एक सम्मोहक वक्ता, प्रदर्शन उन्मुख व्यक्ति जो बेहतरीन से कम पर कोई समझौता नहीं करता, मास्टर रणनीतिकार और जोखिम लेने की जबरदस्त इच्छा। डेमलर इंडिया कमर्शियल व्हीकल्स (डीआईसीवी) में साथ काम कर चुके सहयोगियों ने मार्क लिस्टोसेला के बारे में कुछ इसी तरह बताया। शुक्रवार को टाटा मोटर्स ने लिस्टोसेला को कंपनी का नया सीईओ एवं एमडी नियुक्त करने की घोषणा की।
करीब 50 वर्षीय लिस्टोसेला टाटा मोटर्स में गुंटेर बट्सचेक का स्थान लेंगे जिनका पांच साल का कार्यकाल इसी महीने खत्म हो रहा है। हालांकि उन्होंने 30 जून 2021 तक बरकरार रहने के लिए सहमति जताई है। उसके बाद वह जर्मनी लौट जाएंगे।
अपने पूर्ववर्ती की तरह एक जर्मनी के निवासी लिस्टोसेला 1 जुलाई से कार्यभार संभालेंगे। मार्च 2018 में फुसो ट्रक ऐंड बस कॉरपोरेशन (डेमलर एजी के स्वामित्व वाली जापान की ट्रक एवं बस विनिर्माता) के अध्यक्ष एवं सीईओ पद से इस्तीफा देने के बाद यह उनका पहला पूर्णकालिक जिम्मेदारी होगी। फिलहाल वह स्वीडन की परिवहन कंपनी इनराइड के बोर्ड में शामिल हैं। एनराइड को इलेक्ट्रिक वाहनों में विशेषज्ञता प्राप्त है।
नई परियोजनाओं, पुनरुद्धार प्रबंधन और प्रमुख कंपनियों में लंबे ट्रैक रिकॉर्ड के साथ लिस्टोसेला वाणिज्यिक वाहन कारोबार के सफल संचालन का अनुभव लेकर टाटा मोटर्स में आएंगे। डीआईसीवी के पूर्व उपाध्यक्ष (बिक्री, विपणन एवं सेवा) वीआरवी श्रीप्रसाद ने कहा, ‘लिस्टोसेला कदम दर कदम चीजों को आगे बढ़ाने के दृष्टिकोण में भरोसा नहीं करते हैं। वह एक धमाकेदार व्यक्ति हैं।’ श्रीप्रसाद उस दौरान लिस्टोसेला की प्रमुख टीम में शामिल थे। उन्होंने कहा, ‘वह मामूली प्रदर्शन करने वाले व्यक्ति नहीं हैं। उनके कार्यकाल में चाटुकारों के लिए कोई जगह नहीं होती।’
एसबीआईकैप सिक्योरिटीज के शोध प्रमुख महंतेश सबरद ने कहा कि शीर्ष पद के लिए वाणिज्यिक वाहन श्रेणी के दिग्गज को टाटा मोटर्स द्वारा पसंद किए जाने से उसकी प्राथमिकता झलकती है। उन्होंने कहा, ‘सहायक इकाई बनाए जाने के बाद यात्री वाहन कारोबार के लिए प्रस्तावित संयुक्त उद्यम साझेदारी से कंपनी के नए एमडी की भूमिका मुख्य रूप से वाणिज्यिक वाहन कारोबार के संचालन, नकदी सृजन और उसे अगले स्तर तक ले जाने पर केंद्रित होगी।’
पिछले साल टाटा मोटर्स ने अपने यात्री वाहनों कारोबार को एक अलग इकाई में बदलने की प्रक्रिया शुरू की थी। कंपनी ने 5 मार्च को लेनदारों और शेयरधारकों की एक बैठक बुलायी है जिसमें यात्री वाहन कारोबार को टीएमएल बिजनेस एनालिटिक्स सर्विसेज में स्थानांतरित करने पर विचार किया जाएगा। कंपनी ने इस महीने के आरंभ में स्टॉक एक्सचेंज को इस बाबत जानकारी दी थी। कंपनी का मानना है कि अगल होने के साथ ही यात्री वाहन एवं वाणिज्यिक वाहन कारोबार अपन पूरी क्षमता तक पहुंच जाएगी।
लिस्टोसेला भारत के वाणिज्यिक वाहन बाजार के लिए अजनबी नहीं है। उन्होंने अपने करियर के करीब छह साल भारत में बिताए हैं।
डेमलर ट्रक्स एशिया में अपने करीब एक दशक लंबे करियर के दौरान उन्होंने काफी उल्लेखनीय कार्य किए हैं। वहां उन्होंने डीआईसीवी के लिए काम किया जिसके लिए उन्होंने नींव रखी। हीरो मोटोकॉर्प के साथ एक संयुक्त उद्यम स्थापित करने के असफल प्रयास के बाद उन्होंने भारत के प्रतिस्पर्धी ट्रक बाजार में अकेले आगे बढऩे की कठिन चुनौती स्वीकार की। पारंपरिक तौर पर भारत के ट्रक बाजार में टाटा मोटर्स और अशोक लीलैंड का वर्चस्व था। यहां नवीस्टार इंक, मैन ट्रक्स आदि कई बहुराष्ट्रीय ट्रक विनिर्माता खुद को स्थापित करने के कई असफल प्रयास कर चुके थे।