म्युचुअल फंड

Kotak MF की इस स्कीम ने दिया 38 गुना रिटर्न, ₹10,000 की मंथली SIP से 21 साल में बना ₹1.85 करोड़ का फंड

इसके साथ ही कोटक स्मॉल कैप फंड ने एक बड़ी उपलब्धि हासिल की है। इसका एसेट्स अंडर मैनेजमेंट (AUM) 17,250 करोड़ रुपये पर पहुंच गया है

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अंशु   
Last Updated- March 04, 2026 | 8:11 AM IST

Kotak Small Cap Fund: कोटक स्मॉल कैप फंड इस साल अपनी 21वीं सालगिरह मना रहा है। इस स्कीम ने 24 फरवरी 2005 को म्युचुअल फंड बाजार में कदम रखा था। फंड ने अपनी शुरुआत से ही रिटर्न का मजबूत ट्रैक रिकॉर्ड बनाया है और लगातार अच्छा प्रदर्शन करते हुए दो दशक में निवेशकों को करोड़पति बना चुका है। इस स्मॉल कैप फंड ने अपनी शुरुआत से 19% का CAGR (कंपाउंड एनुअल ग्रोथ रेट) रिटर्न दिया है। फंड का SIP रिटर्न भी सालाना 16% रहा है।

AUM पहुंचा ₹17,000 करोड़ के पार

इसके साथ ही कोटक स्मॉल कैप फंड ने एक बड़ी उपलब्धि हासिल की है। इसका एसेट्स अंडर मैनेजमेंट (AUM) 17,250 करोड़ रुपये पर पहुंच गया है। फंड का बेंचमार्क Nifty Smallcap 250 TRI (टियर-1) और Nifty Smallcap 100 TRI (टियर-2) है। फंड ने टियर-1 बेंचमार्क के प्रदर्शन को पीछे छोड़ते हुए करीब 3 फीसदी का अल्फा (अतिरिक्त रिटर्न) बनाया है।

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₹10,000 मंथली SIP से बना ₹1.85 करोड़ का फंड

फंड हाउस के मुताबिक, अगर किसी निवेशक ने इस स्कीम की शुरुआत (साल 2005) में इस फंड में 1 लाख रुपये का एकमुश्त निवेश किया होता, तो वह रकम आज बढ़कर 38,59,101 रुपये हो जाती। यानी 21 साल में यह निवेश लगभग 38 गुना बढ़ गया है, जो लंबी अवधि में इस फंड के मजबूत प्रदर्शन को दिखाता है। वहीं, अगर शुरुआत से कोई निवेशक हर महीने 10,000 रुपये की SIP करता, तो उसके निवेश की वैल्यू अब बढ़कर 1.85 करोड़ रुपये हो गई होती।

फंड का SIP प्रदर्शन

लॉन्च के बाद से SIP रिटर्न – 16% सालाना

मंथली SIP अमाउंट – 10,000 रुपये

21 साल में कुल SIP निवेश – 25,10,000 रुपये (25.10 लाख)

21 साल बाद SIP निवेश की कुल वैल्यू – 1.85 करोड़ रुपये

फंड का लम्‍प सम प्रदर्शन

लॉन्च डेट – 24 फरवरी 2005

लॉन्च के बाद से रिटर्न – 19% सालाना

एकमुश्त निवेश – 1 लाख रुपये

21 साल बाद निवेश की वैल्‍यू – 38,59,101 रुपये

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कोटक स्मॉल कैप फंड की इन्वेस्टमेंट स्ट्रैटेजी

यह स्कीम मार्केट कैप के लिहाज से छोटी कंपनियों (स्मॉल कैप) के एक डायवर्स पोर्टफोलियो में निवेश करती है, जिनमें विकास की संभावनाएं होती हैं। यह स्कीम बॉटम-अप स्टॉक चयन रणनीति के जरिए लंबी अवधि में पूंजी वृद्धि हासिल करने का लक्ष्य रखती है। साथ ही, संभावित अवसरों और जोखिम के बीच संतुलन बनाए रखते हुए सेक्टरों में विविधता (डाइवर्सिफिकेशन) पर भी ध्यान देती है।

फंड का पोर्टफोलियो अलग-अलग सेक्टरों में फैला हुआ है। यह कई सेक्टर और थीम में निवेश करता है, जिससे एक ही जगह ज्यादा निवेश (कंसंट्रेशन) का जोखिम कम होता है और उभरते बिजनेस के अवसरों का फायदा मिलता है।

सेबी के नियमों के अनुसार, फंड कम से कम 65% निवेश स्मॉल कैप शेयरों में रखता है। साथ ही, बाजार की अस्थिरता को संभालने के लिए फंड के पास यह लचीलापन भी है कि वह 35% तक निवेश अन्य इक्विटी या डेट इंस्ट्रूमेंट्स में कर सके।

