सॉफ्टबैंक समर्थित ओला के मुख्य कार्याधिकारी अरुण श्रीदेशमुख कंपनी को छोड़ रहे हैं। सूत्रों के अनुसार श्रीदेशमुख ऐसे समय में कंपनी को अलविदा कह रहे हैं जब हाल में ओला के मुख्य वित्तीय अधिकारी जी आर अरुण कुमार ने कंपनी में बड़ी जिम्मेदारी संभाली है। ओला के एक अधिकारी ने इस घटनाक्रम की पुष्टि कर दी है।
अधिकारी ने कहा, ‘जैसा कि आप जानते हैं, हमारे समूह सीएफओ जीआर अरुण कुमार की जिम्मेदारियां अब दैनिक परिचालन में बढ़ गई हैं। इसमें जीटीएम (गो-टु-मार्केट) गतिविधि संभालना भी शामिल है और इसलिए अब तक जीटीएम की कमान संभाल रहे अरुण श्रीदेशमुख अब इस जिम्मेदारी से मुक्त होंगे। उनकी दोनों जिम्मेदारियां अब अरुण कुमार देखेंगे।’
एक ताजा आंतरिक जानकारी के अनुसार, ओला के संस्थापक एवं मुख्य कार्याधिकारी भाविश अग्रवाल दैनिक परिचालन के बजाय फिर से इंजीनियरिंग गतिवधियाों, टीम निर्माण और उत्पादों, दीर्घावधि महत्वपूर्ण परियोजनाओं, जैसे दोपहिया, कारा और क्विक कॉमर्स में नवाचार तथा अंतरराष्ट्रीय विस्तार आदि पर ध्यान बढ़ाएंगे।
एक मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, ओला में समूह रणनीति प्रमुख अमित आंचल भी कंपनी छोड़ रहे हैं। हालांकि ओला ने कहा है कि यह जानकारी सही नहीं है।
अधिकारी ने कहा, ‘अमित आंचल ने इस्तीफा नहीं दिया है। गु्रप स्ट्रैटेजी ऐंड कॉरपोरेट फाइनैंस प्रमुख के तौर पर अमित प्रमुख नेतृत्व टीम के सदस्य बने हुए हैं। वह समूह में सभी तरह की कोष उगाही और निवेश गतिविधियां देखते हैं और पिछले 6 महीनों में करीब 2 अरब डॉलर की पूंजी उगाही (डेट और इक्विटी के जरिये) में उनका अहम योगदान रहा। कंपनी ओला इलेक्ट्रिक के लिए अपनी आगामी योजनाओं को अंतिम रूप देने के लिए भी बड़े निवेश एवं कोष उगाही पर ध्यान बरकरार रखेगी।’
पिछले साल ओला ने अपने नए वाहन कॉमर्स प्लेटफॉर्म ओला कार्स को पेश किया था।