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महामारी के बावजूद सौन्दर्य ब्रांडों की चमक बरकरार

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Last Updated- December 12, 2022 | 4:37 AM IST

श्रद्धा जोशी लक्जरी कॉस्मेटिक ब्रांड मैक का उपयोग काफी उत्साह के साथ करती रही हैं। एक दिन अपनी सहेली से मुलाकात के दौरान उन्होंने देखा कि वह एक नई लिपस्टिक का इस्तेमाल करती थीं और इससे उन्हें शुगर ब्रांड के बारे में पता चला। यह 2018 की बात है और तब से जोशी शुगर कॉसमेटिक्स का लगातार इस्तेमाल कर रही हैं।
भारतीय सौन्दर्य बाजार के अगले साल तक 20 अरब डॉलर के पार पहुंचने की उम्मीद है। सेंट बोटैनिका, शुगर कॉस्मेटिक्स, स्किनक्राफ्ट, वेदिक्स और जूसी केमिस्ट्री जैसे घरेलू सौन्दर्य एवं पर्सनल केयर ब्रांड बाजार में अपना परचम लहरा रहे हैं। वे कस्टोमाइज्ड, प्राकृतिक और क्रूरता-मुक्त उत्पादों की तमाम शृंखला बाजार में उतार रहे हैं जो भारतीय त्वचा एवं जलवायु के अनुकूल हैं। ये नई कंपनियां अपने उत्पादों में रसायन का कम उपयोग करते हुए सदियों पुरानी आयुर्वेदिक एवं जैविक उपचारों को शामिल कर रही हैं। इससे पर्यावरण-प्रेमी उपभोक्ता उनकी ओर आकर्षित हो रहे हैं।
जैविक ब्रांड जूसी केमिस्ट्री सालाना आधार पर 200 से 250 फीसदी वृद्धि की उम्मीद कर रहा है। कंपनी बेहतर कच्चे माल की खरीदारी के लिए बाजार के बिचौलियों को हटाते हुए सीधे किसानों के साथ काम कर रही है।
जूसी केमिस्ट्री के सह-संस्थापक एवं मुख्य कार्याधिकारी प्रीतेश आशेर ने कहा, ‘टोनर्स जैसे हमारे उत्पादों को एक विसंक्रमित परिवेश में भाप आसवन के जरिये तैयार किया जाता है। इस प्रकार वे प्रिजरर्वेटिव मुक्त होने के साथ-साथ प्रदूषण मुक्त भी होते हैं। हमारे साबुन और स्वच्छता उत्पाद अल्कलाइन फॉर्मूलेशन हैं और वे बैक्टीरिया के विकास के लिए अनुकूल वातावरण तैयार नहीं करते हैं।’
अपने फेसियल ऑयल के लिए चर्चित यह स्टार्टअप फिलहाल दक्षिण अफ्रीका, नेपाल, ऑस्ट्रेलिया, अमेरिका, सिंगापुर आदि देशों में मौजूद है और अमेरिकी एवं यूरोपीय बाजारों विशेषकर फ्रांस में दस्तक देने की तैयारी कर रहा है। आशेर ने कहा, ‘फिलहाल हमारी कुल बिक्री में निर्यात का योगदान करीब 10 फीसदी है और हम इसे अगले साल तक 20 से 25 फीसदी तक बढऩे की उम्मीद कर रहे हैं।’
घरेलू सौन्दर्य एवं पर्सनल केयर ब्रांड सेंट बोटैनिका कोविड-पूर्व स्तर के मुकाबले लगभग दोगेुना बड़ा हो चुका है। कंपनी इस साल 100 करोड़ रुपये के वार्षिक आवर्ती राजस्व (एआरआर) की उम्मीद कर रही है।
सेंट बोटैनिका के संस्थापक साहिल मेहता ने कहा, ‘खर्च करने में समर्थ ग्राहकों के लिए वैश्विक महामारी के कारण लक्जरी उत्पादों की उपलब्धता सीमित हो गई है। पारंपरिक तौर पर आय के एक हिस्से को पर्यटन अथवा छुट्टियां बिताने के लिए रखा जाता था लेकिन अब उसे घरों में इस्तेमाल के लायक उत्पादों पर खर्च किया जा रहा है। इन उत्पादों की सूची में सौन्दर्य
एवं पर्सनल केयर उत्पाद प्रमुखता से शामिल हैं।’
हरियाणा के एक छोटे से शहर पंचकूला की यह कंपनी हेल्थ ऐंड ग्लो और शॉपर्स स्टॉप जैसे खुदरा विक्रेताओं के साथ जुड़कर ऑफलाइन बाजार में भी मौजूद है। फिलहाल इसके उत्पाद करीब 200 स्टोरों में उपलब्ध हैं।
आयुर्वेदिक सौन्दर्य समाधान ब्रांड वेदिक्स ने अपने उत्पादों को तैयार करने में प्रौद्योगिकी और आयुर्वेद की परंपरा का जबरदस्त मेल किया है। कंपनी व्यक्तिगत उत्पादों को तैयार करने में मशीन लर्निंग एवं कृत्रिम बुद्धिमत्ता द्वारा संचालित प्रौद्योगिकी का सहारा लिया है। कंपनी अमेरिका और पश्चिम एशिया के साथ वैश्विक बाजारों में भी दस्तक दे रही है।
वेदिक्स के कारोबार प्रमुख जतिन गुजराती ने कहा, ‘वेदिक्स मुख्य तौर पर आयुर्वेद के त्रिदोष सिद्धांत पर केंद्रित है। प्रत्येक व्यक्ति दोषों (वात, पित्त और कफ) के विशेष मेल के साथ पैदा होता है। वास्तविक आयुर्वेदिक समाधान व्यक्ति को उसकी विशिष्टता से निपटने में मदद करता है।’
शुगर अपने लॉन्च के बाद दस लाख से अधिक ऑर्डर हासिल किए हैं और वह हर महीपे 50,000 नए ग्राहकों को जोड़ रही है। फरवरी में उसने एलिवेशन कैपिटल के नेतृत्व में सी-शृंखला के वित्त पोषण के तहत करीब 2.1 करोड़ डॉलर जुटाए। लॉकडाउन के बावजूद 2020 में कंपनी ने 50 लाख लिपस्टिक, आईलाइनर, काजल एवं अन्य उत्पादों की बिक्री की। शुगर की सह-संस्थापक एवं सीईओ विनीता सिंह ने कहा, ‘हमने वित्त वर्ष 2021 में वित्त वर्ष 2020 के मुकाबले 30 से 35 फीसदी अधिक राजस्व अर्जित किया।’
कृत्रिम बुद्धिमत्ता एवं डेटा से संचालित कंपनी स्किनक्राफ्ट ने भी इसी साल दीवाली में अंतरराष्ट्रीय बाजार में दस्तक दी है। स्किनक्राफ्ट के सह-संस्थापक चैतन्य नल्लान ने कहा, ‘हम ग्राहकों को कस्टोमाइज्ड स्किन केयर एवं हेयर केयर उत्पाद उपलब्ध कराते हैं। इसमें ग्राहक की त्वचा अथवा बाल प्रोफाइल की आवश्यकताओं के अनुरूप सामग्रियों का इस्तेमाल किया जाता है।’

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First Published - May 19, 2021 | 11:22 PM IST

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