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ओवीएल ने पेश किया ओपन ऑफर

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Last Updated- December 08, 2022 | 8:07 AM IST

देश की सबसे बड़ी तेल निर्माता कंपनी तेल एवं प्राकृतिक गैस निगम (ओएनजीसी) की विदेशों में निवेशक की इकाई ओएनजीसी विदेश लिमिटेड (ओवीएल) ने ब्रिटेन में सूचीबध्द कंपनी इम्पीरियल एनर्जी की हिस्सेदारी का अधिग्रहण करने के लिए ओपन ऑफर की प्रक्रिया शुरू कर दी है।


आज केंद्रीय समिति से बोली के लिए मिली मंजूरी के बाद कंपनी ने यह कदम उठाया है। आज से शुरू हुआ यह ओपन ऑफर उम्मीद है कि 21 दिनों के लिए निवेशकों के लिए खुला रहेगा।

लंदन स्टॉक एक्सचेंज को जारी किए गए एक वक्तव्य में ओवीएल ने कहा है, ‘ओवीएल ऑफर के दस्तावेज जमा करने की घोषणा करती है, जिसमें इम्पीरियल एनर्जी के शेयरधारकों पर लगाई जाने वाली ऑफर की सभी शरते बताई गई हैं।’

आर्थिक मामलों की केंद्रीय समिति ने पहले आज ओवीएल की इम्पीरियल एनर्जी की हिस्सेदारी का 1,250 पेंस प्रति शेयर में अधिग्रहण करने पर अपनी मंजूरी दी थी। ओवीएल ने इस साल अगस्त में इस कीमत की पेशकश की थी, जब कच्चे तेल की कीमत 120 डॉलर प्रति बैरल के लगभग थी।

इम्पीरियल का मूल्यांकन 140 करोड़ पौंड किया गया था, जो इस समय कच्चे तेल की कीमत को देखते हुए अधिक माना जा रहा है। जिस समय इम्पीरियल एनर्जी के बोर्ड ने ओवीएल की बोली पर अपनी सहमति दी थी तब से अब तक कच्चे तेल की कीमतों में 66 प्रतिशत की गिरावट देखी जा चुकी है।

भारतीय सरकार को चिंता है कि कच्चे तेल की कीमत घटने के साथ इम्पीरियल में निवेश पर रिटर्न में भी गिरावट हो सकती है। हालांकि केंद्रीय समिति ने आज एक बार फिर ओपन ऑफर को हरी झंडी देते हुए इस करार पर अपनी सहमति की मुहर लगा दी है।

ओवीएल ब्रिटिश अधिग्रहण आयोग के पास ओपन ऑफर की तिथि को आगे बढ़वाने की लिए पहुंची थी। सूत्रों का कहना है कि कंपनी की इस मांग को पैनल ने ठुकरा दिया।

हालांकि इम्पीरियल एनर्जी के अधिग्रहण की प्रस्तावित बोली में एक शर्त यह भी है कि वे तभी इस पेशकश को मंजूरी देंगे, अगर 90 प्रतिशत निवेशक इसमें अपने शेयर देंगे।

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First Published - December 9, 2008 | 11:35 PM IST

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