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दलहनों और तिलहनों की कीमतों के बारे में सरकार सोचने को मजबूर

PTI

- July,17 2012 8:03 PM IST

कृषि मंत्री शरद पवार ने आज कहा कि कमजोर मानसून के कारण सरकार दलहनों और तिलहनों की बढ़ती कीमतों को लेकर कोई फैसला नहीं कर पा रही है।

कमजोर मानूसन के कारण कृषि जिंसों की कीमतों में संभावित वृद्धि के बारे में पूछने पर पवार ने संवाददाताओं से कहा, ै बेहतर स्टाक के कारण चावल और गेहूं की स्थिति आरामदेह है। दलहनों और तिलहनों के बारे में मुझे सोचना पड़ रहा है। ै

जून 2012 में सकल खाद्य मुद्रास्फीति बढ़कर 10.81 प्रतिशत हो गयी जो मई के महीने में 10.74 प्रतिशत था। पिछले वर्ष जून के महीने में इस श्रेणी में मुद्रास्फीति की दर 7.6 प्रतिशत थी।

खाद्य जिंसों की श्रेणी में वार्षिक आधार पर जून के महीने में चावल 6.70 प्रतिशत महंगा हुआ, जबकि गेहूं 7.46 प्रतिशत, दलहन 6.82 प्रतिशत और सब्जियां 20.48 प्रतिशत महंगे हुए।

मास दर मास आधार पर पाल्ट्री चिकेन सात प्रतिशत, चना छह प्रतिशत, मसूर चार प्रतिशत तथा फल, सब्जियां, अंडे, अरहर, चावल दो प्रतिशत महंगे हुए। चाय, दूध, गेहूं और मांस एक एक प्रतिशत महंगे हुए।

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