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मांग में किसी तरह की कमी नहीं आई है

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Last Updated- December 12, 2022 | 5:30 AM IST

बीएस बातचीत
एचसीएल टेक्नोलॉजिज ने शुक्रवार को अपनी चौथी तिमाही के मुनाफे में सालाना आधार पर 64.9 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की, क्योंकि ऊंचे करों के प्रभाव और एकमुश्त बोनस भुगतान से कंपनी के तिमाही आंकड़ों में स्पष्ट रूप से दबाव देखने को मिला। हालांकि कंपनी ने कहा है कि उसे चालू वित्त वर्ष में दो अंक की वृद्घि की उम्मीद है। नेहा अलावधी के साथ बातचीत में एचसीएल टेक्नोलॉजिज के मुख्य कार्याधिकारी सी विजयकुमार ने वर्ष के लिए अपनी योजनाओं और महामारी के प्रभाव के बारे में विस्तार से जानकारी दी। पेश हैं उनसे हुई बातचीत के मुख्य अंश:
तिमाही मुनाफा 65 प्रतिशत घटने का कारण क्या था?
यह दबाव भारत में कराधान संबंधित समस्याओं की वजह से पैदा हुआ। ऐसे कुछ नियम हैं, जिनकी वजह से हमें भारत में ऊंचे करों के लिए मजबूर होना पड़ा।

इस वित्त वर्ष के लिए आपकी दो अंक की वृद्घि में विलय एवं अधिग्रहण और आंतरिक स्रोतों का कितना योगदान है?
इस वृद्घि में विलय एवं अधिग्रहण और आंतरिक स्रोतों का बड़ा योगदान है।

जब कई भूभागों में महामारी की दूसरी लहर बरकरार है, मांग परिदृश्य कैसा रहने की संभावना है?
मांग परिदृश्य काफी मजबूत है। हमने मांग में किसी तरह की कमी दर्ज नहीं की है, जबकि विभिन्न भूभाग इस महामारी के अपने दौर से गुजर रहे हैं। उनके ग्राहकों से संबंधित कई क्षेत्र लगातार अपनी सफलता पर केंद्रित दिख रहे हैं, चाहे यह डिजिटल आधारित बदलाव हो या लागत ढांचे को अनुकूल बनाना, नए सॉल्युशनों पर अमल करना हो। इसमें निश्चित तौर पर इजाफा हुआ है, क्योंकि उनका मानना है कि प्रौद्योगिकी इस महामारी में आजमाने और अमल करने के लिहाज से जीवनरेखा बनी हुई है। इसलिए यह इन क्षेत्रों पर लगातार खर्च के लिए सभी योजनाओं में शामिल है।

महामारी से एंटरटेनमेंट जैसे कुछ क्षेत्र ज्यादा प्रभावित हुए हैं। क्या आप हेल्थकेयर जैसे अन्य क्षेत्रों पर अपना ध्यान पुन: बढ़ा रहे हैं?
निश्चित तौर पर, टेक वर्टिकल, लाइफ साइंस और वित्तीय सेवाओं में मांग काफी बेहतर है। लेकिन अन्य सेगमेंट में भी मांग बनी हुई है। इसलिए हमने किसी प्रबंधन में पूरी तरह बदलाव नहीं किया है। हमने कुछ सेगमेंट पर जोर दिया है जिनमें हमन पर्याप्त अवसर देख रहे हैं, इसलिए हमने किसी तरह के बदलाव नहीं किए हैं।
महामारी की वजह से ऑनशोर-ऑफशोर मॉडल में बदलाव के बारे में आपकी क्या प्रतिक्रिया है?
महामारी की पहली लहर के दौरान, ऑफशोर के लिए मांग काफी मजबूत थी। अब मौजूदा हालात में यह कुछ समय के लिए नरम पड़ सकती है। लेकिन मेरा मानना है कि मध्यम से दीर्घावधि मांग ऑफशोर तथा अन्य कम लागत वाले स्थानों में ज्यादा रहेगी।

पिछले साल के मुकाबले इस साल आपकी मुख्य प्राथमिकता क्या रहेगी?
हमारा मोड-2 फोकस बना रहेगा, क्योंकि यह मांग का बड़ा हिस्सा है। इसलिए हम न सिर्फ आईटी सेवा और इंजीनियरिंग सेवाओं में, बल्कि डेटा इंजीनियरिंग, इंडस्ट्री 4.0, सॉफ्टवराइजेशन, 5जी, और इससे संबंधित चीजों पर भी ज्यादा ध्यान दे रहे हैं। इसके अलावा हम भौगोलिक पहुंच बढ़ाने की भी कोशिश करेंगे। हम जर्मनी, फ्रांस, कनाडा, आस्ट्रेलिया, जापान पर अपना ध्यान बढ़ा रहे हैं। हम मैक्सिको, स्पेन, ब्राजील में अपना परिचालन शुरू कर रहे हैं। कुछ भाषायी जरूरतों को समर्थन के संदर्भ में हम पहले ही पहुंच बना चुके हैं, लेकिन अब इन भूभागों में स्थानीय बिक्री संगठनों पर भी ध्यान दिया जाएगा।

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First Published - April 25, 2021 | 11:52 PM IST

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