निजी सुरक्षा का बाजार अगले चार साल में बढ़कर 50,000 करोड़ रुपये होने का अनुमान है, जो अभी 22,000 करोड़ रुपये का है।
आर्थिक संस्था एसोचैम की रिपोर्ट के मुताबिक हालिया आतंकी घटनाओं के बाद सुरक्षा जरूरतें काफी बढ़ जाएंगी।
मसलन विद्यालय, कॉलेज, अस्पताल, शॉपिंग मॉल और व्यापारिक केंद्रों जैसे स्थानों पर बड़ी संख्या में सुरक्षा के इंतजाम करने की मांग में इजाफा होने की संभावनाएं हैं।