भारत आज 77वां गणतंत्र दिवस मना रहा है। | फोटो : पीटीआई
77th Republic Day 2026 Live Updates: भारत आज 77वां गणतंत्र दिवस मना रहा है। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू के नेतृत्व में राजधानी दिल्ली में कर्तव्य पथ पर गणतंत्र दिवस के मुख्य समारोह का आयोजन हो रहा है। गणतंत्र दिवस परेड राष्ट्रीय एकता की एक शक्तिशाली प्रतीक है, जो भारत की सैन्य शक्ति, सांस्कृतिक विविधता, राष्ट्रीय एकता और तकनीकी प्रगति को प्रदर्शित करती है।
यूरोपीय परिषद के अध्यक्ष एंटोनियो लुइस सैंटोस दा कोस्टा और यूरोपीय आयोग की अध्यक्ष उर्सुला वॉन डेर लेयेन गणतंत्र दिवस समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में शामिल होंगे। भारत को 15 अगस्त 1947 को अंग्रेजों से आजादी तो मिल गई थी लेकिन 26 जनवरी 1950 को भारत एक संप्रभु लोकतांत्रिक गणराज्य घोषित हुआ। ठीक 76 वर्ष पहले आज ही के दिन भारत का संविधान लागू हुआ था।
कर्तव्य पथ पर मुख्य समारोह में सुबह 10:30 बजे परेड की शुरुआत होगी, जो करीब 90 मिनट तक चलेगी। परेड की शुरुआत प्रधानमंत्री मोदी के राष्ट्रीय समर स्मारक पर शहीदों को श्रद्धांजलि देने से होगी। इसके बाद वह कर्तव्य पथ पर सलामी मंच पर परेड देखने के लिए पहुंचेंगे।
इस बार गणतंत्र दिवस पर खास आकर्षण होगा भारतीय सेना का ‘चरणबद्ध युद्ध संरचना’ (Phased Battle Array) प्रदर्शन। इसमें ड्रोन, टैंक और तोपखाने को युद्ध अभ्यास के रूप में प्रदर्शित किया जाएगा, जो असली युद्ध की परिस्थितियों का अनुभव कराता है।
गणतंत्र दिवस परेड के लाइव अपडेट्स के लिए जुड़े रहे बिजनेस स्टैंडर्ड के लाइव ब्लॉग के साथ…
मुख्य घटनाएं
77वें गणतंत्र दिवस की परेड में भारतीय रक्षा बलों की तीनों सेवाओं की झांकी ऑपरेशन सिंदूर: एकजुटता के माध्यम से विजय को दर्शाते हुए मार्च की।
कर्तव्य पथ के ऊपर प्रहार फॉर्मेशन में उड़ान भरी गई, जिसमें भारतीय सेना का एक ध्रुव एडवांस लाइट हेलिकॉप्टर ‘ऑपरेशन सिंदूर’ का झंडा लेकर उड़ा।
यूरोपीय संघ (EU) के सैन्य दल का नेतृत्व कर्नल फ्रेडरिक साइमन स्प्रुइट कर रहे हैं, जो यूरोपीय संघ मिलिट्री स्टाफ (EUMS) के डायरेक्टर जनरल की ओर से एक सेरेमोनियल जिप्सी में सवार हैं।
कर्तव्य पथ पर भारत की स्वदेशी तोपखाने की ताकत के दो शक्तिशाली प्रतीक - धनुष गन सिस्टम और अमोघ (एडवांस्ड टोएड आर्टिलरी गन सिस्टम, ATAGS) आत्मनिर्भर भारत और रक्षा निर्माण में तकनीकी आत्मनिर्भरता की भावना को दर्शाते हैं।
कर्तव्य पथ पर 129 हेलिकॉप्टर यूनिट के चार एमआई-17 1वी हेलिकॉप्टरों ने ध्वज फॉर्मेशन में उड़ान भरते हुए पुष्प वर्षा की।
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू यूरोपीय परिषद के अध्यक्ष एंटोनियो लुइस सैंटोस दा कोस्टा और यूरोपीय आयोग के अध्यक्ष उर्सुला वॉन डेर लेयेन के साथ राष्ट्रपति भवन से बाहर निकलीं।
77वें #RepublicDay समारोह में दो विदेशी गणमान्य व्यक्ति मुख्य अतिथि हैं।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने दिल्ली में नेशनल वॉर मेमोरियल में शहीद सैनिकों को श्रद्धांजलि दी।
सिक्किम की बर्फ से ढकी घाटी में 16,000 फीट की ऊंचाई पर पूरे गर्व और देशभक्ति के उत्साह के साथ फहराया गया तिरंगा।
गणतंत्र दिवस के अवसर पर लोकसभा स्पीकर ओम बिरला ने अपने आवास पर राष्ट्रीय ध्वज फहराया।
रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने देशवासियों को गणतंत्र दिवस की शुभकामनाएं दीं और संविधान को भारत के लोकतंत्र, एकता और राष्ट्रीय चरित्र की नींव बताते हुए उस पर भरोसा दोहराया। सोशल मीडिया पोस्ट में उन्होंने गणराज्य के निर्माता दूरदर्शियों को श्रद्धांजलि अर्पित की और सशस्त्र बलों के साहस और बलिदान को सलाम किया। राजनाथ सिंह ने मजबूत, आत्मनिर्भर और प्रगतिशील भारत बनाने के लिए सामूहिक संकल्प की अपील की।
केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा, "सभी देशवासियों को गणतंत्र दिवस की शुभकामनाएं। भारत दुनिया का सबसे बड़ा लोकतंत्र है। भारत लोकतंत्र की जननी है। जनता का, जनता के लिए, जनता के द्वारा इस मूल मंत्र का आत्मसात कर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में एक वैभवशाली, गौरवशाली, संपन्न, समृद्ध और विकसित भारत का निर्माण हो रहा है। हम सब गणतंत्र दिवस के अवसर पर संकल्प लें कि विकसित और आत्मनिर्भर भारत के लिए हम योगदान देंगे।"
गणतंत्र दिवस समारोह के लिए दिल्ली पुलिस को हाई अलर्ट पर रखा गया है। अधिकारियों के मुताबिक, राजधानी दिल्ली में मल्टी लेयर सुरक्षा व्यवस्था के तहत 30,000 से ज्यादा पुलिसकर्मियों को तैनात किया गया है।
राष्ट्रगीत ‘वंदे मातरम’ की 150वीं वर्षगांठ की थीम पर 77वें गणतंत्र दिवस की परेड में इस बार ‘ऑपरेशन सिंदूर’ की सफलता के साथ-साथ ‘आत्मनिर्भरता’ के लिए सरकार के प्रयासों की झलक देखने को मिलेगी।
गणतंत्र दिवस 2026 के अवसर पर आज, सोमवार 26 जनवरी को भारतीय शेयर बाजारों में ट्रेडिंग नहीं होगी। नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (NSE) और बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज (BSE) दोनों ही आज बंद हैं।
कर्तव्य पथ पर मुख्य समारोह में सुबह 10:30 बजे परेड की शुरुआत होगी, जो करीब 90 मिनट तक चलेगी। परेड की शुरुआत प्रधानमंत्री मोदी के राष्ट्रीय समर स्मारक पर शहीदों को श्रद्धांजलि देने से होगी। इसके बाद वह कर्तव्य पथ पर सलामी मंच पर परेड देखने के लिए पहुंचेंगे।