मंदी की मार पर्सनल कंप्यूटर (डेस्कटॉप और नोटबुक) की बिक्री पर भी पड़ी है।
मैन्यूफैक्चरर्स एसोसिएशन ऑफ इन्फॉर्मेशन टेक्नोलॉजी (एमएआईटी) के मुताबिक, अक्टूबर-दिसंबर 2008 की तिमाही में पर्सनल कंप्यूटर की बिक्री पिछले साल की समान अवधि के मुकाबले 19 फीसदी कम हुई है।
एमएआईटी के मुताबिक, इस दौरान 10 लाख डेस्कटॉप की बिक्री की गई, जबकि 3.5 लाख नोटबुक की बिक्री हुई। उद्योग जगत के जानकारों का कहना है कि मंदी के चलते मांग कम होने की वजह से चालू वित्त वर्ष में कुल पीसी की बिक्री पिछले साल के बराबर रहने की उम्मीद है।
गौरतलब है कि पिछले वित्त वर्ष में कुल 73 लाख पर्सनल कंप्यूटर की बिक्री की गई थी। एमएआईटी के कार्यकारी निदेशक विनी मेहता का कहना है कि घरेलू इस्तेमाल और कंपनियों में मांग कम होने की वजह से डेस्कटॉप की बिक्री 15 फीसदी घटी है, वहीं नोटबुक की बिक्री में करीब 30 फीसदी की गिरावट दर्ज की गई है। महेता के मुताबिक, एसएमई, रिटेल, बीपीओ, आईटी, कॉरपोरेट सेक्टर की ओर से आईटी खरीदारी पर अंकुश लगाने की वजह से भी पीसी की बिक्री पर असर पड़ा है।
नौकरियों में अनिश्चितता की वजह से लोग घरों में इस्तेमाल के लिए कंप्यूटर खरीदने से भी फिलहाल परहेज कर रहे हैं। यही वजह है कि इस साल कंप्यूटर की बिक्री पिछले साल के मुकाबले कम हुई है। साथ ही रुपये की तुलना में डॉलर के मजबूत होने से भी डेस्कटॉप कंपनियों के मार्जिन पर असर पड़ रहा है। मेहता का कहना है कि पीसी की सार्वधिक मांग दूरसंचार, बैंकिंग, शिक्षा और सरकार की ओर से आती है, लेकिन इसमें भी गिरावट का रुख बना हुआ है।
एमएआईटी-आईएमआरबी की ओर से कराए गए अध्ययन में इस बात का पता चला है कि छोटी कंपनियों और एसेम्बल डेस्कटॉप की बिक्री चालू वित्त वर्ष की तीसरी तिमाही में कुल कंप्यूटरों की बिक्री का 39 फीसदी है, जबकि ब्रांडेड पीसी की बिक्री 61 फीसदी रही। इनमें से बहुराष्ट्रीय कंपनियों के डेस्कटॉप की हिस्सेदारी करीब 48 फीसदी रही, जबकि भारतीय ब्रांड के कंप्यूटरों की बिक्री 13 फीसदी दर्ज की गई।
पिछले साल के मुकाबले पर्सनल कंप्यूटर की बिक्री 19 फीसदी कम
इस दौरान 10 लाख डेस्कटॉप और 3.5 लाख नोटबुक की हुई बिक्री