कमजोर वैश्विक संकेतों और पश्चिम एशिया में बढ़ते भू-राजनीतिक तनाव के बीच बुधवार को भारतीय शेयर बाजार गिरावट के साथ बंद हुए। कारोबार के अंत में बीएसई सेंसेक्स 1,122.66 अंक यानी 1.40 प्रतिशत गिरकर 79,116.19 पर बंद हुआ। वहीं निफ्टी 50 भी 385.20 अंक यानी 1.55 प्रतिशत टूटकर 24,480.50 पर बंद हुआ। मंगलवार को होली के कारण घरेलू बाजार बंद थे, जिसके बाद बुधवार को बाजार खुलते ही निवेशकों की मजबूत बिकवाली देखने को मिली और पूरे दिन बाजार दबाव में बना रहा।
बुधवार के कारोबार में लगभग सभी सेक्टरों में दबाव देखने को मिला और निफ्टी के ज्यादातर शेयर लाल निशान में बंद हुए। निफ्टी में केवल 4 शेयर बढ़त के साथ बंद हुए, जबकि 46 शेयर गिरावट में रहे। इससे साफ है कि बाजार में लगभग सभी बड़े और मिडकैप शेयरों में दबाव बना रहा।
गिरावट भरे बाजार में भी कुछ आईटी और चुनिंदा शेयरों में हल्की मजबूती देखने को मिली। भारती एयरटेल करीब 1.90 प्रतिशत की तेजी के साथ टॉप गेनर्स में रहा। इसके अलावा इन्फोसिस में लगभग 1.39 प्रतिशत की बढ़त दर्ज की गई, जबकि टेक महिंद्रा भी हल्की तेजी के साथ बंद हुआ। कमजोर बाजार के बावजूद इन शेयरों में खरीदारी देखने को मिली।
दूसरी ओर कई बड़े शेयरों में तेज गिरावट देखने को मिली, जिससे बाजार पर दबाव बढ़ा। टाटा स्टील में सबसे ज्यादा करीब 7 प्रतिशत से अधिक की गिरावट दर्ज की गई। इसके अलावा एलएंडटी, अल्ट्राटेक सीमेंट, बजाज फाइनेंस, बजाज फिनसर्व, एनटीपीसी और इंडिगो जैसे शेयरों में भी 3 से 5 प्रतिशत तक की गिरावट देखी गई। ऑटो सेक्टर में मारुति और महिंद्रा एंड महिंद्रा भी दबाव में बंद हुए।
बैंकिंग सेक्टर के शेयरों में भी कमजोरी देखने को मिली। एचडीएफसी बैंक, आईसीआईसीआई बैंक, कोटक महिंद्रा बैंक और एक्सिस बैंक जैसे बड़े बैंकिंग शेयर गिरावट के साथ बंद हुए। बैंकिंग और वित्तीय शेयरों में बिकवाली ने भी बाजार की गिरावट को और बढ़ाया।
वैश्विक बाजारों से भी कमजोर संकेत मिले। एशियाई बाजारों में दक्षिण कोरिया का कोस्पी तेज गिरावट के साथ कारोबार करता दिखा, जबकि जापान का निक्केई 225 और हांगकांग का हैंग सेंग भी दबाव में रहे। वैश्विक बाजारों में बढ़ती अनिश्चितता का असर भारतीय बाजार पर भी पड़ा।
पश्चिम एशिया में अमेरिका, इजरायल और ईरान के बीच बढ़ते तनाव ने वैश्विक बाजारों में चिंता बढ़ा दी है। इस तनाव के कारण कच्चे तेल की आपूर्ति को लेकर भी आशंकाएं बढ़ी हैं और ब्रेंट कच्चा तेल करीब 82 डॉलर प्रति बैरल के आसपास कारोबार करता दिखा। भू-राजनीतिक तनाव के चलते निवेशक सुरक्षित निवेश की ओर रुख कर रहे हैं, जिससे सोने की कीमतों में भी मजबूती बनी हुई है।
शेयर बाजार में गिरावट के बावजूद प्राइमरी मार्केट में गतिविधि जारी है। सेडेमैक मेकाट्रॉनिक्स का आईपीओ बुधवार से निवेश के लिए खुल गया है। इस आईपीओ का कुल आकार 1,087.45 करोड़ रुपये है और यह शुक्रवार को बंद होगा। वहीं एसेटेक ई-कॉमर्स आईपीओ में बोली लगाने का बुधवार को अंतिम दिन है। इसके शेयरों का आवंटन गुरुवार को तय होने की संभावना है और कंपनी के शेयरों की संभावित लिस्टिंग 9 मार्च को हो सकती है।