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Dr Reddy’s Share Price: Q1 नतीजों के बाद 9% टूटा शेयर, 52 हफ्ते के निचले स्तर पर पहुंचा; ब्रोकरेज की क्या है राय?

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कमजोर Q1 नतीजों के बाद Dr Reddy's के शेयर 52 हफ्ते के निचले स्तर पर पहुंचे, जबकि ज्यादातर ब्रोकरेज ने टारगेट प्राइस घटाकर सतर्क रहने की सलाह दी है।

Last Updated- July 23, 2026 | 12:13 PM IST
Dr. Reddy's Laboratories
Representative image

Dr Reddy’s Share Price: फार्मा कंपनी डॉ. रेड्डीज लेबोरेटरीज (Dr Reddy’s Laboratories) के शेयर गुरुवार को पहली तिमाही (Q1 FY27) के कमजोर नतीजों के बाद दबाव में आ गए। कंपनी का प्रदर्शन बाजार की उम्मीदों से कमजोर रहा, जिसके चलते शुरुआती कारोबार में शेयर करीब 9% तक टूटकर 52 हफ्तों के नए निचले स्तर पर पहुंच गया। हालांकि बाद में इसमें कुछ रिकवरी देखने को मिली। खबर लिखते समय, NSE पर कंपनी का शेयर 2.13% यानी 25.20 रुपये की गिरावट के साथ 1,157.60 रुपये पर कारोबार कर रहा था।

कमजोर तिमाही नतीजों के बाद कई ब्रोकरेज हाउस ने कंपनी के भविष्य के मुनाफे के अनुमान घटा दिए हैं, जिससे निवेशकों की चिंता बढ़ गई है।

शुरुआती कारोबार में 52 हफ्ते के निचले स्तर पर पहुंचा शेयर

गुरुवार को कारोबार शुरू होते ही डॉ. रेड्डीज का शेयर करीब 8.7% गिरकर 1,080.05 रुपये पर पहुंच गया, जो इसका नया 52-सप्ताह का निचला स्तर है। इसके बाद शेयर में खरीदारी लौटने से कुछ रिकवरी हुई, लेकिन दिन के कारोबार के दौरान यह अब भी लाल निशान में बना रहा।

Q1 में 68.7% घटा मुनाफा

वित्त वर्ष 2026-27 की पहली तिमाही में कंपनी का शुद्ध लाभ (PAT) सालाना आधार पर 68.7% घटकर 443.5 करोड़ रुपये रह गया। वहीं, राजस्व (Revenue) 5.5% गिरकर 8,099.8 करोड़ रुपये रहा।

कंपनी ने बताया कि Lenalidomide दवा की बिक्री बंद होने, Semaglutide API से जुड़े 240 करोड़ रुपये के इन्वेंट्री राइट-ऑफ, माल ढुलाई (Freight) और सॉल्वेंट की बढ़ी हुई लागत का असर तिमाही प्रदर्शन पर पड़ा।

EBITDA मार्जिन भी उम्मीद से रहा कमजोर

पहली तिमाही में कंपनी का EBITDA मार्जिन 13.3% रहा, जो बाजार की अपेक्षाओं से काफी कम है। विश्लेषकों के मुताबिक, बढ़ती लागत और एकमुश्त खर्चों के कारण ऑपरेटिंग प्रॉफिट पर दबाव बना रहा।

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कंपनी का कहना है कि Lenalidomide की बिक्री बंद होने का असर आने वाली कुछ तिमाहियों तक जारी रह सकता है, क्योंकि पिछले साल की तुलना उस अवधि से की जा रही है जब इस दवा से अच्छी आय हो रही थी।

ब्रोकरेज हाउस ने घटाए टारगेट प्राइस

कमजोर नतीजों के बाद कई ब्रोकरेज फर्मों ने कंपनी के लिए अपने अनुमान और टारगेट प्राइस में कटौती की है।

Elara Capital ने FY27 से FY29 के कोर अर्निंग्स अनुमान में 7% से 29% तक की कटौती की है। ब्रोकरेज ने शेयर का लक्ष्य मूल्य 1,283 रुपये से घटाकर 1,222 रुपये कर दिया है और ‘Reduce’ रेटिंग बरकरार रखी है।

Emkay Global ने भी कंपनी के नतीजों को उम्मीद से काफी कमजोर बताया है। ब्रोकरेज ने FY27 और FY28 के आय अनुमान में क्रमशः करीब 8% और 6% की कटौती करते हुए लक्ष्य मूल्य 1,300 रुपये से घटाकर 1,200 रुपये कर दिया है। इसकी रेटिंग भी ‘Reduce’ है।

वहीं, Motilal Oswal Financial Services ने बढ़ते परिचालन खर्च और PSAI कारोबार में अपेक्षाकृत धीमी वृद्धि को देखते हुए FY27 और FY28 के अनुमान घटाए हैं। ब्रोकरेज ने 1,125 रुपये का लक्ष्य मूल्य देते हुए शेयर पर ‘Neutral’ रुख बनाए रखा है।

PL Capital को लंबी अवधि में दिख रही उम्मीद

जहां अधिकांश ब्रोकरेज निकट अवधि को लेकर सतर्क हैं, वहीं PL Capital ने शेयर पर ‘Accumulate’ रेटिंग बरकरार रखी है और 1,300 रुपये का लक्ष्य मूल्य दिया है।

ब्रोकरेज का मानना है कि पहली तिमाही के नतीजों पर Semaglutide API से जुड़े 240 करोड़ रुपये के इन्वेंट्री राइट-ऑफ का असर पड़ा है। हालांकि, आने वाले समय में Semaglutide की दोबारा लॉन्चिंग, परिचालन खर्च में कमी और नए उत्पादों की लॉन्चिंग से कंपनी के मार्जिन में सुधार हो सकता है।

PL Capital के मुताबिक, भारत और रूस का कारोबार मजबूत बना हुआ है। साथ ही कंपनी पेप्टाइड्स, बायोसिमिलर्स और GLP पोर्टफोलियो में लगातार निवेश कर रही है, जिसका फायदा वित्त वर्ष 2027 की दूसरी छमाही से मिलना शुरू हो सकता है।

निवेशकों के लिए क्या है संकेत?

डॉ. रेड्डीज के कमजोर तिमाही नतीजों के बाद बाजार में फिलहाल सतर्कता का माहौल है। अधिकांश ब्रोकरेज ने निकट अवधि के लिए सावधानी बरतने की सलाह दी है, जबकि कुछ का मानना है कि नए उत्पादों की लॉन्चिंग और मार्जिन में संभावित सुधार से लंबी अवधि में कंपनी की स्थिति बेहतर हो सकती है। ऐसे में निवेशकों के लिए अगले कुछ तिमाहियों के प्रदर्शन और कंपनी की प्रगति पर नजर रखना महत्वपूर्ण रहेगा।

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First Published - July 23, 2026 | 12:13 PM IST

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