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छोटी गाड़ियों की बिक्री बढ़ने से दौड़ेगा Auto Stock, नए लॉन्च भी देंगे दम; ब्रोकरेज ने कहा – 25% तक रिटर्न संभव

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Auto Stock: का कहना है कि लागत के दबाव के चलते मार्जिन अनुमान से कम रहा लेकिन नए प्रोडक्ट लॉन्च बेहतर प्रदर्शन को गति देंगे।

Last Updated- January 29, 2026 | 4:17 PM IST
auto stocks

Auto Stock: देश में सबसे ज्यादा गाड़ियां बेचने वाली कंपनी मारुति सुजुकी के शेयर गुरुवार (29 जनवरी) को 2.54% गिरकर बंद हुए। कंपनी के शेयरों में यह गिरावट दिसंबर तिमाही के नतीजे जारी करने के बाद देखी गई। मारुति सुजुकी का दिसंबर तिमाही में मुनाफा एक साल पहले की समान अव​धि के मुकाबले 4.1 फीसदी बढ़कर 3,879 करोड़ रुपये हो गया। मगर नए लेबर कोड के मद्देनजर तिमाही के दौरान 593.9 करोड़ रुपये के लम सम प्रोवीजन से मुनाफा प्रभावित हुआ। शेयर में मूवमेंट के बीच ब्रोकरेज हॉउस मारुति सुजुकी पर पॉजिटिव नजर आ रहे हैं। ब्रोकरेज का कहना है कि लागत के दबाव के चलते मार्जिन अनुमान से कम रहा लेकिन नए प्रोडक्ट लॉन्च बेहतर प्रदर्शन को गति देंगे।

Maruti Suzuki पर मोतीलाल ओसवाल: टारगेट प्राइस: ₹18,197

मोतीलाल ओसवाल ने मारुति सुजुकी पर अपनी खरीदारी की सलाह बरकरार रखी है। ब्रोकरेज ने स्टॉक पर टारगेट प्राइस बदलकर 18,197 रुपये कर दिया है। इस तरह, शेयर 26 फीसदी तक रिटर्न दे सकता है।

ब्रोकरेज ने कहा कि जीएसटी दरों में कटौती से छोटी कारों की मांग को दोबारा रफ्तार मिली है। कीमत को लेकर सतर्क ग्राहकों के लिए अब वाहन ज्यादा किफायती हो गए हैं। इसके साथ ही नई विक्टोरिस और ई-विटारा की लॉन्चिंग से आगे चलकर मारुति सुजुकी इंडिया लिमिटेड (MSIL) की बाजार हिस्सेदारी बढ़ने की संभावना है।

ब्रोकरेज के अनुसार, बाजार हिस्सेदारी में सुधार होने से शेयर के दोबारा बेहतर वैल्यूएशन मिलने का रास्ता खुल सकता है। इसके अलावा, आगे के समय में निर्यात भी मारुति सुजुकी के लिए ग्रोथ का एक अहम आधार बना रहने की उम्मीद है।

कैसे रहे Q3 नतीजे ?

देश की सबसे बड़ी कार बनाने वाली कंपनी मारुति सुजुकी इंडिया ने बुधवार (28 जनवरी) को दिसंबर तिमाही के नतीजे जारी कर दिए। कंपनी का चालू वित्त वर्ष की तीसरी तिमाही में कंसोलिडेट नेट मुनाफा 4.1 प्रतिशत बढ़कर 3,879.1 करोड़ रुपये हो गया। हालांकि यह आंकड़ा एनालिस्ट्स के 4,261 करोड़ रुपये के अनुमान से कम रहा। एक साल पहले की इसी तिमाही में कंपनी ने 3,726.9 करोड़ रुपये का मुनाफा कमाया था।

कंपनी ने रेगुलेटरी फाइलिंग में बताया कि नए लेबल कोड के कारण 594 करोड़ रुपये के एकमुश्त खर्च से उसके मुनाफे पर असर पड़ा है। ऑपरेशंस से कुल रेवेन्यू तीसरी तिमाही में बढ़कर 49,904 करोड़ रुपये हो गया, जबकि पिछले वर्ष की इसी अवधि में यह 38,764 करोड़ रुपये था। नतीजों के बाद मारुति सुजुकी के शेयर बीएसई पर 1.25 प्रतिशत की गिरावट के साथ 15,050 रुपये प्रति शेयर पर कारोबार कर रहे थे। छोटे कार सेगमेंट की सबसे बड़ी निर्माता कंपनी मारुति जीएसटी टैक्स कटौती से सबसे ज्यादा फायदा उठाने वालों में शामिल रही।

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First Published - January 29, 2026 | 4:17 PM IST

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