facebookmetapixel
Advertisement
FASTag के बाद अब GPS से कटेगा टोल, 1 अप्रैल से बड़ा बदलाव! क्या आपकी लोकेशन होगी ट्रैक?अमेरिकी टैरिफ में बदलाव के प्रभाव पर टिप्पणी करना अभी जल्दबाजी होगी : सीतारमणApparel Retail sector: त्योहार भी नहीं बचा पाए रिटेल सेक्टर को! बिक्री गिरी, VMart क्यों बना फेवरेट?IDFC फर्स्ट बैंक में 590 करोड़ की गड़बड़ी, क्या सुरक्षित है आपका पैसा? बैंक के CEO ने कही ये बातजेफरीज से IT स्टॉक्स को तगड़ा झटका! 6 दिग्गज शेयर हुए डाउनग्रेड, 33% तक घटाया टारगेटShree Ram Twistex IPO सब्सक्राइब करने के लिए खुला, ग्रे मार्केट में 5% प्रीमियम; निवेश करें या नहीं?Cement sector: हाउसिंग कमजोर, फिर भी सीमेंट की डिमांड मजबूत, क्या है बड़ा ट्रिगर? जान लें ब्रोकरेज की रायMexico Cartel Leader Killed: ड्रग किंग के मारे जाते ही मेक्सिको में हाहाकार, भारतीयों को घरों में रहने की सलाह₹590 करोड़ धोखाधड़ी से हिला IDFC First Bank, शेयर 20% लोअर सर्किट पर; क्या है मामला?Clean Max Enviro IPO सब्स्क्रिप्शन के लिए खुला, अप्लाई करना चाहिए या नहीं? ब्रोकरेज ने ये दी सलाह

अदाणी समूह ने श्रीलंका में पवन ऊर्जा परियोजना रद्द होने की खबरों को बताया निराधार

Advertisement

परियोजना के टैरिफ का पुनर्मूल्यांकन मानक प्रक्रिया का हिस्सा, अदाणी समूह का हरित ऊर्जा क्षेत्र में 1 अरब डॉलर निवेश का वादा

Last Updated- January 24, 2025 | 10:39 PM IST
Adani Group

अदाणी समूह ने श्रीलंका में अदाणी ग्रीन एनर्जी की पवन ऊर्जा परियोजना को रद्द किए जाने की खबरों का खंडन किया है। समूह ने शुक्रवार को कहा कि परियोजना के लिए दरों का मानक प्रक्रिया के तहत पुन: मूल्यांकन किया जा रहा है। एएफपी ने श्रीलंका के ऊर्जा मंत्रालय के सूत्रों का हवाला देते हुए बताया था कि द्वीप देश ने भ्रष्टाचार के आरोपों के कारण अदाणी समूह के साथ बिजली खरीद समझौते को रद्द कर दिया है।

हालांकि अदाणी समूह के एक अधिकारी ने इन खबरों को निराधार करार दिया है। अधिकारी ने शुक्रवार को मीडिया को भेजे एक बयान में कहा, ‘ऐसी खबरें सामने आईं थीं कि मन्नार और पूनरिण में अदाणी की 484 मेगावॉट क्षमता की पवन विद्युत परियोजनाएं रद्द कर दी गई हैं। ये खबरें झूटी और निराधार हैं।’

बयान में कहा गया, ‘हम स्पष्ट रूप से कह रहे हैं कि परियोजना को रद्द नहीं किया गया है।’ उन्होंने कहा, ‘मई 2024 में स्वीकृत टैरिफ का पुनर्मूल्यांकन करने के लिए 2 जनवरी को श्रीलंकाई कैबिनेट का निर्णय एक मानक समीक्षा प्रक्रिया का हिस्सा है (विशेष रूप से एक नई सरकार के साथ)।’

समूह के बयान में कहा गया है, ‘अदाणी समूह श्रीलंका के हरित ऊर्जा क्षेत्र में 1 अरब डॉलर निवेश करने, अक्षय ऊर्जा और आर्थिक विकास को बढ़ावा देने के लिए प्रतिबद्ध बना हुआ है।’ अदाणी समूह जॉन कील्स और श्रीलंका पोर्ट अथॉरिटी के साथ साझेदारी में कोलंबो में एक कंटेनर टर्मिनल भी बना रहा है।

यह पहली बार नहीं है जब यह परियोजना सुर्खियों में आई है। वर्ष 2022 में, बिना किसी निविदा प्रक्रिया के अदाणी ग्रीन एनर्जी को पवन ऊर्जा परियोजनाएं दिए जाने पर श्रीलंका में राजनीतिक विवाद पैदा हुआ था। उसके एक साल बाद, सितंबर 2023 में श्रीलंका के विद्युत एवं ऊर्जा मंत्रालय ने अदाणी ग्रीन एनर्जी लिमिटेड (एजीईएल) को दी गई पवन ऊर्जा परियोजनाओं को श्रीलंका और भारत के बीच ‘सरकार-से-सरकार’ सौदे के रूप में वर्गीकृत करने के लिए कैबिनेट स्तर का ज्ञापन पेश किया था।

Advertisement
First Published - January 24, 2025 | 10:39 PM IST

संबंधित पोस्ट

Advertisement
Advertisement
Advertisement