कंपनियां

Adani green Energy ने $600 मिलियन जुटाने की योजना को वापस लिया, अमेरिका में केस लगने के बाद लिया फैसला

अमेरिकी अटॉर्नी के कार्यालय का कहना है कि अभियोग में केवल आरोप शामिल हैं और प्रतिवादियों को तब तक निर्दोष माना जाएगा जब तक कि वे दोषी साबित न हो जाएं।

Published by
बीएस वेब टीम   
Last Updated- November 21, 2024 | 12:59 PM IST

अदाणी ग्रीन एनर्जी (Adani Green Energy) ने गुरुवार (21 नवंबर) को अमेरिकी डॉलर बांड के जरिए 600 मिलियन डॉलर जुटाने की अपनी योजना को वापस ले लिया।

अमेरिकी अभियोजकों (prosecutors) की तरफ से गौतम अदाणी और बोर्ड के अन्य सदस्यों पर 250 मिलियन डॉलर की रिश्वत स्किम में शामिल होने के आरोपो के बाद कंपनी ने यह फैसला किया है।

इस संबंध में अमेरिकी सिक्योरिटीज एवं एक्सचेंज कमीशन (SEC) और अमेरिकी जस्टिस विभाग (डीओजे) दोनों ने न्यूयॉर्क के अमेरिकी जिला न्यायालय में मुकदमा दायर किया है।

एसईसी ने अदाणी ग्रुप के बोर्ड के सदस्यों गौतम अदाणी और सागर अदाणी के खिलाफ एक नागरिक कार्रवाई दायर की है। जबकि जस्टिस विभाग ने आपराधिक अभियोग जारी किया है। इसके अलावा, आपराधिक आरोप में बोर्ड के एक अन्य सदस्य विनीत जैन का भी नाम है।

इन कानूनी कार्यवाहियों को देखते हुए अदाणी ग्रीन एनर्जी की सहायक कंपनियों ने यूएसडी-मूल्य वाले बांड की बिक्री को अस्थायी रूप से रोकने का फैसला किया है।

अदाणी ग्रीन ने क्या कहा ?

अदाणी ग्रीन ने 21 नवंबर को बीएसई एक्सचेंज फाईलिंग में कहा, “अमेरिका के जस्टिस विभाग और सिक्योरिटीज एवं एक्सचेंज कमीशन ने बोर्ड सदस्यों गौतम अडाणी और सागर अदाणी के खिलाफ आपराधिक अभियोग जारी किया है। नागरिक शिकायत भी दर्ज की गई है। इसे देखते हुए हमारी सहायक कंपनियों ने वर्तमान में प्रस्तावित यूएसडी-मूल्य वाले बांड की पेशकश के साथ आगे नहीं बढ़ने का फैसला किया है।’

वहीं, अमेरिकी अटॉर्नी के कार्यालय का कहना है कि अभियोग में केवल आरोप शामिल हैं और प्रतिवादियों को तब तक निर्दोष माना जाएगा जब तक कि वे दोषी साबित न हो जाएं।

First Published : November 21, 2024 | 11:36 AM IST