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अदाणी टोटल गैस लिमिटेड ने घरों में खाना पकाने और ईंधन के रूप में उद्योग को बेचे जाने वाली प्राकृतिक गैस में प्रायोगिक तौर पर हरित हाइड्रोजन का मिश्रण शुरू कर दिया है। उद्योगपति गौतम अदाणी का समूह और फ्रांसीसी ऊर्जा कंपनी टोटल एनर्जीज की संयुक्त उद्यम कंपनी ने मंगलवार को एक बयान में कहा कि हरित हाइड्रोजन का गैस में मिश्रण धीरे-धीरे बढ़ाकर आठ प्रतिशत तक किया जाएगा।
इसमें कहा गया, “परियोजना के हिस्से के रूप में एटीजीएल गुजरात के अहमदाबाद में 4,000 से अधिक आवासीय और वाणिज्यिक ग्राहकों के लिए प्राकृतिक गैस के साथ हरित हाइड्रोजन (जीएच2) को मिश्रित करने के लिए नवीनतम तकनीकों का उपयोग करेगी।”
हरित हाइड्रोजन का उत्पादन नवीकरणीय ऊर्जा का उपयोग कर ‘इलेक्ट्रोलाइसिस’ प्रक्रिया के जरिये पानी के अणुओं को हाइड्रोजन और ऑक्सीजन गैस में विभाजित कर किया जाता है। जलती हुई गैस की तुलना में हाइड्रोजन मिश्रण में कार्बन की मात्रा कम होती है लेकिन इसमें तापन क्षमता समान होती है।
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बयान में कहा गया, “पायलट परियोजना के वित्त वर्ष 2024-25 की पहली तिमाही (अप्रैल, 2024 से मार्च, 2025) तक चालू होने की उम्मीद है और नियामकीय मंजूरियों के आधार पर मिश्रण में हरित हाइड्रोजन का प्रतिशत धीरे-धीरे 8 प्रतिशत या उससे अधिक तक किया जाएगा।”
एटीजीएल के मुख्य कार्यपालक अधिकारी (सीईओ) सुरेश पी मंगलानी ने कहा, “हम पयार्वरण की दृष्टि से टिकाऊ संचालन के निर्माण के लिए प्रतिबद्ध हैं। यह परियोजना वर्ष 2047 तक भारत को ऊर्जा स्वतंत्र देश के रूप में स्थापित करने के लिए देश में बुनियादी ढांचा निर्माण के प्रति हमारे समर्पण को प्रदर्शित करता है। यह परियोजना हमारे कार्बन उत्सर्जन को कम करने में महत्वपूर्ण योगदान देगी।’’
एटीजीएल के पास 38 भौगोलिक क्षेत्रों (जीए) में वाहनों के लिए सीएनजी, घरों में पाइप के जरिये रसोई गैस तथा उद्योगों के लिए पाइपलाइन गैस की खुदरा बिक्री का लाइसेंस है।
कंपनी का गुजरात में अहमदाबाद और वडोदरा, हरियाणा में फरीदाबाद और उत्तर प्रदेश में बुलंदशहर के खुर्जा में पूर्ण शहरी गैस वितरण नेटवर्क है। इसके अलावा, इलाहाबाद, चंडीगढ़, एर्नाकुलम, पानीपत, दमन, धारवाड़ और उधमसिंह नगर गैस वितरण का विकास अदाणी टोटल गैस लिमिटेड और इंडियन ऑयल कॉरपोरेशन लिमिटेड के एक समूह को सौंपा गया है।