देश के सबसे बड़े ऋणदाता भारतीय स्टेट बैंक (एसबीआई) का शुद्ध लाभ दिसंबर 2020 तिमाही में 6.93 फीसदी घटकर 5,583 करोड़ रुपये रह गया। एक साल पहले की समान तिमाही में एस्सार स्टील खाते से एकमुश्त 4,039 करोड़ रुपये की वसूली होने के कारण बैंक की ब्याज आय बढ़ गई थी जिससे मुनाफे को झटका लगा।
गैर-निष्पादित आस्तियों (एनपीए) की पहचान के लिए सर्वोच्च न्यायालय के अंतरिम आदेश के बावजूद परिसंपत्ति गुणवत्ता में सुधार दर्ज किया गया। तिमाही के दौरान बैंक का सकल एनपीए 5.44 फीसदी और शुद्ध एनपीए 1.82 फीसदी रहा जो सितंबर 2020 तिमाही में 2.08 फीसदी और दिसंबर 2019 तिमाही मेकं 2.65 फीसदी रहा था। सर्वोच्च न्यायालय के आदेश के बाद किसी भी नए एनपीए की पहचान नहीं की गई है।
बंबई स्टॉक एक्सचेंज पर एसबीआई का शेयर आज 5.73 फीसदी बढ़त के साथ 355.1 रुपये पर बंद हुआ।
तिमाही के दौरान बैंक की शुद्ध ब्याज आय 3.75 फीसदी बढ़कर 28,820 करोड़ रुपये हो गई जो दिसंबर 2019 तिमाही में 27,779 करोड़ रुपये रही थी। यदि हम 4,039 करोड़ रुपये की एकमुश्त आय और 452 करोड़ रुपये की अन्य आय को हटा देते हैं तो शुद्ध ब्याज आय में 21 फीसदी की वृद्धि दिखती है। तिमाही के दौरान गैर-ब्याज आय 1.54 फीसदी बढ़कर 9,246 करोड़ रुपये हो गई। घरेलू परिचालन से शुद्ध ब्याज मार्जिन घटकर 3.34 फीसदी रहा जो एक साल पहले की समान अवधि में 3.59 फीसदी रहा था।
तिमाही के दौरान बैंक का अग्रिम 6.73 फीसदी बढ़कर 24.56 लाख करोड़ रुपये हो गई जबकि खुदरा व्यक्तिगत अग्रिम में 15.5 फीसदी की वृद्धि हुई। घरेलू ऋण पोर्टफोलियो में खुदरा की हिस्सेदारी 39.08 फीसदी रही। एसबीआई के चेयरमैन दिनेश कुमार खेरा ने कहा, ‘हमने कहा है कि वित्त वर्ष 2021 में ऋण वृद्धि करीब 7 फीसदी रहेगी और वित्त वर्ष 2022 की दूसरी तिमाही से हम दो अंकों में वृद्धि दर्ज करने की स्थिति में होंगे।’ दिसंबर तिमाही के अंत में बैंक का पूंजी पर्याप्तता अनुपात 14.50 फीसदी रहा।
गोदरेज प्रॉपर्टीज का शुद्ध लाभ 70 फीसदी घटा
गोदरेज प्रॉपर्टीज का शुद्ध लाभ चालू वित्त वर्ष की तीसरी तिमाही में 70 फीसदी घटकर 14 करोड़ रुपये रह गया। एक साल पहले की समान तिमाही में यह आंकड़ा 47 करोड़ रुपये रहा था। तिमाही के दौरान कंपनी की कुल आय 38 फीसदी घटकर 306 करोड़ रुपये रह गई जो एक साल हपले की समान तिमाही में 491 करोड़ रुपये रही थी। गोदरेज प्रॉपर्टीज के कार्यकारी चेयरमैन पिरोजशा गोदरेज ने कहा, ‘रियल एस्टेट क्षेत्र कोविड वैश्विक महामारी के शुरुआती प्रभाव से उबर चुका है।’ तिमाही के दौरान कंपनी की कुल बुकिंग मूल्य में 25 फीसदी की वृद्धि हुई।
सुंदरम फास्टनर्स का लाभ 20 फीसदी बढ़ा
