देश की राजधानी दिल्ली में रविवार की सुबह बेहद गर्म और उमस भरी रही। दिल्लीवाले जब सोकर उठे, तो उन्हें सूरज की तपिश के साथ चिपचिपाती गर्मी का सामना करना पड़ा। हालांकि थर्मामीटर पर तापमान कुछ और था, लेकिन हवा में मौजूद भारी उमस की वजह से लोगों को करीब 50 डिग्री सेल्सियस (48.4 डिग्री) जैसी झुलसाने वाली गर्मी का अहसास हुआ।
मौसम विभाग (IMD) के मुताबिक, आज दोपहर और शाम के वक्त आसमान में हल्के बादल छा सकते हैं और कुछ इलाकों में गरज-चमक के साथ मौसम बदल सकता है, जिससे लोगों को थोड़ी राहत मिलने की उम्मीद है।
मौसम विभाग के दैनिक बुलेटिन के अनुसार, रविवार को दिल्ली का अधिकतम तापमान 39 से 41 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 28 से 30 डिग्री सेल्सियस के बीच रहने का अनुमान है। दिन के समय 20 से 30 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलेंगी, जो बीच-बीच में 40 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंच सकती हैं।
हालांकि, दिल्ली में आज भारी बारिश के आसार नहीं हैं, लेकिन कहीं-कहीं धूलभरी आंधी या गरज-चमक के साथ हल्की बौछारें पड़ने से इस भीषण उमस से कुछ देर के लिए निजात मिल सकती है। मौसम विभाग ने दिल्ली के कुछ इलाकों में आज (28 जून) हीटवेव यानी लू चलने की चेतावनी भी जारी की है।
एक तरफ जहां दिल्ली-एनसीआर उमस से बेहाल है, वहीं दूसरी तरफ राहत की बात यह है कि दक्षिण-पश्चिम मॉनसून देश के बाकी हिस्सों में तेजी से कदम बढ़ा रहा है।
मौसम विभाग ने बताया कि मॉनसून अब राजस्थान, गुजरात, मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, झारखंड, बिहार और उत्तर प्रदेश के कई नए इलाकों में दाखिल हो चुका है। अगले तीन से चार दिनों के भीतर इसके उत्तर-पश्चिम और मध्य भारत के बाकी बचे हिस्सों में भी पहुंचने के लिए परिस्थितियां पूरी तरह अनुकूल बनी हुई हैं।
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आने वाले दिनों में मॉनसून की वजह से देश के एक बड़े हिस्से में झमाझम बारिश देखने को मिलेगी। मौसम एजेंसी के अनुसार, पूर्वोत्तर भारत, पूर्वी राज्यों, पश्चिमी तट और मध्य भारत के कुछ हिस्सों में बहुत भारी बारिश होने की संभावना है।
मौसम विभाग ने पूर्वोत्तर राज्यों के लिए भारी से बहुत भारी बारिश का अलर्ट जारी किया है। असम, मेघालय, पश्चिम बंगाल के पहाड़ी इलाकों और सिक्किम में 28 और 29 जून को रिकॉर्डतोड़ बारिश हो सकती है। इसके अलावा अरुणाचल प्रदेश में भी अगले कुछ दिनों तक भारी बौछारें गिरने का अनुमान है।
पूर्वी भारत की बात करें तो बिहार, झारखंड, ओडिशा और गंगीय पश्चिम बंगाल में कुछ जगहों पर गरज-चमक और तेज हवाओं के साथ पानी बरसेगा। इन राज्यों में जुलाई के शुरुआती दिनों तक अलग-अलग जगहों पर भारी बारिश का सिलसिला जारी रहेगा। साथ ही, अगले दो दिनों के दौरान इन राज्यों में आकाशीय बिजली गिरने की भी गंभीर चेतावनी दी गई है।
देश के दूसरे हिस्सों की बात करें तो पश्चिमी तट पर स्थित गोवा में 3 जुलाई तक लगातार बारिश होने की संभावना है। महाराष्ट्र और गुजरात में भी इस दौरान भारी बारिश होने की उम्मीद है। मध्य प्रदेश और विदर्भ में 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से चलने वाली हवाओं के साथ बादल बरसेंगे। दक्षिण भारत के तटीय कर्नाटक, केरल, माहे, लक्षद्वीप, तमिलनाडु, आंध्र प्रदेश और तेलंगाना में हल्की से मध्यम और कुछ जगहों पर भारी बारिश हो सकती है।
अंडमान और निकोबार द्वीप समूह में 50 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से चलने वाली तूफानी हवाओं के साथ भारी बारिश का अनुमान जताया गया है, जिसके चलते मौसम विभाग ने मछुआरों को समुद्र में न जाने की हिदायत दी है।
तमाम राज्यों में मॉनसून के पहुंचने के बावजूद देश के कुछ हिस्सों में अभी भी गर्मी का प्रकोप बना हुआ है। बिहार, हरियाणा, चंडीगढ़ और दिल्ली के अलग-अलग इलाकों में आज लू की स्थिति बनी रहेगी, जबकि उत्तर प्रदेश के कुछ हिस्सों में भीषण हीटवेव का सामना करना पड़ सकता है।
मौसम विभाग का कहना है कि अगले कुछ दिनों तक उत्तर-पश्चिम और मध्य भारत के तापमान में कोई बड़ा बदलाव नहीं होगा, लेकिन उसके बाद धीरे-धीरे तापमान में गिरावट आनी शुरू हो जाएगी।