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रीन्यू पावर ग्रीन बॉन्ड से जुटाएगी 46 करोड़ डॉलर

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Last Updated- December 12, 2022 | 9:01 AM IST

रीन्यू पावर ग्रीन बॉन्ड के जरिये बाजार से 46 करोड़ डॉलर जुटाएगी। मामले के जानकार सूत्रों का कहना है कि कंपनी इस रकम से अपने घरेलू कर्जों का वित्तपोषण करेगी।
यह बॉन्ड ऑरफन एसपीवी के जरिये जारी किया जाएगा। इस तरह के बॉन्ड से विदेशी पोर्टफोलियो निवेशक (एफपीआई) 46 करोड़ डॉलर का कर्ज वैश्विक निवेशकों से जुटाएंगे और रीन्यू पावर इसके बदले एफ पीआई को रुपये में बॉन्ड जारी करेगी। इस तरह के ऑरफन एसपीवी ढांचे में एफपीआई का रुपया बॉन्ड जारी करने वाली कंपनी के साथ कोई संबंध नहीं होता है।
इस मामले में एफपीआई इंडिया ग्रीन एनर्जी होल्डिंग्स पहले बता चुकी है कि वह भारत में वीआरआर के तहत निवेश करेगी। इसके तहत एफपीआई को कुछ रियायत मिलती है, जैसे कि वे नियमित निवेश मार्ग की तुलना में अधिक निवेश कर सकते हैं। रीन्यू पावर पर इससे विनियम दर में उतार-चढ़ाव का असर नहीं होगा, जबकि एफपीआई अपने निवेश को हेज करेंगे। सूत्रों ने कहा कि इसके लिए जेपी मॉर्गन, बार्कलेज और एचएसबीसी प्रमुख प्रबंधक की भूमिका निभाएंगे। सह पहला मौका नहीं है जब ऑरफन एसपीवी मॉडल के जरिये निवेश जुटाया जा रहा है। रीन्यू पावर ने अक्टूबर में भी 32.4 करोड़ डॉलर इसी तरह से जुटाया था। इसके लिए करीब 2 अरब डॉलर की बोलियां मिली थीं। सूत्रों ने कहा कि इस तरह के बॉन्ड को लेकर वैश्विक निवेशकों के बीच उत्साह देखा जाता है। महामारी को देखते हुए अन्य क्षेत्रों की तुलना में अक्षय ऊर्जा क्षेत्र के प्रति निवेशकों की अच्छी दिलचस्पी देखी जा रही है।
ग्रीन बॉन्ड क्या है?
यह निश्चित आय योजना है, जिसके तहत विशेष रूप से जलवायु और पर्यावरण परियोजनाओं के लिए पूंजी जुटाई जाती है। आम तौर पर ये बॉन्ड परिसंपत्ति से संबद्ध होते हैं और इन पर जारीकर्ता कंपनी की बैलेंस शीट की गारंटी होती है
ऑरफन एसपीवी क्या है? :
इसके तहत गैर-संबद्ध एफपीआई डॉलर बॉन्ड से रकम जुटाता है, जिसका घरेलू बाजार में कंपनियों द्वारा जारी रुपये बॉन्डों में निवेश किया जाता है।

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First Published - January 31, 2021 | 8:20 PM IST

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