विप्रो ने 3,087 करोड़ रुपये का शुद्घ लाभ दर्ज किया है, जो सालाना आधार पर 2,972.3 करोड़ रुपये से 3.85 प्रतिशत और तिमाही आधार पर 4 प्रतिशत की वृद्घि है। तिमाही के लिए राजस्व 20,860 करोड़ रुपये पर रहा, जो पूर्ववर्ती वर्ष में 16,245 करोड़ रुपये था।
डॉलर के संदर्भ में कंपनी ने 2.71 अरब डॉलर का आईटी सेवा राजस्व दर्ज किया, जो तिमाही आधार पर 3 प्रतिशत तक की वृद्घि है।
विप्रो ने राजस्व और लाभ के मोर्चे पर ब्लूमबर्ग अनुमानों को पूरा किया है। ब्लूमबर्ग के सर्वे के अनुसार, विश्लेषक कंपनी का राजस्व 20,819 करोड़ रुपये और मुनाफा 3,010.9 करोड़ रुपये रहने का अनुमान जता रहे थे। हालांकि कंपनी मार्जिन के मोर्चे पर पीछे रही। बाजार में भी इन अनुमानों को लेकर निराशा दिखेगी। कंपनी ने वित्त वर्ष 2023 की पहली तिमाही के लिए राजस्व वृद्घि 1 से 3 प्रतिशत के दायरे में रहकर 274.8 करोड़ डॉलर से 280.3 करोड़ डॉलर रहने का अनुमान जताया है। कंपनी के मु य कार्याधिकारी एवं प्रबंध निदेशक थिएरी डेलापोर्टे ने कहा कि वित्त वर्ष 2022 में 10 अरब डॉलर की उपलब्धि हासिल करने वाली कंपनी ने वित्त वर्ष के दौरान अपने राजस्व में एक-चौथाई का इजाफा दर्ज किया। उन्होंने कहा, ‘हमारे लिए यह एक शानदार वर्ष था और इसमें 10.4 अरब डॉलर का राजस्व दर्ज किया गया तथा सालाना आधार पर 27 प्रतिशत की उद्योग-केंद्रित वृद्घि हुई। यह 3 प्रतिशत या उससे ज्यादा की मजबूत राजस्व वृद्घि वाली हमारी लगातार छठी तिमाही है। अगले साल की वृद्घि के लिए हमारे पास मजबूत आधार है।’ पूरे वर्ष के लिए कंपनी ने 79,093 करोड़ रुपये का राजस्व दर्ज किया, जो सालाना आधार पर 27.68 प्रतिशत तक की वृद्घि है। वर्ष और तिमाही के लिए वृद्घि मजबूत थी। उत्तर अमेरिकी, यूरोप और एशिया समेत कई क्षेत्रों का कंपनी की राजस्व वृद्घि में बड़ा योगदान रहा।