‘आईटी उद्योग को मिलेगा सरकार का पूर्ण समर्थन’

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बीएस संवाददाता
Last Updated- December 11, 2022 | 10:01 PM IST

वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने सूचना प्रौद्योगिकी (आईटी) उद्योग के शीर्ष कार्यकारियों को सरकार के पूर्ण समर्थन का भरोसा दिलाया है। उन्होंने रविवार कहा कि सरकार आईटी उद्योग की वृद्धि तथा एक दशक में सेवाओं के निर्यात को 1,000 अरब डॉलर पर पहुंचाने के लिए पूरा समर्थन देगी।
उन्होंने कहा कि देश चालू वित्त वर्ष में 400 अरब डॉलर का निर्यात लक्ष्य हासिल करने की ओर अग्रसर है। वहीं सेवाओं का निर्यात 240 से 250 अरब डॉलर रहेगा। आईटी उद्योग के दिग्गजों के साथ वर्चुअल बैठक में गोयल ने कहा, ‘हम 1,000 अरब डॉलर पर पहुंच सकते हैं। यह एक लक्ष्य है, मिशन है। यदि आप।,000 अरब डॉलर के आंकड़े को तेजी से पार करते हैं, तो मुझे खुशी होगी।’ 

उन्होंने आईटी उद्योग के दूसरी और तीसरी श्रेणी के शहरों में आईटी केंद्र शुरू करने के प्रस्ताव का स्वागत किया। उन्होंने कहा कि कंपनियां शहरों की पहचान करें और य केंद्र उन्हें आवश्यक बुनियादी ढांचा और सुविधाएं विकसित करने में मदद करेंगे।
वाणिज्य एवं उद्योग मंत्रालय ने बयान में कहा कि गोयल ने आईटी उद्योग की शीर्ष कंपनियों के कार्यकारियों को सरकार के पूरे समर्थन का भरोसा दिलाया है। उन्होंने कहा कि एक दशक में सेवाओं के निर्यात को 1,000 अरब डॉलर पर पहुंचाने के लिए सरकार पूरा समर्थन देगी।

गोयल ने उद्योग को उच्च प्रौद्योगिकी वाले उत्पादों पर ध्यान केंद्रित करने को कहा। उन्होंने कहा कि सरकार क्षेत्र की हर जरूरत को पूरा करेगी। इस वर्चुअल बैठक में नैस्कॉम की अध्यक्ष देवयानी घोष, इन्फोसिस के सीईओ सलिल पारेख, टेक महिंद्रा के सीईओ और प्रबंध निदेशक सी पी गुरनानी, एम्फैसिस के सीईओ नितिन राकेश, विप्रो के चेयरमैन ऋषद प्रेमजी, जेनपैक्ट के सीईओ एन वी त्यागराजन, डब्ल्यूएनएस ग्लोबल सर्विसेज ग्रुप के सीईओ केशव आर मुरुगेश और टीसीएस के अध्यक्ष और कारोबार तथा प्रौद्योगिकी सेवा प्रमुख कृष्णन रामानुजम भी शामिल हुए।

First Published : January 16, 2022 | 11:06 PM IST