कोटक स्मॉल कैप फंड की डिटेल

कोटक स्मॉल कैप फंड एक ओपन-एंडेड इक्विटी फंड है। इस फंड में निवेशक मिनिमम ₹100 से निवेश शुरू कर सकते हैं। इस स्कीम में SIP करने की भी सुविधा है। SIP के लिए मिनिमम निवेश भी ₹100 है। इस फंड का बेंचमार्क NIFTY Smallcap 250 TRI है। अक्टूबर 2023 से हरीश बिहानी इस स्कीम के फंड मैनेजर है।

28 फरवरी 2026 तक, इस फंड के रेगुलर प्लान का एक्सपेंस रेश्यो 1.66% और डायरेक्ट प्लान का 0.55% है। इस फंड के डायरेक्ट प्लान को 1 जनवरी 2013 को लॉन्च किया गया था।

फंड में कोई लॉक-इन पीरियड नहीं है। यदि 365 दिनों के भीतर 10% से ज्यादा यूनिट्स के रिडेम्पशन (निकासी) पर 1% का शुल्क लिया जाएगा। रिस्कोमीटर पर इस स्कीम को बहुत ज्यादा जोखिम की कैटेगरी में रखा गया है।

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किन सेक्टर्स पर लगाया है दांव?

कोटक स्मॉल कैप फंड के सेक्टर एलोकेशन को देखें तो फंड का सबसे ज्यादा निवेश हेल्थकेयर सर्विसेज (14.17%) में है। इसके बाद कंज्यूमर ड्यूरेबल्स (11.16%) और ऑटो कंपोनेंट्स (8.3%) आते हैं। रिटेलिंग, इंडस्ट्रियल प्रोडक्ट्स और फार्मा-बायोटेक जैसे सेक्टरों में भी अच्छा-खासा निवेश किया गया है। वहीं, फाइनेंस, बैंकिंग और रियल्टी सेक्टर में अपेक्षाकृत कम हिस्सेदारी है। कुल मिलाकर, यह पोर्टफोलियो अलग-अलग सेक्टरों में फैला हुआ है, जिससे जोखिम कम होता है और फंड को विभिन्न इंडस्ट्री में ग्रोथ के अवसर मिलते हैं।

सेक्टर पोर्टफोलियो वेट (%)
हेल्थकेयर सर्विसेज 14.17%
कंज्यूमर ड्यूरेबल्स 11.16%
ऑटो कंपोनेंट्स 8.30%
रिटेलिंग 7.32%
इंडस्ट्रियल प्रोडक्ट्स 6.33%
फार्मास्युटिकल्स और बायोटेक्नोलॉजी 6.24%
कंस्ट्रक्शन 5.92%
फाइनेंस 5.70%
बैंकिंग 4.25%
रियल्टी 3.51%

फंड की टॉप-10 होल्डिंग

फंड की टॉप-10 होल्डिंग्स में सबसे ज्यादा हिस्सेदारी एस्टर डीएम हेल्थकेयर (4.20%) और विजया डायग्नोस्टिक सेंटर (3.60%) जैसी हेल्थकेयर कंपनियों का बड़ा हिस्सा है, जो इस सेक्टर पर भरोसा दिखाता है। इसके अलावा कृष्णा इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज, सेंचुरी प्लाईबोर्ड्स और संसेरा इंजीनियरिंग जैसी कंपनियां भी पोर्टफोलियो में शामिल हैं। वहीं, इंफ्रास्ट्रक्चर और इंजीनियरिंग सेक्टर से कल्पतरु प्रोजेक्ट्स, टेक्नो इलेक्ट्रिक, और साइएंट जैसी कंपनियां हैं। रियल एस्टेट और रिटेल सेक्टर में ब्रिगेड एंटरप्राइजेज और विशाल मेगा मार्ट भी शामिल हैं।

शेयर नेट एसेट (%)
एस्टर डीएम हेल्थकेयर 4.20%
विजया डायग्नोस्टिक सेंटर 3.60%
कृष्णा इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज 2.98%
सेंचुरी प्लाईबोर्ड्स 2.80%
संसेरा इंजीनियरिंग 2.54%
कल्पतरु प्रोजेक्ट्स 2.49%
टेक्नो इलेक्ट्रिक 2.28%
साइएंट 2.14%
ब्रिगेड एंटरप्राइजेज 2.11%
विशाल मेगा मार्ट 2.04%

(डिस्क्लेमर: बिजनेस स्टैंडर्ड प्राइवेट लिमिटेड में कोटक समूह के नियंत्रण वाली इकाइयों की बहुलांश हिस्सेदारी है। यहां फंड के प्रदर्शन की जानकारी दी गई है। ये निवेश की सलाह नहीं है।)

First Published : March 4, 2026 | 8:11 AM IST