भारतीय प्रतिभूति एवं विनिमय बोर्ड (सेबी) के सात सदस्यों वाले दल ने सत्यम कंप्यूटर सर्विसेज के संस्थापक बी रामलिंग राजू और कंपनी के पूर्व प्रबंध निदेशक बी राम राजू से चंचलगुड़ा जेल में पूछताछ की।
सेबी के दक्षिणी जोन के महाप्रबंधक ए. सुनील कुमार की अध्यक्षता वाले इस दल को राजू बंधुओं से मिलने के लिए तीन दिन का वक्त दिया गया है। राजू बंधु फिलहाल हैदराबाद की केंद्रीय कारागार में हैं। इस दल ने बुधवार को सिर्फ रामलिंग राजू से सवाल-जवाब किए थे।
ऐसा माना जा रहा है कि सत्यम के पूर्व वित्त अधिकारी वी श्रीनिवास से यह दल शुक्रवार को पूछताछ करेगा। सूत्रों का कहना है कि रामलिंग राजू से कारागार अधीक्षक के दफ्तर में सवाल-जवाब किए गए हैं, जबकि छोटे भाई राम राजू से प्रशासनिक खंड में अलग से पूछताछ की गई।
माना जा रहा है कि सेबी ने राजू बंधुओं से कंपनी के खातों में हेरा-फेरी करने, आईटी कंपनी के शेयरों की इनसाइडर ट्रेडिंग और सत्यम के फंडों को प्रवर्तक परिवार की दूसरी कंपनियों में लगाने जैसे मामलों पर पूछताछ की है।
राजू बंधुओं के वकील एस भारत कुमार जो काफी समय तक जेल के आसपास ही बने रहे, उनका कहना है कि उन्हें आज भी पूछताछ के दौरान वहां मौजूद होने की अनुमति नहीं दी गई।
उनका कहना है, ‘कैद में लिए गए बयानों की वैधता पर हम सवाल उठाएंगे।’ वे बारबार इस बात को दोहरा रहे थे कि कैद में होने की वजह से राजू बंधुओं को काई कानूनी सहायता नहीं मिल रही है।