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पुदुच्चेरी के ‘यामाहा वाले CM’ का जलवा: रंगास्वामी की थट्टंचावाडी में पांचवीं जीत, NDA की सत्ता में वापसीAssembly Election Result 2026: पांचों राज्यों में कई दिग्गज गिरे तो उभर कर आए कई नए चेहरेवादे तो पूरे होंगे, लेकिन खजाने का क्या? विजय की कल्याणकारी योजनाओं से बढ़ सकता है आर्थिक दबावसिनेमा से सियासत का सफर: क्या MGR की तरह एक दशक तक राज करेंगे ‘थलपति’? 59 साल बाद टूटा द्रविड़ दलों का तिलस्मअसम में लगातार तीसरी बार बनी भाजपा की सरकार, पार्टी ने विधान सभा में अब तक का सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन कियातमिलनाडु में ‘थलपति’ विजय का उदय: टीवीके बनी सबसे बड़ी पार्टी, सीएम स्टालिन चुनाव हारेबंगाल में भाजपा की जीत से उद्योगों की होगी घर वापसी, रियल एस्टेट और ऑटो सेक्टर में आ सकती है तेजी!केरल में UDF ने LDF को दी ​शिकस्त, सत्ता विरोधी लहर में ढह गया वामपंथ का आ​खिरी किलाबंगाल में भाजपा की जीत से खुलेगा विकास का द्वार: मनरेगा से लेकर आयुष्मान भारत तक, अब नहीं रुकेंगे फंड!बंगाल में ‘भगवा’ राज: 15 साल बाद ममता के शासन का अंत, जानें कैसे भाजपा ने ढहाया TMC का किला

Page 87: लेख

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आज का अखबार

Editorial: तमिलनाडु से केरल और बंगाल तक बदलाव की लहर, अब वादे निभाने की बारी

बीएस संपादकीय -May 4, 2026 10:25 PM IST

असम और केंद्र शासित प्रदेश पुदुच्चेरी को छोड़ दिया जाए तो ताजा विधान सभा चुनाव परिणामों का प्रमुख संदेश यही है कि मतदाता बदलाव चाहते हैं। दो साल पहले अभिनेता से राजनेता बने जोसेफ विजय चंद्रशेखर (लोकप्रिय नाम विजय) द्वारा बनाई गई पार्टी तमिलगा वेट्री कषगम (टीवीके) की कामयाबी इसका बेहतरीन उदाहरण है। टीवीके ने […]

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Rupee vs Dollar
आज का अखबार

रुपये को संभालने के फायदे कम, नुकसान ज्यादा

पिछले कुछ हफ्तों से सभी की नजरें रुपये पर टिकी हुई हैं। अमेरिकी मुद्रा डॉलर की तुलना में रुपये का लगातार फिसलना कौतूहल का विषय बनता जा रहा है। रुपये की चाल पर हो रही टीका-टिप्पणी में इसकी व्याख्या कमजोरी के संकेत के रूप में हो रही है। इसके साथ ही, रुपया संभालने के लिए […]

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EPFO and ESI Reforms
आज का अखबार

EPFO और ESI में व्यापक सुधार जरूरी, औपचारिक नौकरियों की क्षमता बढ़ाने की राह खुलेगी

वर्ष1958 में माओ त्से तुंग के ग्रेट लीप फॉरवर्ड में विचित्र ‘चार कीट’ अभियान शामिल था। इसका उद्देश्य मक्खियों, मच्छरों, चूहों और गौरैयों को समाप्त करना था। शोध से पता चलता है कि टिड्डियों और धान को नुकसान पहुंचाने वाले कीटों को खाने वाली करीब 2 अरब गौरैयों को मारे जाने के कारण अनजाने ही […]

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Eastern Front India
आज का अखबार

‘ऑपरेशन सिंदूर’ के एक साल पूरे: भविष्य के युद्धों के लिए भारत को अब पूर्वी मोर्चे पर ध्यान देने की जरूरत

शेखर गुप्ता -May 3, 2026 10:35 PM IST

अगले सप्ताह ऑपरेशन सिंदूर की पहली वर्षगांठ होगी। ऐसे में हमें उन 87 घंटों के दौरान सैन्य प्रदर्शन की प्रेरक कहानियों की भरमार के लिए तैयार रहना चाहिए। परंतु हमें इसे रोकना चाहिए, और इसके पीछे कारण है। मेरा मानना है कि यह राष्ट्र हित में होगा कि हम अतीत को लेकर यूं जश्न के […]

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