टीवीएस ग्रुप की इकाई सुंदरम फास्टनर्स लिमिटेड (एफएफएल) का शुद्ध लाभ 31 दिसंबर 2020 को समाप्त तिमाही के दौरान 20 फीसदी बढ़कर 124.24 करोड़ रुपये हो गया। एक साल पहले की समान तिमाही में कंपनी ने 103.06 करोड़ रुपये का शुद्ध लाभ दर्ज किया था। पिछले साल की समान तिमाही में 41.98 करोड़ रुपये का एकमुश्त कर प्रावधान टाल दिया गया था और यदि उसे छोड़ दिया जाए तो तीसरी तिमाही में कंपनी के कर बाद लाभ में 103 फीसदी की वृद्धि दिखती है। तिमाही के दौरान कंपनी की कुल आय 35 फीसदी बढ़कर 945.41 करोड़ रुपये हो गई जो एक साल पहले की समान तिमाही में 701.22 करोड़ रुपये रही थी। कंपनी की प्रबंध निदेशक आरती कृष्णा ने कहा कि तिमाही के दौरान कंपनी ने अब तक की सर्वाधिक एकल मुनाफा दर्ज किया है।
अरविंद लिमिटेड का शुद्ध लाभ 30 फीसदी घटा
कपड़ा एवं ब्रांडेड परिधान कंपनी अरविंद लिमिटेड का शुद्ध लाभ चालू वित्त वर्ष की तीसरी तिमाही में 30 फीसदी घटकर 24.91 करोड़ रुपये रह गया जो एक साल पहले की समान तिमाही में 35.77 करोड़ रुपये रहा था। तिमाही के दौरान कंपनी का समेकित परिचालन राजस्व करीब 19 फीसदी घटकर 1,514 करोड़ रुपये रह गया जो एक साल पहले की समान तिमाही में 1,869 करोड़ रुपये रहा था। क्रमिक आधार पर कंपनी के राजस्व में 16 फीसदी की वृद्धि दर्ज की गई जो सितंबर तिमाही में 1,305 करोड़ रुपये रहा था। कंपनी ने कहा है कि कोविड-19 वैश्विक महामारी के कारण उसकी आय कम रही। कंपनी ने मार्च तिमाही में राजस्व बढऩे की उम्मीद जताई है। कंपनी ने कहा है कि चौथी तिमाही में उसके ऋण बोझ में करीब 100 करोड़ रुपये की कमी आएगी।
आरईसी का शुद्ध लाभ 35 फीसदी बढ़ा
सार्वजनिक क्षेत्र की कंपनी आरईसी का एकीकृत शुद्ध लाभ 2020-21 की दिसंबर तिमाही में 35 फीसदी उछलकर 2,257.96 करोड़ रुपये हो गया। मुख्य रूप से आय बढऩे से कंपनी का लाभ बढ़ा है। आरईसी ने कहा कि एक साल पहले 2019-20 की इसी तिमाही में उसे 1,666.81 करोड़ रुपये का शुद्ध लाभ हुआ था। कंपनी की कुल आय 2020-21 की तीसरी तिमाही में बढ़कर 9,089.46 करोड़ रुपये हो गई जो एक साल पहले इसी तिमाही में 7,716.72 करोड़ रुपए थी। भाषा
इप्का लैब का शुद्ध लाभ 35 फीसदी बढ़ा
दवा कंपनी इप्का लैबोरेटरीज का एकीकृत शुद्ध लाभ चालू वित्त वर्ष की तीसरी तिमाही में 35.44 फीसदी बढ़कर 267.56 करोड़ रुपये हो गया। घरेलू एवं अंतरराष्ट्रीय बाजारों में बिक्री अच्छी रहने से कंपनी का मुनाफा बढ़ा है। इससे पिछले वित्त वर्ष की समान तिमाही में कंपनी ने 197.54 करोड़ रुपये का शुद्ध लाभ कमाया था। एकीकृत शुद्ध आय 1,425.21 करोड़ रुपये हो गई जो एक साल पहले की समान तिमाही में 1,230.99 करोड़ रुपये रही थी। भाषा