भंडारण में बड़ा निवेश करेगी ग्रीनको

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बीएस संवाददाता
Last Updated- December 11, 2022 | 11:06 PM IST

ग्रीनको एनर्जी होल्डिंग्स के स्वामित्व वाली सहायक इकाइयों का एक प्रतिबंधित समूह ग्रीनको पावर 2 लिमिटेड (जीपीएल) ने अपनी परियोजना स्तर के ऋण को नए सिरे से वित्त पोषण करने के लिए डॉलर बॉन्ड के जरिये रकम जुटाने की योजना बनाई है। समूह 2.4 गीगावॉट कुल क्षमता के साथ भंडारण आधारित एकीकृत अक्षय ऊर्जा परियोजनाओं में 2 अरब डॉलर का निवेश कर सकता है।
ग्रीनको देश की एक अग्रणी अक्षय ऊर्जा कंपनी है जिसकी परिचालन क्षमता 5.2 गीगावॉट है। देश के 14 राज्यों में कंपनी की 138 परियोजनाएं हैं। जीपीएल डॉलर बॉन्ड से जुटाई गई रकम का उपयोग सहायक इकाइयों के वित्त पोषण में करेगी। कंपनी परिचालन सहायक इकाइयों को रुपये में ऋण उपलब्ध कराएगी ताकि उनका परिचालन सुचारु हो सके। इन परिचालन सहायक इकाइयों में उसकी कोई शेयर हिस्सेदारी नहीं है। परिचालन सहायक इकाइयों में शेयर हिस्सेदारी ग्रीनको के पास है।
ग्रीनको में सिंगापुर के सॉवरिन वेल्थ फंड जीआईसी की 55.5 फीसदी हिस्सेदारी है। उसके अन्य शेयरधारकों में अबू धाबी इन्वेस्टमेंट अथॉरिटी (एडीआईए) और ओआरआईएक्स कॉरपोरेशन शामिल हैं। जीआईसी और एडीआईए ने ग्रीनको में 75 करोड़ डॉलर के निवेश के लिए प्रतिबद्धता जताई है ताकि उसे अक्षय ऊर्जा भंडारण क्षेत्र में अधिग्रहण और विस्तार करने में मदद मिल सके।
समूह का समेकित शुद्ध लीवरेज वित्त वर्ष 2024 तक करीब 6 गुना बरकरार रहने के आसार हैं क्योंकि उसने भंडारण परियोजनाओं पर निर्माण कार्य शुरू कर दिया है। एबिटा के मोर्चे पर इसका फायदा वित्त वर्ष 2024 तक ही दिखेगा। वित्त वर्ष 2021 में ग्रीनका का शुद्ध लीवरेज 9.2 गुना रहा जो वित्त वर्ष 2020 में 6.8 गुना रहा था। इसकी मुख्य वजह 940 मेगावॉट की परिसंपत्तियों का अधिग्रहण है जिसमें मार्च 2021 में पूरा हुआ ओरिक्स का अधिग्रहण भी शामिल है। पूरे साल के दौरान अधिग्रहीत परिसंपत्तियों के एबिटा को वित्त वर्ष 2021 के एबिटा में समायोजित करने के बाद लीवरेज करीब 7.7 गुना होगा।
जुलाई 2021 के अंत तक ग्रीनको के पास 55.2 करोड़ डॉलर की नकदी उपलब्ध थी जबकि मौजूदा ऋण परिपक्वता 48.3 करोड़ डॉलर थी जिसमें 9.2 करोड़ डॉलर का कार्यशील पूंजी ऋण भी शामिल है।

First Published : December 2, 2021 | 11:35 PM IST