facebookmetapixel
Advertisement
सुप्रीम कोर्ट का प्रस्ताव: अदालतों में होगा AI का इस्तेमाल, लेकिन सीमाओं के साथ तीन दिन देरी से केरल पहुंचा मॉनसून, अल नीनो के असर से कमजोर वर्षा की आशंका बढ़ीपश्चिम एशिया संकट के बीच ईरान से 2,557 लोग सुरक्षित निकाले गए: विदेश मंत्रालयभारत-वेनेजुएला ऊर्जा साझेदारी मजबूत करने की दिशा में कदम, तेल सप्लाई और खनिज सहयोग पर बढ़ी बातचीतEditorial: क्रेडिट स्कोर से परे, भारत के खुदरा ऋण बाजार में बड़ा बदलावMSMEs की महत्वाकांक्षाओं को न दबाएं: मानकों से समझौता किए बिना अनुपालन को सरल बनाना जरूरीभारत का तेल व्यापार घाटा: मांग पर नियंत्रण और खपत में संतुलन की जरूरतभारत के IPO बाजार में विदेशी कंपनियों की लिस्टिंग से बढ़ा OFS का दबदबा, अरबों डॉलर बाहर जाने का रुझानखुदरा निवेश तंत्र को और व्यापक बनाएंगे छोटे-मझोले शहर: ऐंजल वन ग्रुप सीईओ अंबरीश केंगेNSDL और CDSL के टेक्नोलॉजी खर्च में तेज उछाल, डीमैट सिस्टम के विस्तार से बढ़ा दबाव

SEBI की मंजूरी: MCX को कोल एक्सचेंज कंपनी में निवेश की अनुमति, ऊर्जा बाजार में बढ़ेगा दायरा

Advertisement

सका मकसद कोयले की खरीद-बिक्री के लिए नियमन वाला एक ऐसा पारदर्शी और टेक्नॉलजी -आधारित बाजार मंच तैयार करना है

Last Updated- April 20, 2026 | 10:37 PM IST
MCX

भारतीय प्रतिभूति एवं विनिमय बोर्ड (सेबी ) ने मल्टी-कमोडिटी एक्सचेंज (एमसीएक्स) को प्रस्तावित कोयला एक्सचेंज कंपनी में निवेश करने की मंजूरी दे दी है। एमसीएक्स एक नई सहायक कंपनी योजना बना रहा है, जिसका नाम संभवतः एमसीएक्स कोल एक्सचेंज होगा।

एक्सचेंज ने एक बयान में कहा, नई इकाई के जरिये कोयला क्षेत्र में कदम रखने से एमसीएक्स की ऊर्जा क्षेत्र में मौजूदगी और भी व्यापक हो जाएगी। इसका मकसद कोयले की खरीद-बिक्री के लिए नियमन वाला एक ऐसा पारदर्शी और टेक्नॉलजी -आधारित बाजार मंच तैयार करना है, जो देश में कोयले की कीमतों के निर्धारण को ज्यादा कुशल और मजबूत बनाने में मदद करे।

एमसीएक्स की शुरू में अपनी सहायक कंपनी में 100 फीसदी हिस्सेदारी होगी। भविष्य में इसमें रणनीतिक साझेदार भी शामिल हो सकते हैं। कोल एक्सचेंज के मसौदा नियमों के अनुसार न्यूनतम नेटवर्थ की शर्तों को पूरा करने के लिए एमसीएक्स ने 100 करोड़ रुपये तक की पूंजी का वादा किया है।

एमसीएक्स ने बताया कि नई कंपनी तय समय पर भारत के कोयला नियंत्रक संगठन के पास आवेदन देगी। इससे पहले, नैशनल स्टॉक एक्सचेंज (एनएसई) को कंपनी मामलों के मंत्रालय (एमसीए) से नैशनल कोल एक्सचेंज नाम की मंजूरी मिली है। उसे सेबी ने भी कोयला एक्सचेंज में निवेश के लिए मंजूरी दे दी है।

एनएसई ने शुरुआती तौर पर 100 करोड़ रुपये तक की पूंजी लगाने का वादा किया है। इस संस्था में उसकी 60 फीसदी हिस्सेदारी होगी जबकि बाकी 40 फीसदी हिस्सेदारी दूसरे शेयरधारकों को दी जाएगी। सूत्रों के मुताबिक, एक्सचेंज करीब आधा दर्जन ऐसी संस्थाओं से बातचीत कर रहा है, जो इस कोल एक्सचेंज में साझेदार बन सकती हैं।

Advertisement
First Published - April 20, 2026 | 10:10 PM IST

संबंधित पोस्ट

Advertisement
Advertisement
Advertisement