facebookmetapixel
Advertisement
Stock Market: सेंसेक्स 76,800 के पार! तेल सस्ता, बाजार में तीसरे दिन भी तेजीSIP में बड़ा अलर्ट! रिकॉर्ड हाई पर खाते, लेकिन नए निवेशक क्यों नहीं टिक रहे?China Shock 2.0: क्या यूरोप की फैक्ट्रियां बंद कर देगा चीन?G-7 Summit: डेढ़ साल बाद आमने-सामने आए मोदी-ट्रंप, अभिवादन स्वीकार किया हुई संक्षिप्त बातचीतसरकारी आदेश पर Google ने Telegram ऐप को प्ले स्टोर से हटाया, Apple भी उठा सकती है ऐसा कदमGold ETF में निवेश पर AMCs की रोक, अब क्या करें निवेशक– खरीदें, बेचें या होल्ड करें?SGB में मिला मल्टीबैगर रिटर्न, 219% से ज्यादा बढ़ी वेल्थ; ₹1 लाख के बने ₹3.19 लाखSuzlon Energy फिर पकड़ेगा रफ्तार! नए रोडमैप पर ब्रोकरेज बुलिश, BUY रेटिंग के साथ दिए अगले टारगेटHome Loan Insurance: 70% खरीदार 45 साल से कम उम्र के, होम लोन इंश्योरेंस को लेकर क्यों बढ़ी दीवानगी?Golden Crossover: गोल्डन क्रॉसओवर के बाद रडार पर आए ये 3 शेयर, विश्लेषकों को 13% तक तेजी की उम्मीद

डॉलर के मुकाबले रुपया 2 महीने के उच्च स्तर पर

Advertisement

रुपया गुरुवार को 81.97 के मजबूत स्तर पर खुला और डॉलर के मुकाबले दिन के उच्च स्तर 81.83 पर पहुंचा और उसके बाद 81.85 पर बंद हुआ, जो पिछले बंद से 23 पैसे ज्यादा है।

Last Updated- April 13, 2023 | 11:19 PM IST
Dollar Vs Rupee
Shutter Stock

डॉलर के मुकाबले रुपया गुरुवार को पिछले 2 महीने के उच्च स्तर पर पहुंच गया है। अमेरिका में खुदरा मूल्य सूचकांक पर आधारित महंगाई दर उम्मीद से कम रहने की वजह से उम्मीद जगी है कि अमेरिकी फेडरल रिजर्व का दर बढ़ाने का चक्र अब नजदीक है और इससे डॉलर सूचकांक में गिरावट आई है, इसका असर भारतीय मुद्रा पर पड़ा है।

रुपया गुरुवार को 81.97 के मजबूत स्तर पर खुला और डॉलर के मुकाबले दिन के उच्च स्तर 81.83 पर पहुंचा और उसके बाद 81.85 पर बंद हुआ, जो पिछले बंद से 23 पैसे ज्यादा है। डॉलर सूचकांक गिरकर 100.90 पर पहुंच गया, जबकि ब्रेंट क्रूड की कीमत थोड़ी कम होकर 87.01 डॉलर प्रति बैरल पर पहुंच गई है।

फिनरेक्स ट्रेजरी एडवाइजर्स एलएलपी के ट्रेजरी प्रमुख अनिल कुमार भंसाली ने कहा, ‘अमेरिका के गैर कृषि रोजगार आंकड़े बेहतर रहने के बावजूद डॉलर असुरक्षित नजर आ रहा है क्योंकि मंदी की संभावना के कारण बाजार 2024 में दर में कटौती की उम्मीद कर रहा है।’ भारतीय रुपया इस समय मजबूत हो रहा है और 2023 में यह 1.08 प्रतिशत चढ़ा है।

सीआर फॉरेक्स के प्रबंध निदेशक अमित पाबरी ने कहा, ‘ अमेरिकी सीपीआई रिपोर्ट नरम रहने के कारण डॉलर इंडेक्स (डीएक्सवाई) कमजोर हुआ है, जिसके कारण ईएम और डीएम मुद्राओं में करीब 0.50 प्रतिशत मजबूती के मुताबिक रुपया भी चला है। इक्विटी में एफआईआई प्रवाह तेज रहने का लाभ मिला है।’

लेकिन आगे रुपये में मजबूती सीमित हो सकती है क्योंकि भारतीय रिजर्व बैंक अपना विदेशी मुद्रा भंडार बनाने की कवायद कर सकता है। 2023 के शुरुआती महीनों में विदेशी मुद्रा भंडार करीब 16 अरब डॉलर बढ़कर 578.5 अरब डॉलर हो गया। पाबरी ने कहा, ‘व्यापार घाटा बढ़कर करीब 20 अरब डॉलर हो गया है।

Advertisement
First Published - April 13, 2023 | 11:19 PM IST

संबंधित पोस्ट

Advertisement
Advertisement
Advertisement