facebookmetapixel
Advertisement
STT बढ़ा, कितना घटेगा आपके Arbitrage Funds का रिटर्न?Share Market: Sensex–Nifty में दूसरी दिन भी तेजी, India-US Trade Deal से बाजार उत्साहितBajaj Finserv AMC ने उतारा लो ड्यूरेशन फंड, ₹1,000 से SIP शुरू; किसे करना चाहिए निवेशExplainer: सरकार ने 8वें केंद्रीय वेतन आयोग के तहत सैलरी-पेंशन पर मांगे गए सुझाव, आपके लिए इसमें क्या है?डीमैट म्युचुअल फंड निवेश होगा आसान: SWP-STP के लिए SEBI की नई सुविधा से बदलेगा खेलपर्सनल लोन से पाना चाहते हैं जल्दी छुटकारा? जोश में न लें फैसला, पहले समझें यह जरूरी गणितAI की दौड़ में तेजी से आगे बढ़ेगी TCS: चंद्रशेखरन बोले– मौका बड़ा, आत्ममंथन के साथ नई तैयारी जरूरीटाटा मोटर्स PV ने तमिलनाडु प्लांट से शुरू किया प्रोडक्शन, ₹9,000 करोड़ का करेगी निवेशइनकम टैक्स के नए ड्राफ्ट नियम जारी: जानें अब ITR फॉर्म 1 से 7 में आपके लिए क्या-क्या बदल जाएगाUP Budget Session 2026: राज्यपाल के अभिभाषण के दौरान सपा का भारी हंगामा, लगे ‘गो बैक’ के नारे

FPI का भारतीय शेयरों में निवेश मई में 9 महीने के उच्चस्तर पर

Advertisement
Last Updated- June 04, 2023 | 2:47 PM IST
FPI

विदेशी पोर्टफोलियो निवेशकों (एफपीआई) ने मई में भारतीय शेयर बाजारों में 43,838 करोड़ रुपये का निवेश किया, जो नौ माह का उच्चस्तर है। डिपॉजिटरी के आंकड़ों के अनुसार, एफपीआई ने जून में भी लिवाली जारी रखी है और इस महीने के पहले दो कारोबारी सत्रों में शेयर बाजारों में उन्होंने 6,490 करोड़ रुपये डाले हैं।

जियोजीत फाइनेंशियल सर्विसेज के मुख्य निवेश रणनीतिकार वी के विजयकुमार ने कहा कि इस महीने भी एफपीआई का प्रवाह जारी रहेगा। सकल घरेलू उत्पाद (जीडीपी) के आंकड़ों के साथ अन्य संकेतक इस बात का इशारा कर रहे हैं कि भारतीय अर्थव्यवस्था और मजबूत हो रही है।

आंकड़ों के मुताबिक, मई के पूरे महीने में एफपीआई ने भारतीय शेयरों में शुद्ध रूप से 43,838 करोड़ रुपये का निवेश किया है।

यह पिछले नौ माह में एफपीआई के निवेश का सबसे ऊंचा आंकड़ा है। इससे पहले उन्होंने अगस्त, 2022 में शेयरों में शुद्ध रूप से 51,204 करोड़ रुपये डाले थे। अप्रैल, 2023 में शेयरों में उनका निवेश 11,630 करोड़ रुपये और मार्च में 7,936 करोड़ रुपये रहा था। मार्च के निवेश मुख्य योगदान अमेरिकी की जीक्यूजी पार्टनर्स द्वारा अदाणी समूह की कंपनियों में डाली गई पूंजी का था। हालांकि, अगर अदाणी समूह में जीक्यूजी के निवेश को निकाल दिया जाए, तो मार्च का आंकड़ा भी नकारात्मक हो जाएगा। इसके अलावा इस साल के पहले दो माह में एफपीआई ने 34,000 करोड़ रुपये से अधिक की निकासी की थी।

मॉर्निंगस्टार इंडिया के एसोसिएट निदेशक-प्रबंधक शोध हिमांशु श्रीवास्तव ने कहा कि एफपीआई का ताजा प्रवाह मजबूत वृहद परिदृश्य, शेयरों के उचित मूल्यांकन और बेहतर तिमाही नतीजों की वजह से है। शेयरों के अलावा एफपीआई ने मई में ऋण या बॉन्ड बाजार में भी 3,276 करोड़ रुपये डाले हैं।

इस तरह 2023 में अबतक एफपीआई भारतीय शेयर बाजारों में 35,748 करोड़ रुपये और बॉन्ड बाजार में 7,471 करोड़ रुपये डाल चुके हैं।

Advertisement
First Published - June 4, 2023 | 2:47 PM IST (बिजनेस स्टैंडर्ड के स्टाफ ने इस रिपोर्ट की हेडलाइन और फोटो ही बदली है, बाकी खबर एक साझा समाचार स्रोत से बिना किसी बदलाव के प्रकाशित हुई है।)

संबंधित पोस्ट

Advertisement
Advertisement
Advertisement