म्युचुअल फंड

Groww MF ने लॉन्च किया Nifty PSE ETF, ₹500 से सरकारी कंपनियों में निवेश का शानदार मौका!

इस स्कीम का न्यू फंड ऑफर (NFO) आज यानी 22 जनवरी 2026 से सब्सक्रिप्शन के लिए खुल गया है और 5 फरवरी 2026 को बंद होगा

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अंशु   
Last Updated- January 22, 2026 | 6:58 PM IST

NFO Alert: ग्रो म्युचुअल फंड ने गुरुवार को ग्रो निफ्टी पीएसई ईटीएफ (Groww Nifty PSE ETF) लॉन्च करने की घोषणा की है। यह एक ओपन-एंडेड एक्सचेंज ट्रेडेड फंड (ETF) है, जिसे निफ्टी पीएसई इंडेक्स (Nifty PSE Index TRI) को ट्रैक करने के लिए डिजाइन किया गया है। इस स्कीम का न्यू फंड ऑफर (NFO) आज यानी 22 जनवरी 2026 से सब्सक्रिप्शन के लिए खुल गया है और 5 फरवरी 2026 को बंद होगा। यह स्कीम निफ्टी PSE इंडेक्स में शामिल कंपनियों के शेयरों और उनसे जुड़े इक्विटी इंस्ट्रूमेंट्स में, इंडेक्स के समान अनुपात में निवेश करेगी।

Groww Nifty PSE ETF की डिटेल

फंड का नाम – ग्रो निफ्टी पीएसई ईटीएफ

फंड टाइप – ओपन-एंडेड एक्सचेंज ट्रेडेड फंड

NFO ओपन डेट – 22 जनवरी, 2026

NFO क्लोजिंग डेट – 5 फरवरी, 2026

मिनिमम निवेश – ₹500 और उसके बाद ₹1 के मल्टीपल में

एग्जिट लोड – कुछ नहीं

बेंचमार्क – Nifty PSE Index – TRI

रिस्क लेवल – बहुत ज्यादा जोखिम (very high risk)

फंड मैनेजर – निखिल सातम, आकाश चौहान और शशि कुमार

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फंड कहां करेगा निवेश?

Groww Nifty PSE ETF एक पैसिवली मैनेज्ड ETF है, जिसका उद्देश्य निफ्टी PSE इंडेक्स के प्रदर्शन को दोहराना है। इसके लिए यह इंडेक्स में शामिल शेयरों में उसी अनुपात में निवेश करेगा, जैसा इंडेक्स में उनका वेटेज है। स्कीम SEBI के नियमों के अनुसार लिक्विडिटी बनाए रखने के लिए अपने पोर्टफोलियो का एक छोटा हिस्सा डेट और मनी मार्केट इंस्ट्रूमेंट्स में भी निवेश कर सकती है।

यह ETF मान्यता प्राप्त स्टॉक एक्सचेंजों पर लिस्ट होगा, जिससे निवेशक बाजार समय के दौरान इसे शेयरों की तरह खरीद और बेच सकेंगे। सेकेंडरी मार्केट में पर्याप्त लिक्विडिटी सुनिश्चित करने के लिए मार्केट मेकर्स की नियुक्ति भी की जाएगी।

PSE कंपनियां हैं ग्रोथ इंजन

भारत के इन्वेस्टमेंट साइकिल में पब्लिक सेक्टर की कंपनियों की अहम भूमिका है। इन कंपनियों के पास बड़े प्रोजेक्ट्स को पूरा करने का लंबा अनुभव, मजबूत तकनीकी क्षमता और मजबूत वित्तीय स्थिति होती है। साथ ही, ये कंपनियां सरकार की विकास योजनाओं के अनुरूप काम करती हैं। इसलिए इंफ्रास्ट्रक्चर, ऊर्जा सुरक्षा, रक्षा उत्पादन और वित्तीय सेवाओं जैसे अहम क्षेत्रों में इनकी भूमिका काफी महत्वपूर्ण है। निफ्टी PSE इंडेक्स इसी सेगमेंट को दर्शाता है। इसमें उन लिस्टेड पब्लिक सेक्टर की कंपनियों को शामिल किया जाता है, जिनमें केंद्र या राज्य सरकार की बहुलांश हिस्सेदारी होती है। इस इंडेक्स में अधिकतम 20 कंपनियां होती हैं, जिन्हें निफ्टी 500 में से फ्री-फ्लोट मार्केट कैपिटलाइजेशन के आधार पर चुना जाता है। इंडेक्स को साल में दो बार रीबैलेंस किया जाता है।

ग्रो म्युचुअल फंड के सीईओ वरुण गुप्ता ने कहा, “भारत की पब्लिक सेक्टर की कंपनियां अर्थव्यवस्था के प्रमुख क्षेत्रों में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं, खासकर जब देश लंबी अवधि के इंफ्रास्ट्रक्चर और रणनीतिक परियोजनाओं पर काम कर रहा है। इन कंपनियों के पास अपने आकार, दशकों के अनुभव और विशेषज्ञता, और लंबी अवधि के दृष्टिकोण के कारण लंबे समय तक चलने वाली रणनीतिक परियोजनाओं को संभालने की अनोखी क्षमता है। वर्षों में इस सेगमेंट की बुनियादी ताकत बेहतर हुई है, नीति फ्रेमवर्क सहायक रहे हैं और अन्य मार्केट सेगमेंट की तुलना में मूल्यांकन अपेक्षाकृत संतुलित है।”

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किसे करना चाहिए निवेश?

फंड हाउस के मुताबिक, Groww Nifty PSE ETF उन निवेशकों के लिए बेहतर विकल्प साबित हो सकता है, जो:

  • लॉन्ग टर्म में कैपिटल ग्रोथ हासिल करना चाहते हैं।
  • पारदर्शी और नियम-आधारित इंडेक्स के जरिए भारत की लिस्टेड पब्लिक सेक्टर की कंपनियों (PSE) में निवेश का अवसर चाहते हैं।
  • भारत के इंफ्रास्ट्रक्चर और निवेश आधारित विकास चक्र के अनुरूप पैसिव निवेश रणनीति अपनाना चाहते हैं।
  • निवेशकों को लंबी अवधि का नजरिया रखना चाहिए और इक्विटी बाजार में होने वाले उतार-चढ़ाव को सहन करने के लिए तैयार रहना चाहिए।

(डिस्क्लेमर: यहां NFO की डीटेल दी गई है। ये निवेश की सलाह नहीं है। म्युचुअल फंड में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेश संबंधी फैसला करने से पहले अपने एडवाइजर से परामर्श कर लें।)

First Published : January 22, 2026 | 4:47 PM IST