facebookmetapixel
Advertisement
FIFA World Cup 2026: रोनाल्डो का महाधमाका! वर्ल्ड कप में बनाया ऐसा रिकॉर्ड, जिसे छूना भी मुश्किलखरीफ फसलों पर संकट के बादल! कम बारिश से 315 जिले निशाने पर, 111 सबसे ज्यादा प्रभावितघरों की बिक्री बढ़ने के बीच कौन सा Realty Stock खरीदें? नुवामा ने चुना अपना टॉप पिकAkasa Air का बड़ा दावा! अगले 5 साल तक 40% ग्रोथ, IPO को लेकर भी दिया बड़ा संकेतIDBI Bank: LIC और सरकार की हिस्सेदारी खरीदने की तैयारी? फेयरफैक्स ने खरीदे हजारों करोड़ के बॉन्डऑटो कंपनियों का बड़ा संकट! टेक्नोलॉजी में भारी निवेश के बावजूद समय पर नहीं आ रहीं नई कारेंबैंकों में नकदी की कमी बढ़ी, क्या अब महंगे हो सकते हैं होम और ऑटो लोन?MSME को अब जल्दी मिलेगा पैसा, आरबीआई ने बदल दिए ट्रेड्स के नियमजून के PMI आंकड़ों ने निवेशकों और कारोबारियों को क्यों किया सतर्क?तेल और गैस सप्लाई के वैकल्पिक रास्ते तलाशना क्यों बन गया जरूरी?

अकाउंट एग्रीगेटर के साथ साझा किया गया डेटा पूरी तरह सुरक्षित: सीतारमण

Advertisement

सीतारमण ने अकाउंट एग्रीगेटर योजना की धीमी प्रगति पर भी चिंता जताई है।

Last Updated- November 23, 2023 | 10:47 PM IST
Digital Acceleration and Transformation Expo

वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने गुरुवार को कहा कि ‘अकाउंट एग्रीगेटर’ (एए) के साथ साझा किया गया ग्राहकों का डेटा भारत में पूरी तरह सुरक्षित है।

अकाउंट एग्रीगेटर ऐसी वित्तीय इकाइयां हैं जो ग्राहकों की सहमति होने पर उनका डेटा वित्तीय सूचना प्रदाताओं (एफआईपी) से लेकर वित्तीय सूचना उपयोगकर्ताओं (एफआईयू) के साथ साझा करती हैं।

सीतारमण ने अकाउंट एग्रीगेटर योजना की धीमी प्रगति पर चिंता जताते हुए कहा, ‘यह उतना नहीं है जितना मैं चाहती हूं। यह बेहतर हो सकता है। इसका मतलब है कि या तो इस बारे में समुचित जागरूकता नहीं पैदा हो पाई है या फिर इस प्रौद्योगिकी को अधिक सरल बनाने की जरूरत है।’

उन्होंने नई दिल्ली में आयोजित ‘डेट विद टेक’ कार्यक्रम में कहा, ‘सार्वजनिक और निजी दोनों क्षेत्रों के बैंकों ने एक बार मेरे साथ इसकी समीक्षा की है। बैंक इस योजना के सदस्य या हिस्सा बन गए हैं और वास्तव में इससे मदद मिली है।’ इसके साथ ही उन्होंने कहा कि बैंकों का उत्साह बढ़ाने पर ही यह योजना हर ग्राहक तक पहुंच सकेगी।

वित्त मंत्री ने ग्राहकों के डेटा या ब्योरे की सुरक्षा को लेकर व्याप्त चिंताओं को दूर करते हुए कहा, ‘शुरुआत में ऐसी आशंकाएं थीं कि अकाउंट एग्रीगेटर डेटा बैंक पर कब्जा कर लेंगे। लेकिन वे इस डेटा को अपने पास नहीं रख सकते हैं। वे सिर्फ इसे आगे बढ़ाने का जरिया हैं। न तो लाभार्थी ग्राहक और न ही बैंक ऐसा कर सकते हैं।’

सीतारमण ने कहा कि बैंकिंग सुविधाओं के लिए सार्वजनिक मंच बनाने के पीछे सरकार की सोच ग्राहक डेटा सुरक्षा सुनिश्चित करने की है। उन्होंने कहा, ‘जिस क्षण आप अपना डेटा देने के लिए तैयार होंगे उसे किसी गतिरोध के बगैर साझा किया जाएगा। डेटा सुरक्षा के संदर्भ में मैं भारतीय नागरिकों को यह भरोसा दिला सकती हूं कि आपका डेटा पूरी तरह सुरक्षित रहेगा।’

Advertisement
First Published - November 23, 2023 | 10:47 PM IST (बिजनेस स्टैंडर्ड के स्टाफ ने इस रिपोर्ट की हेडलाइन और फोटो ही बदली है, बाकी खबर एक साझा समाचार स्रोत से बिना किसी बदलाव के प्रकाशित हुई है।)

संबंधित पोस्ट

Advertisement
Advertisement
Advertisement