facebookmetapixel
Advertisement
भारतीय शेयर बाजार में फिर बढ़ा विदेशी निवेशकों का भरोसा, अगस्त में अब तक लगाए 16,621 करोड़ रुपयेशेयर बाजार में मंदी की मार, टॉप-5 कंपनियों के ₹1 लाख करोड़ स्वाहा; TCS को लगा सबसे बड़ा झटकापश्चिम एशिया संकट से सरकार ने लिया सबक, LPG उत्पादन के लिए 21 रिफाइनरियों को दिए नए टारगेटLPG e-KYC की आज आखिरी तारीख, नहीं कराया तो घरेलू रेट पर सिलेंडर मिलने में आएगी दिक्कतदिल्ली समेत कई राज्यों में बारिश का अलर्ट, अगले कुछ दिनों तक बदला रहेगा मौसम का मिजाजE20 पर फिर सरकार की सफाई: सिर्फ एथेनॉल वाले पेट्रोल से नहीं घटता माइलेज, कई और फैक्टर्स भी शामिलAI नौकरियां छीनेगा या बनाएगा अमीर? ‘रिच डैड पुअर डैड’ के लेखक कियोसाकी ने युवाओं को दी खास सलाहDividend Stocks: 450% का मोटा डिविडेंड! हेल्थकेयर सेक्टर से जुड़ी कंपनी का तोहफा, रिकॉर्ड डेट फिक्सविदेशी संपत्ति छिपाई है? छोटे टैक्सपेयर्स के लिए 16 अगस्त से खुलेगा विंडो, CBDT ने किया ऐलानअगले 7-8 साल में देश में शुरू होंगे 5 से 8 नए सेमीकंडक्टर प्लांट, हमें चिप निर्माण में आत्मनिर्भर बनना होगा: PM

डीजल और एटीएफ एक्सपोर्ट पर विंडफॉल टैक्स में हुई कटौती

Advertisement
Last Updated- December 11, 2022 | 5:07 PM IST

 अंतरराष्ट्रीय बाजार में पेट्रोलियम उत्पादों की कीमतों में नरमी को देखते हुए केंद्र सरकार ने डीजल और एटीएफ (जेट ईंधन) पर अप्रत्याशित लाभ कर या विंडफॉल टैक्स में कटौती कर दी है। हालांकि घरेलू स्तर पर उत्पादित कच्चे तेल (क्रूड ऑयल) पर शुल्क बढ़ा दिया है।
 बीती रात सरकार की तरफ से जारी किए गए नोटिफिकेशन के मुताबिक ये बदलाव आज यानी बुधवार 3 अगस्त से लागू हो गए हैं।
 आधिकारिक नोटिफिकेशन के अनुसार, डीजल के एक्सपोर्ट पर टैक्स 11 रुपये से घटाकर पांच रुपये प्रति लीटर कर दिया गया है, वहीं एटीएफ या जेट फ्यूल पर जहां 4 रुपये प्रति लीटर का टैक्स लग रहा था अब इसे खत्म करने का फैसला लिया गया है। इसी तरह, पेट्रोल के एक्सपोर्ट पर जीरो टैक्स जारी रहेगा।
 नोटिफिकेशन के मुताबिक घरेलू स्तर पर उत्पादित कच्चे तेल पर टैक्स 17,000 रुपये प्रति टन से बढ़ाकर 17,750 रुपये प्रति टन कर दिया गया है।
 

Advertisement
First Published - August 3, 2022 | 12:06 PM IST

संबंधित पोस्ट

Advertisement
Advertisement
Advertisement