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बीपी ने एनआईआईएफ के ग्रीन ग्रोथ इक्विटी फंड में 7 करोड़ डॉलर लगाए

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Last Updated- December 15, 2022 | 5:09 AM IST

वैश्विक ऊर्जा प्रबंधक बीपी ने नैशनल इन्वेस्टमेंट ऐंड इन्फ्रास्ट्रक्चर फंड (एनआईआईएफ) और सरकार द्वारा प्रवर्तित ग्रीन ग्रोथ इक्विटी फंड (जीजीईएफ) में 7 करोड़ डॉलर का निवेश किया है। बीपी इसमें सीमित भागीदार भी होगी और फंड के सलाहकार बोर्ड में उसका प्रतिनिधित्व होगा।
एक आधिकारिक बयान के अनुसार, इस निवेश से जीजीईएफ को वाणिज्यिक रूप से नो-कार्बन और लो-कार्बन सॉल्युशनों का दायरा तेजी से बढ़ाने में आसानी होगी जिससे भारत को अपना तापमान संबंधित लक्ष्य हासिल करने में भी मदद मिलेगी। इससे बीपी को जीजीईएफ के साथ साथ भारत में कई तरह की हरित परियोजनाओं में सामूहिक रूप से निवेश करने के लिए एक मंच हासिल हुआ है।
एवरसोर्स कैपिटल जीजीईएफ की फंड प्रबंधक है। जीजीईएफ ने एनाईआईएफ और ब्रिटेन सरकार के अंतरराष्ट्रीय विकास विभाग (डीएफआईडी) से 34 करोड़ डॉलर से ज्यादा के निवेश के साथ 70 करोड़ डॉलर के ग्रीन इन्फ्रास्ट्रक्चर का लक्ष्य रखा है।
बीपी समूह के कार्यकारी उपाध्यक्ष (गैस एवं लो कार्बन एनर्जी) देव सान्याल ने कहा, ‘भारत ऊर्जा क्षेत्र में बदलाव और भविष्य के लिए लो-कार्बन विकल्प की दिशा में तेजी से आगे बढऩे के लिए प्रतिबद्घ है। बीपी भारत में ऊर्जा क्षेत्र में बड़ा बदलाव लाने के लिए भी प्रतिबद्घ है। जीजीईएफ में हमारा निवेश नई भागीदारियों और बिजनेस मॉडलों के इस्तेमाल से संंबंधित लो कार्बन एनर्जी में निवेश की हमारी रणनीति के अनुरूप है। यह बीपी को भारत में अपना दायरा बढ़ाने और देश में जीरो और लो कार्बन एनर्जी सॉल्युशनों में निवेश बढ़ाने के लिए एक विशेष मंच प्रदान करता है।’
बीपी इंडिया की अध्यक्ष एवं बीपी समूह की वरिष्ठ उपाध्यक्ष शशि मुकुंदन का कहना है कि निवेश का मकसद वाणिज्यिक रूप से उपयोगी लो-कार्बन सॉल्युशनों का दायरा मजबूत बनाना होगा। जीजीईएफ द्वारा पोर्टफोलियो और निवेश का दायरा बेहद व्यापक है, चाहे यह सोलर पावर, मोबिलिटी सॉल्युशन हो या सतत बुनियादी ढांचा प्रबंधन। इनमें से प्रत्येक से भारत को अपना तापमान संबंधित लक्ष्य हासिल करने में मदद मिलेगी।
एवरसोर्स कैपिटल के सीईओ और एवरस्टोन गु्रप के वाइस चेयरमैन धनपाल झावेरी ने बीपी द्वारा निवेश पर प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए कहा, ‘एवरसोर्स भारत के तेजी से बढ़ रहे हरित क्षेत्र में निवेश करने और देश में अक्षय ऊर्जा सॉल्युशन मुहैया कराने के लिए प्रतिबद्घ है। चूंकि हम भारत सरकार द्वारा निर्धारित तापमान संबंधित लक्ष्यों और महत्वाकांक्षी अक्षय ऊर्जा लक्ष्यों को पूरा करने की दिशा में काम कर रहे हैं, इसलिए लो कार्बन और जीरो कार्बन एनर्जी वैल्यू चैन में बीपी की वैश्विक दक्षता इन लक्ष्यों को हासिल करने की दिशा में मददगार साबित होगी।’
जीजीईएफ सभी संबंधित क्षेत्रों में ऊर्जा के गैर-कार्बनीकरण और संसाधन दक्षता पर ध्यान केंद्रित करता है। फंड के निवेश पोर्टफोलियो में कई क्षेत्र शामिल हैं।

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First Published - July 7, 2020 | 11:40 PM IST

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