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कृष्णापत्तनम पोर्ट में अदाणी की सौ फीसदी हिस्सेदारी

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Last Updated- December 12, 2022 | 6:16 AM IST

गौतम अदाणी के नेतृत्व वाली कंपनी अदाणी पोट्र्स ऐंड स्पेशल इकनॉमिक जोन लिमिटेड (एपीएसईजेड) ने आज 2,800 करोड़ रुपये के एक सौदे के तहत अदाणी कृष्णापत्तनम पोर्ट लिमिटेड (कृष्णापत्तनम पोर्ट) में शेष 25 फीसदी हिस्सेदारी के अधिग्रहण की घोषणा की। इसके परिणामस्वरूप कृष्णापत्तनम पोर्ट में एपीएसईजेड की हिस्सेदारी 75 फीसदी से बढ़कर 100 फीसदी हो गई है।
कंपनी ने एक विज्ञप्ति जारी कर यह जानकारी दी है। कंपनी ने कहा है कि अक्टूबर 2020 में 75 फीसदी हिस्सेदारी का अधिग्रहण किया गया था और कुल मिलाकर कंपनी का एंटरप्राइज मूल्य 13,675 करोड़ रुपये हो गया है जो वित्त वर्ष 2021 के एबिटा के मुकाबले 10.3 गुना अधिक है।
कृष्णापत्तनम पोर्ट आंध्र प्रदेश के नेल्लोर जिले में भारत के पूर्वी तट पर स्थित है जो चेन्नई से करीब 180 किलोमीटर दूर और आंध्र प्रदेश एवं तमिलनाडु के सीमा के करीब है। कृष्णापत्तनम पोर्ट सभी मौसम में परिचालन के लायक, गहरे समुद्री और विभिन्न कार्गो प्रतिष्ठान वाला बंदरगाह है जिसकी मौजूदा क्षमता 6.4 करोड़ टन है। करीब 20 किलोमीटर समुद्री किनारा और6,800 एकड़ भूमि पर विस्तृत कृष्णापत्तनम पोर्ट के लिए 30 करोड़ टन क्षमता एवं 50 वर्षों की रियायत अवधि का मास्टर प्लान है।
वित्त वर्ष 2021 में इस बंदरगाह का वॉल्यूम 3.8 करोड़ टन, राजस्व 1,840 करोड़ रुपये और एबिटा 1,325 करोड़ रुपये रहा। अधिग्रहण के बाद से ही कृष्णापत्तनम पोर्ट बिजनेस प्रॉसेस री-इंजीनियरिंग पर ध्यान केंद्रित कर रही है जिससे उसका एबिटा मार्जिन वित्त वर्ष 2021 में बढ़कर 72 फीसदी हो गया जो वित्त वर्ष 2020 में 57 फीसदी रहा था।
एपीएसईजेड के मुख्य कार्याधिकारी एवं पूर्णकालिक निदेशक करण अदाणी के हवाले से विज्ञप्ति में कहा गया है, ‘कृष्णापत्तनम पोर्ट में हमारे स्वामित्व के सुदृढीकरण से एपीएसईजेड की क्षमता 2025 तक 50 करोड़ टन करने में मदद मिलेगी। साथ ही इससे भारत के पश्चिमी और पूर्वी तटों पर कार्गो को समान करने संबंधी हमारी व्यापक रणनीति को हासिल करने में मदद मिलेगी। कृष्णापत्तनम पोर्ट 2025 तक दोगुनी यातायात को संचालित करने के लिए सही राह पर अग्रसर है और वह विभिन्न उत्पाद एवं कार्गो वृद्धि संबंधी रणनीति के जरिये पूंजी निवेश पर बेहतर रिटर्न के साथ उच्च वृद्धि दर्ज करने में समर्थ होगी। हमें विश्वास है कि हम 2025 तक कृष्णापत्तनम पोर्ट की क्षमता को दोगुना और एबिटा को तिगुना करने में समर्थ होंगे।’
अदाणी पोट्र्स ऐंड एसईजेड के पास सामरिक तौर पर महत्त्वपूर्ण जगहों पर 12 बंदरगाह एवं टर्मिनल हैं जो इस प्रकार हैं- गुजरात में मुंद्रा, दहेज, टूना एवं हजीरा, ओडिशा में धामरा, गोवा में मुरगांव, आंध्र प्रदेश में विशाखापत्तनम एवं कृष्णापत्तनम, महाराष्ट्र में दिघी और चेन्नई में कट्टुपल्ली एवं एन्नोर। देश की कुल बंदरगाह क्षमता में इनका करीब 24 फीसदी योगदान है।

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First Published - April 6, 2021 | 1:11 AM IST

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