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AI इन्फ्रा पर दिग्गजों का दांव, तीसरे दिन डेटा सेंटर से लेकर समुद्री केबल तक में निवेश के वादे

ये घोषणाएं ग्लोबल साउथ पर केंद्रित थीं और भारत को एआई विस्तार के अगले चरण के केंद्र  में रखा गया

Published by
आशीष आर्यन   
उदिशा श्रीवास्तव   
शिवानी शिंदे   
Last Updated- February 18, 2026 | 10:37 PM IST

एआई इम्पैक्ट समिट के तीसरे दिन वै​श्विक एआई जमात के केंद्र में खुद को स्थापित करने की भारत की को​शिश पर सबकी नजर रही। इस दौरान तकनीकी क्षेत्र की दिग्गज कंपनियों ने निवेश प्रतिबद्धताओं, सीमापार साझेदारी और बुनियादी ढांचे में विस्तार से जुड़ी बड़ी घोषणाएं कीं। ये घोषणाएं ग्लोबल साउथ पर केंद्रित थीं और भारत को एआई विस्तार के अगले चरण के केंद्र  में रखा गया।

दिग्गज सॉफ्टवेयर कंपनी माइक्रोसॉफ्ट ने आज कहा कि कंपनी ग्लोबल साउथ के देशों में आर्टिफिशल इंटेलिजेंस (एआई) बुनियादी ढांचे और क्षमता निर्माण के लिए इस दशक के आखिर तक 50 अरब डॉलर के निवेश की राह पर अग्रसर है।

गूगल ने भारत-अमेरिका कनेक्ट पहल की घोषणा की। इसके तहत एक नया सब-सी केबल मार्ग तैयार होगा जो अमेरिका, भारत और दक्षिणी गोलार्ध के कई स्थानों के बीच एआई कनेक्टिविटी को बेहतर करेगा। गूगल के सीईओ सुंदर पिचाई ने आज प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से भी मुलाकात की।

लार्सन ऐंड टुब्रो (एलऐंडटी) और एनवीडिया ने एक गीगावॉट-स्तर की एआई फैक्टरी स्थापित करने संबंधी योजनाओं की घोषणा की है। यह इस क्षेत्र में एआई कंप्यूट की एक सबसे बड़ी बुनियाद स्थापित किए जाने का संकेत है।

योट्टा डेटा सर्विसेज ने एनवीडिया से 40,000 जीपीयू खरीदने के लिए 4 अरब डॉलर के अतिरिक्त निवेश योजना का खुलासा किया।

माइक्रोसॉफ्ट के वाइस चेयरमैन और अध्यक्ष ब्रैड स्मिथ ने कहा कि ग्लोबल नॉर्थ और ग्लोबल साउथ के बीच काफी अंतर है। मगर एआई इस अंतर को कम करने में मदद कर सकती है ताकि ग्लोबल साउथ भी आर्थिक वृद्धि में बराबरी कर सके। ​

स्मिथ ने कहा, ‘हमें उस तरह का बुनियादी ढांचा तैयार करना होगा जिसकी ग्लोबल साउथ को वास्तव में जरूरत है। हमें डेटा सेंटर, कनेक्टिविटी और बिजली जैसे बुनियादी ढांचे पर जोर देना होगा। इसलिए सत्य नडेला ने घोषणा की थी कि माइक्रोसॉफ्ट भारत में 17 अरब डॉलर खर्च करेगी। हम इस दशक के आखिर तक यहां एआई लाने के लिए 50 अरब डॉलर खर्च करने की दिशा में अग्रसर हैं।’

गूगल के पिचाई ने यह भी कहा कि बुनियादी ढांचे में निवेश के साथ-साथ लोगों को कौशल सिखाने पर भी ध्यान केंद्रित किया जाना चाहिए। पिचाई ने कहा, ‘यही वजह है कि हम यहां अपने एक सबसे बड़े कौशल कार्यक्रम की घोषणा कर रहे हैं। इसमें नया गूगल एआई फंक्शन सर्टिफिकेट प्रोग्राम शामिल है जो लोगों को कामकाज के लिए एआई कुशल बनने में मदद करता है।’ गूगल भारत में छात्रों तक पहुंचने के लिए वाधवानी एआई के साथ काम करेगी।

एनवीडिया के संस्थापक एवं सीईओ जेन्सेन हुआंग ने कहा कि यह साझेदारी विश्वस्तरीय एआई बुनियादी ढांचे की नींव रखेगी जो भारत की वृद्धि को रफ्तार देगी और इंडिया एआई के दृ​ष्टिकोण को पूरा करने में मदद करेगी।

First Published : February 18, 2026 | 10:33 PM IST