की उम्मीदHero MotoCorp Q1: हाई बेस से मुनाफे पर दबाव, 17% की गिरावट; बिक्री में 23% की दमदार बढ़तGold silver price today: ग्लोबल तनाव के बीच भी सोना ₹497 चढ़ा, चांदी ₹2,157 उछलीLIC Agents: डिजिटल दौर में भी LIC के एजेंटों का दबदबा, 93% नया कारोबार इन्हीं के जरिएBrent Crude: FY27 में 82 डॉलर रह सकती है औसत कीमत, ब्रोकेरज ने बताए क्या हैं बड़े जोखिमDefence Stocks: HAL और Solar Industries पर ब्रोकरेज बुलिश, बताया FY27-FY28 में क्यों बढ़ सकते हैं ऑर्डर?

‘अमेरिका पर भरोसा नहीं, बातचीत तभी होगी जब वॉशिंगटन गंभीर हो’, दिल्ली में बोले ईरानी विदेश मंत्री

Advertisement

BRICS विदेश मंत्रियों की बैठक के दौरान बोलते हुए अराघची ने कहा कि ईरान युद्धविराम बनाए रखने के लिए काम कर रहा है ताकि कूटनीति को आगे बढ़ने का अवसर मिल सके

Last Updated- May 15, 2026 | 4:39 PM IST
Abbas Araghchi
ईरान के विदेश मंत्री सैयद अब्बास अराघची | फाइल फोटो

ईरान का अमेरिका पर ‘कोई भरोसा’ नहीं है और वह वाशिंगटन के साथ बातचीत में तभी भाग लेगा जब अमेरिका इस मामले को लेकर गंभीर होगा। ये बातें ईरान के विदेश मंत्री सैयद अब्बास अराघची ने शुक्रवार को कही।

नई दिल्ली में ब्रिक्स (BRICS) विदेश मंत्रियों की बैठक के दौरान बोलते हुए अराघची ने कहा कि ईरान युद्धविरामबनाए रखने के लिए काम कर रहा है ताकि कूटनीति को आगे बढ़ने का अवसर मिल सके।

अराघची ने कहा कि पश्चिम एशिया संकट को सुलझाने में भारत द्वारा निभाई जाने वाली किसी भी सकारात्मक भूमिका का ईरान स्वागत करेगा। उन्होंने यह भी कहा कि पाकिस्तान के मध्यस्थता के प्रयास विफल नहीं हुए हैं और वे अभी भी जारी हैं।

Also Read: ओमान तट के पास भारतीय जहाज पर हमला, आग और डूबने की घटना से हड़कंप; भारत ने जताई कड़ी आपत्ति

अराघची ने इस बात पर जोर दिया कि ईरान से जुड़े मुद्दों का कोई सैन्य समाधान नहीं है और उन्होंने स्पष्ट किया कि बातचीत ही आगे बढ़ने का एकमात्र रास्ता है।

उन्होंने कहा कि ईरान और अमेरिका के बीच भरोसे की कमी लगातार वार्ताओं को प्रभावित कर रही है। अराघची के अनुसार, ईरान के पास अमेरिका पर भरोसा न करने की हर वजह है, जबकि अमेरिकियों के पास ईरान पर भरोसा करने का पूरा कारण है।

अराघची ने एक बार फिर दोहराया कि ईरान ने कभी भी परमाणु हथियार विकसित करने की कोशिश नहीं की है।

क्षेत्रीय तनाव पर अपनी बात रखते हुए उन्होंने कहा कि हम होर्मुज स्ट्रेट से सभी जहाजों को सुरक्षित गुजारने में मदद करने के लिए तैयार हैं। हालांकि, उन्होंने यह भी जोड़ा कि होर्मुज स्ट्रेट में स्थिति अभी भी बेहद संवेदनशीन बनी हुई है।

Advertisement
First Published - May 15, 2026 | 4:29 PM IST

संबंधित पोस्ट

Advertisement
Advertisement
Advertisement