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जल्द भारत लाया जा सकता है नीरव मोदी

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Last Updated- December 12, 2022 | 7:47 AM IST

पंजाब नैशनल बैंक से करीब दो अरब डॉलर की धोखाधड़ी के मामले में जालसाजी और धनशोधन के आरोपों पर भारत में वांछित हीरा कारोबारी नीरव मोदी गुरुवार को प्रत्यर्पण के खिलाफ अपना मुकदमा हार गया। इससे उसे धोखाधड़ी और धनशोधन के आरोपों का सामना करने के लिए भारत प्रत्यर्पित किया जा सकता है। अब प्रत्यर्पण का आदेश मंजूर करने के लिए ब्रिटेन की गृह मंत्री प्रीति पटेल के पास यह मामला जाएगा, जो इस पर निर्णय करेंगी। ब्रिटेन की एक अदालत के न्यायाधीश ने कहा कि उसके खिलाफ एक मामला है जिसमें उसे भारतीय अदालतों के समक्ष पेश होना है। इस बीच विदेश मंत्रालय ने कहा कि भगोड़े नीरव मोदी के शीघ्र प्रत्यर्पण के लिए सरकार ब्रिटिश प्राधिकारियों से संपर्क करेगी।
लंदन में वेस्टमिंस्टर मजिस्ट्रेट की अदालत में जिला न्यायाधीश सैमुअल गूजी ने यह फैसला सुनाया। 49 वर्षीय नीरव मोदी दक्षिण पश्चिम लंदन में वेंड्सवर्थ जेल से वीडियो कॉन्फ्रेंस के माध्यम से सुनवाई में शामिल हुआ। न्यायाधीश गूजी ने अदालत में अपने फैसले का कुछ अंश पढ़ते हुए कहा, ‘प्रारंभिक नजर में मैं उन तथ्यों से संतुष्ट हूं कि जालसाजी और धनशोधन का मामला बनता है।’ न्यायाधीश अपने आदेश की प्रति ब्रिटेन की गृह मंत्री प्रीति पटेल को भेजेंगे।
भारत-ब्रिटेन प्रत्यर्पण समझौता के तहत कैबिनेट मंत्री को ही प्रत्यर्पण का आदेश मंजूर करने का अधिकार है और दो महीने के भीतर इस पर फैसला करना होगा। आम तौर पर अदालत के फैसले को गृह मंत्री द्वारा नहीं पलटा जाता है। मंत्री का जो भी फैसला हो, नीरव मोदी 14 दिन के भीतर उच्च न्यायालय का रुख कर सकता है और गृह मंत्री के फैसले के बाद अपील करने की अनुमति हासिल कर सकता है। अगर अपील मंजूर की गई तो उसकी सुनवाई लंदन में उच्च न्यायालय के प्रशासनिक खंड में होगी।
प्रत्यर्पण वारंट पर नीरव मोदी को 19 मार्च, 2019 को गिरफ्तार किया गया था। वह प्रत्यर्पण मामले में अदालती सुनवाई में वेंड्सवर्थ जेल से वीडियो कॉन्फ्रेंस के जरिये हिस्सा लेता था। जमानत के लिए मजिस्ट्रेट और उच्च न्यायालय स्तर पर उसकी कई याचिकाएं खारिज कर दी गई क्योंकि उसके भागने का खतरा है। इससे पहले 9 मार्च, 2019 में ब्रिटेन सरकार ने नीरव के लिए प्रत्यर्पण का अनुरोध पत्र आगे की प्रक्रिया के लिए ब्रिटेन की अदालत को भेजा था। इस मामले में लंदन में वेस्टमिंस्टर अदालत ने नीरव के खिलाफ गिरफ्तारी वारंट जारी किया और उसे गिरफ्तार कर वेंड्सवर्थ जेल भेजा दिया गया।

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First Published - February 25, 2021 | 11:29 PM IST

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