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गो फर्स्ट के पट्टे पर दिए गए विमानों में लगी जंग और काई, दुबई एरोस्पेस ने जताई चिंता

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फिलहाल पट्टादाताओं को गो फर्स्ट के ठप पड़े विमानों का कभी-कभार निरीक्षण करने की ही इजाजत है।

Last Updated- September 14, 2023 | 10:42 PM IST
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दुबई एरोस्पेस एंटरप्राइज (डीएई) कैपिटल ने अदालत को बताया है कि दिवालिया विमानन कंपनी गो फर्स्ट को पट्टे पर दिए गए एक विमान के कुछ हिस्सों पर जंग लगने और काई जैसा कुछ जमने का पता चला है। इससे पहले एक अन्य पट्टादाता ने पुर्जे गायब होने की शिकायत की थी।

मई में भारतीय विमानन कंपनी को दिवालिया संरक्षण दिए जाने के बाद विदेशी पट्टादाता कंपनियां अपने विमानों को वापस लेने के लिए कानूनी लड़ाई कर रही हैं। विमानन कंपनी की परिसंपत्ति प्रतिबंधित कर दी गई थी, जिससे ठप पड़े 50 से अधिक एयरबस विमानों को पाने का रास्ता अवरुद्ध हो गया।

फिलहाल पट्टादाताओं को गो फर्स्ट के ठप पड़े विमानों का कभी-कभार निरीक्षण करने की ही इजाजत है। इन विमानों के संबंध में ही डीएई जैसी पट्टादाताओं ने दावा किया है कि उनका रखरखाव ठीक से नहीं किया जा रहा है। 6 सितंबर को दाखिल एक आवेदन में यह सुनिश्चित करने की मांग की गई थी कि विमानन कंपनी रखरखाव कर रही है।

इसमें डीएई ने दिल्ली उच्च न्यायालय को कुछ तस्वीरें पेश की थी, जिनमें विमान के हिस्सों में जंग लगा हुआ दिखाया गया है। कंपनी का कहना है कि विमान खराब होता रहेगा, जिसके परिणामस्वरूप उसके मूल्य में काफी गिरावट आ जाएगी।
गो फर्स्ट ने टिप्पणी के अनुरोध का जवाब नहीं दिया।

इस महीने की शुरुआत में पट्टादाता एसीजी एयरक्राफ्ट लीजिंग ने एक अदालत से अनुरोध किया था कि वह विमानन कंपनी को पट्टे पर दिए गए विमानों से गायब हुए पुर्जों को बदलने का निर्देश दे और उसे जमीन पर खड़े विमानों की सुरक्षा के लिए चौबीसों घंटे सुरक्षा नियुक्त करने की अनुमति दे।

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First Published - September 14, 2023 | 10:42 PM IST

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