अधिकारियों ने आज कहा कि कल आधी रात के दौरान जब आत्मघाती हमलावर को इमामबाड़ा जा रहे जुलूस में घुसने से रोका गया तो उसने खुद को उड़ा लिया ।
उन्होंने कहा कि इस हमले में 23 लोगों की मौत हो गई और 68 घायल हो गए।
मुहर्रम के महीने में निकाले जाने वाले शिया जुलूस को अकसर निशाना बनाया जाता है । इससे पहले भी इमामबाड़े के पास दो विस्फोट किए गए हैं जिनमें दो लोगों की मौत हो गई थी और सुरक्षा बलों और मीडियाकर्मियों समेत 16 लोग धायल हो गए थे ।
संदिग्ध हमलावर कीे मोटरसाइकिल एक ऑटोरिक्शा से टकराने के कारण उसपर लदे विस्फोटक में धमाका हो गया ।
बम विस्फोट स्थल पर बचावकर्मियों और सुरक्षाकर्मियों के एकत्रित होने के बाद एक देशी बम विस्फोट हुआ जिसमें और लोग घायल हो गए ।
पाकिस्तानी तालिबान ने रावलपिंडी और कराची मेें हुए हमलों की जिम्मेदारी ली है।
तालिबान के एक प्रवक्ता ने मीडिया को बताया कि आतंकवादियों का शियाओं के साथ आस्था का टकराव है। प्रवक्ता ने अल्पसंख्यकों को ईशनिंदक करार देते हुए कहा कि तालिबान उनको निशाना बनाता रहेगा।
इस बीच आतंकवादियों ने कल पश्चिमोत्तर क्षेत्र स्थित बन्नू में एक वरिष्ठ अधिकारी सहित चार पुलिसकर्मियों की गोली मारकर हत्या कर दी। वहीं दक्षिण पश्चिम क्वेटा में कल सुरक्षा बलों के एक वाहन को निशाना बनाकर सड़क किनारे बम विस्फोट में पांच व्यक्ति मारे गए और 20 अन्य घायल हो गए।
इन हमलों के बाद अधिकारियों ने आज आयोजित होने वाले विकासशील आठ सम्मेलन के लिए सुरक्षा बढ़ा दी। इस सम्मेलन में ईरान, मलेशिया, नाइजीरिया, तुर्की, बांग्लादेश और इंडोनेशिया हिस्सा ले रहे हैं।