बाजार

पश्चिम एशिया में तनाव बढ़ने से ट्रैवल कंपनियों को झटका, निफ्टी टूरिज्म इंडेक्स 3.34% की गिरावट

ट्रैवल कंपनियों ने कहा कि वे इस क्षेत्र की स्थिति पर लगातार नजर रख रही हैं, जो भारत के यात्रा बाजार का एक प्रमुख हिस्सा है

Published by
अक्षरा श्रीवास्तव   
गुलवीन औलख   
Last Updated- March 02, 2026 | 10:43 PM IST

पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव के बाद यात्रा और पर्यटन क्षेत्रों से जुड़ी कंपनियां सबसे पहले प्रभावित होने वालों में से थीं, जिनमें से अधिकांश सूचीबद्ध कंपनियों के शेयरों के साथ-साथ निफ्टी टूरिज्म इंडेक्स में भी बीएसई सेंसेक्स की तुलना में कहीं ज्यादा यानी 3.34 फीसदी गिरावट दर्ज की गई जबकि सेंसेक्स में 1.29 फीसदी की नरमी देखने को मिली।

ट्रैवल कंपनियों ने कहा कि वे इस क्षेत्र की स्थिति पर लगातार नजर रख रही हैं, जो भारत के यात्रा बाज़ार का एक प्रमुख हिस्सा है। संयुक्त अरब अमीरात और सऊदी अरब दो अग्रणी यात्रा बाज़ारों में शामिल हैं, जिनकी 2025 में कुल 3.27 करोड़ विदेशी यात्रियों में 36.6 फीसदी हिस्सेदारी रही। पर्यटन मंत्रालय के आंकड़ों के अनुसार, पिछले वर्ष करीब 86 लाख लोगों ने संयुक्त अरब अमीरात और 34 लाख लोगों ने सऊदी अरब की यात्रा की।

फेडरेशन ऑफ एसोसिएशंस इन इंडियन टूरिज्म ऐंड हॉस्पिटैलिटी (एफएआईटीएच) के बोर्ड सदस्य अनिल कल्सी ने कहा, दुर्भाग्यवश यात्रा सबसे पहले प्रभावित हुई है और बड़े पैमाने पर उड़ानें रद्द हो गई हैं। इस संघर्ष की घड़ी में सुरक्षा सर्वोपरि है। हम आशा करते हैं कि संघर्ष जल्द ही समाप्त हो जाएगा ताकि दुनिया और विमानन क्षेत्र में सामान्य स्थिति लौट सके।

सोमवार को बाजार खुलने के बाद बीएसई पर यात्रा ऑनलाइन, इजमाईट्रिप, थॉमस कुक इंडिया और एक्सिगो समेत कई कंपनियों के शेयरों में गिरावट दर्ज की गई। बाजार की अग्रणी कंपनी मेकमाईट्रिप नैस्डेक पर सूचीबद्ध है, जो भारतीय समयानुसार सोमवार शाम 7 बजे तक खुला नहीं था।

नियमित और लगातार अपडेट प्रदान करने के लिए एयरलाइंस के साथ काम करते हुए ट्रैवल एग्रीगेटर्स ने अपने ग्राहक सहायता प्रणालियों और कर्मचारियों को मजबूत किया है, जिनमें वे लोग भी शामिल हैं जो क्षेत्र में हमलों से प्रभावित क्षेत्रों में फंसे हुए हैं।

मेक माई ट्रिप के प्रवक्ता ने कहा, यह बदलती हुई स्थिति है। हम अपने एयरलाइन भागीदारों के साथ मिलकर काम कर रहे हैं ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि यात्रियों को एयरलाइंस द्वारा जारी नवीनतम सलाह और आधिकारिक सूचनाओं के अनुसार समय पर अपडेट प्राप्त हों।

प्रवक्ता ने कहा, चौबीसों घंटे चलने वाले ग्राहक सहायता केंद्र के साथ कंपनी ने यात्रियों की सहायता के लिए अपनी क्षमता को ढाई गुना बढ़ा दिया है। उन्होंने कहा, बेहतर मानवीय सहायता के अलावा हम सूचनाओं के त्वरित प्रसार को सुनिश्चित करने के लिए आर्टिफिशल इंटेलिजेंस (एआई) का उपयोग कर रहे हैं।

पश्चिम एशिया क्षेत्र में या उसके माध्यम से निकट भविष्य में यात्रा करने के लिए बुकिंग कराने वाले बड़ी संख्या में यात्री अपनी यात्रा योजनाओं को स्थगित करने का विकल्प चुन रहे हैं। कंपनी ने कहा, हम संबंधित एयरलाइनों द्वारा जारी नीतियों के अनुसार तारीख में बदलाव का समर्थन कर रहे हैं।

क्लियरट्रिप के एक प्रवक्ता ने कहा, पश्चिम एशिया में बदलती भू-राजनीतिक स्थिति के कारण इस क्षेत्र से होकर गुजरने वाली एयरलाइनों ने अस्थायी रूप से उड़ानें रद्द कर दी हैं और समय-सारणी में बदलाव किए हैं, जिससे कई अंतरराष्ट्रीय मार्गों पर भारी असर पड़ा है। क्लियरट्रिप में हमारा तत्काल ध्यान अपने ग्राहकों की सहायता पर है।

हमने रद्द करने, धनवापसी और यात्रा कार्यक्रम में बदलाव के लिए प्राथमिकता वाली सहायता लाइनें और सहायता सेवाएं सक्रिय कर दी हैं। हम समय पर अपडेट और हर संभव विकल्प उपलब्ध कराने के लिए एयरलाइनों के साथ मिलकर काम कर रहे हैं।

हम स्थिति पर बारीकी से नजर रखेंगे और आधिकारिक सलाह के अनुसार कार्रवाई करेंगे। उन्होंने यह भी कहा कि कंपनी ने किसी भी तरह की परेशानी से निपटने के लिए अपने अंतरराष्ट्रीय कॉल सेंटरों की क्षमता बढ़ा दी है।

वीजा और पासपोर्ट आउटसोर्सिंग फर्म बीएलएस इंटरनैशनल ने सोमवार को आवेदकों को मौजूदा संकट के कारण अप्वाइंटमेंट कार्यक्रम, प्रसंस्करण की समय-सीमा या वीजा आवेदन केंद्र के संचालन में अस्थायी समायोजन के बारे में सचेत किया।

आवेदकों को सलाह देते हुए कि वे अपने स्थानीय अधिकारियों द्वारा जारी आधिकारिक यात्रा सलाहों पर नियमित रूप से नजर रखें, उन्होंने बताया कि प्रभावित क्षेत्रों की यात्रा से बचना चाहिए, जब तक कि यह आवश्यक न हो।

इंडियन एसोसिएशन ऑफ टूर ऑपरेटर्स (आईएटीओ) के अध्यक्ष रवि गोसाईं ने कहा, पश्चिम एशिया के कुछ हिस्सों में बदलती भू-राजनीतिक स्थिति और परिचालन संबंधी बाधाओं के कारण हम बुकिंग रद्द होने और पुनर्निर्धारण अनुरोधों में उल्लेखनीय वृद्धि देख रहे हैं।

First Published : March 2, 2026 | 10:15 PM IST