घर के फ़र्नीचर और अप्लायंसेज के लिए भारत के सबसे बड़े ऑनलाइन रेंटल और सबस्क्रिप्शन प्लेटफ़ॉर्म रेंटोमोजो को अपने प्रस्तावित आरंभिक सार्वजनिक निर्गम (आईपीओ) के लिए बाजार नियामक सेबी से ऑब्जर्वेशन मिले हैं। इस आईपीओ में 150 करोड़ रुपये तक के नए शेयर और 2.84 करोड़ इक्विटी शेयरों तक का ओएफएस शामिल है।
रेडसीर की 2025 की रिपोर्ट के अनुसार बेंगलूरु की यह कंपनी फर्लेंको के साथ मिलकर इस बाजार में दबदबा बनाए हुए है और 22 शहरों में करीब 2.3 लाख ग्राहकों के साथ ऑनलाइन फर्नीचर रेंटल मार्केट के 47 फीसदी हिस्से पर उसका कब्जा है।
30 सितंबर, 2025 को समाप्त छह महीनों में कंपनी का परिचालन राजस्व 176.61 करोड़ रुपये रहा और कर पश्चाल लाभ 61.38 करोड़ रुपये था। वित्त वर्ष 2024-25 के लिए राजस्व करीब 266 करोड़ रुपये था और कर पश्चात लाभ 43.1 करोड़ रुपये रहा था।
नए इश्यू से मिलने वाली रकम का इस्तेमाल कर्ज चुकाने, अपनी जगहों के लिए लीज रेंटल और लाइसेंस फीस भरने और सामान्य कंपनी कामकाज में किया जाएगा। मोतीलाल ओसवाल इन्वेस्टमेंट एडवाइजर्स, ऐक्सिस कैपिटल और आईआईएफएल कैपिटल सर्विसेज इस इश्यू के लिए बुक-रनिंग लीड मैनेजर हैं।