facebookmetapixel
Advertisement
Repo Rate नहीं बदली, लेकिन RBI ने दे दिए बड़े इशारे! जानिए 10 बड़ी बातेंMeta ने मानी गलती, सरकार के सामने सीईओ मार्क जुकरबर्ग ने मांगी माफी; सेफ हार्बर’ पर भी मिला सख्त संदेशFranklin India NFO: कम जोखिम वाले डेट फंड में निवेश का मौका, SIP ₹500 से शुरूRBI MPC Meet: ब्याज दरें, बॉन्ड मार्केट, महंगाई और ग्रोथ पर क्या कहतें हैं म्युचुअल फंड्स?177.9 मिलियन डॉलर के साथ शाहरुख नंबर 1, जानें टॉप 5 रैंकिंग में कौन से सेलिब्रिटी हैं शामिल?PNB दे रहा 6.5% तक ब्याज, FCNR(B) FD पर SBI, HDFC और ICICI का क्या है ऑफर?DLF vs Godrej Properties vs Lotus Developers: किस रियल्टी शेयर में सबसे ज्यादा अपसाइड?एक में मजबूत वॉल्यूम ग्रोथ, दूसरे में करीब 59% अपसाइड: Marico और Emami में कौन आगे?Market Outlook: RBI ने दी राहत, लेकिन एक्सपर्ट्स का अलर्ट! West Asia में तनाव बढ़ा तो शेयर बाजार पर पड़ सकता है बड़ा असर4 साल की सुस्ती के बाद क्या लौटेगी QSR कंपनियों की चमक? ब्रोकरेज ने दिए 47% तक अपसाइड के टारगेट

सीरम का सरकार से समझौता!

Advertisement
Last Updated- December 14, 2022 | 8:30 PM IST

पुणे स्थित सीरम इंस्टीट्यूट ऑफ इंडिया (एसआईआई) कोविशील्ड की आपूर्ति के लिए भारत सरकार के साथ एक समझौता करने के करीब पहुंच गई है। इस आपूर्ति अनुबंध के तहत कंपनी सरकार को 250 रुपये प्रति खुराक की दर से टीका उपलब्ध कराएगी। सूत्रों ने इस बात की जानकारी दी। एसआईआई आपात स्थिति में कोविशील्ड के इस्तेमाल के लिए भारतीय दवा नियामक को पहले ही आवेदन सौंप चुकी है।
एसआईआई ऑक्सफोर्ड-एस्ट्राजेनेका के टीके कोविशील्ड का विकास अपने पुणे संयंत्र में कर रही है और इसका भंडारण भी कर रही है। इस मामले की जानकारी रखने वाले एक सूत्र ने कहा, ‘आपूर्ति अनुबंध पर हस्ताक्षर करने से जुड़ी चर्चा अपने अंतिम चरण में पहुंच गई है और शीघ्र ही बात बन सकती है।’ एक दूसरे सूत्र ने भी कहा कि चर्चा अंतिम चरण में हैं, लेकिन उन्होंने यह नहीं बताया कि कंपनी से कितनी खुराक खरीदी जाएगी। सरकार के साथ होने वाले अनुबंध के तहत टीके की प्रति खुराक करीब 250 रुपये में आएगी।
एसआईआई के मुख्य कार्याधिकारी अदर पूनावाला ने सोमवार को ट्विटर पर कहा, ‘अपने वादे के अनुसार एसआईआई ने वर्ष 2020 की समाप्ति से पहले आपात स्थिति में इस्तेमाल के लिए भारत में ही तैयार टीके कोविशील्ड के लिए आवेदन कर दिया है। यह टीका अनगिनत जीवन बचाएगा। मैं भारत सरकार और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को उनके समर्थन के लिए धन्यवाद देता हूं।’
इस पूरे मामले की जानकारी रखने वाले एक व्यक्ति ने कहा कि भारत के लिए जल्द ही 6 करोड़ खुराक उपलब्ध होगी। उन्होंने कहा, ‘एसआईआई गावी (टीके की आपूर्ति के लिए तैयार संगठन) के माध्यम से निम्न एवं मध्यम आय वाले देशों को टीके की आपूर्ति करेगी, लेकिन इसमें थोड़ा और समय लगेगा। तब तक एसआईआई भारत को कोविशील्ड की आपूर्ति करेगी और सरकार की पहले चरण की जरूरतें पूरी करेगी।’ इस समय एसआईआई के पास 4 करोड़ से अधिक खुराक पहले से ही मौजूद है।
कंपनी को गावी और बिल ऐंड मेलिंडा गेट्स फाउंडेशन को कोविशील्ड और नोवावैक्स की 20 करोड़ खुराक की आपूर्ति करनी है। कंपनी इनकी आपूर्ति 250 रुपये या 3 डॉलर प्रति खुराक की दर से करेगी। कंपनी एस्ट्राजेनेका को भी 1 अरब खुराक की आपूर्ति करेगी, जिनमें लगभग आधा भारत के लिए होगा।
भारत सरकार ने ऐसे संकेत दिए हैं कि देश में शुरू में 3 करोड़ लोगों को टीका लगाने के लिए इसे 6 करोड़ खुराक की जरूरत होगी। सरकार सबसे पहले स्वास्थ्यकर्मियों और कोविड-19 की रोकथाम में अग्रणी भूमिका निभाने वाले लोगों को टीका लगाएगी। इसके बाद उन लोगों को टीका लगाया जाएगा, जो किसी न किसी बीमारी से पहले से ही ग्रसित हैं। इनके बाद 50 वर्ष से अधिक उम्र के लोगों को टीके लगाए जाएंगे। बाजार में भी मार्च-अप्रैल तक टीका उपलब्ध होगा, लेकिन यह अपेक्षाकृत अधिक कीमतों पर उपलब्ध होगा।
एस्ट्रा, फाइजर टीके पर कवायद तेज
सरकार ने आपात स्थिति में फाइजर और एस्ट्राजेनेका के टीकों के इस्तेमाल के लिए इनकी समीक्षा की प्रक्रिया तेज कर दी है। एक वरिष्ठ सरकारी अधिकारी ने सोमवार को इसकी जानकारी दी। सरकार बड़े पैमाने पर इन टीकों की आपूर्ति के लिए सीरम इंस्टीट्यूट ऑफ इंडिया के साथ लगातार संपर्क में है। फाइजर ने भी सप्ताहांत में अपने टीके के इस्तेमाल के लिए आवेदन कर दिया था। अधिकारी ने कहा कि सरकार इन टीकों की तेजी से समीक्षा कर रही है।

Advertisement
First Published - December 7, 2020 | 10:55 PM IST

संबंधित पोस्ट

Advertisement
Advertisement
Advertisement