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Power Sector: आपके घर तक पहुंचेगी ग्रीन एनर्जी, 24×7 सप्लाई के लिए बड़ा प्लान तैयार

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7.9 लाख करोड़ के प्लान से 900 गीगावॉट हरित बिजली जोड़ने की तैयारी, ट्रांसमिशन नेटवर्क होगा मजबूत

Last Updated- April 06, 2026 | 2:45 PM IST
Power Sector

देश में अब पावर सेक्टर में एक बड़ा बदलाव होने वाला है। सरकार ने तय किया है कि आने वाले सालों में सोलर और विंड जैसी हरित ऊर्जा को तेजी से बढ़ाया जाएगा, लेकिन इसके लिए सिर्फ बिजली बनाना ही काफी नहीं है, उसे देशभर में पहुंचाने के लिए मजबूत नेटवर्क भी चाहिए। इसी को ध्यान में रखते हुए सेंट्रल इलेक्ट्रिसिटी अथॉरिटी यानी CEA ने 7.9 लाख करोड़ रुपये का बड़ा प्लान तैयार किया है। एंटीक स्टॉक ब्रोकिंग की रिपोर्ट में कहा गया है कि इस प्लान के तहत 2035-36 तक 900 गीगावॉट से ज्यादा हरित बिजली को जोड़ने की तैयारी है।

क्या होने वाला है इस प्लान में

इस प्लान के तहत देशभर में नई ट्रांसमिशन लाइनें बिछाई जाएंगी और बड़े पैमाने पर सब-स्टेशन बनाए जाएंगे। करीब 1.37 लाख किलोमीटर नई लाइनें बिछाने और बड़ी क्षमता जोड़ने की योजना है। अच्छी बात यह है कि इसमें से कुछ काम पहले ही हो चुका है और कुछ पर तेजी से काम चल रहा है, जबकि बाकी आने वाले सालों में पूरा किया जाएगा।

इस पूरे प्लान में राजस्थान और गुजरात सबसे आगे हैं। इन दोनों राज्यों में सोलर और विंड से सबसे ज्यादा बिजली बनने की संभावना है। राजस्थान के बीकानेर, बाड़मेर और भड़ला जैसे इलाके बड़े पावर हब बनेंगे, वहीं गुजरात का खावड़ा भी तेजी से उभर रहा है। यहां से बनी बिजली देश के अलग-अलग हिस्सों तक पहुंचाई जाएगी।

सिर्फ राज्यों के बीच ही नहीं, राज्यों के अंदर भी बिजली पहुंचाने के लिए बड़ा काम किया जाएगा। इसके लिए ग्रीन एनर्जी कॉरिडोर नाम की योजना को और बड़ा किया जा रहा है। नए फेज में कई राज्यों में हजारों किलोमीटर लाइनें बिछाई जाएंगी और नई क्षमता जोड़ी जाएगी। इससे गांवों और छोटे शहरों तक भी हरित बिजली आसानी से पहुंच सकेगी।

नई तकनीक से बदलेगा खेल

इस प्लान में नई तकनीक का भी इस्तेमाल होगा। बहुत हाई वोल्टेज वाली लाइनें बनाई जाएंगी, जिससे बिजली दूर तक कम नुकसान के साथ पहुंच सके। साथ ही अब ऐसा सिस्टम बनाया जा रहा है जिसमें सोलर, विंड और बैटरी स्टोरेज को मिलाकर 24 घंटे बिजली सप्लाई दी जा सके।

इतना बड़ा प्रोजेक्ट है तो जाहिर है कि इससे कंपनियों के लिए भी बड़ा मौका बनेगा। खासकर पावर ग्रिड जैसी कंपनियों को इसमें काम मिलने की उम्मीद है। आने वाले सालों में इस सेक्टर में काफी निवेश आने की संभावना है।

निवेशकों के लिए क्या मतलब

यह प्लान ट्रांसमिशन कंपनियों के लिए बड़ा मौका जरूर दिखाता है, क्योंकि काफी काम पहले से चालू है और आने वाले समय में कमाई की अच्छी संभावना बनती है। लेकिन असली ग्रोथ इस बात पर निर्भर करेगी कि नए रिन्यूएबल प्रोजेक्ट्स कितनी तेजी से जमीन पर आते हैं। पावर ग्रिड के लिए अवसर बड़ा है, लेकिन उसे इस सेगमेंट में मजबूत हिस्सेदारी भी हासिल करनी होगी। इसी वजह से ब्रोकरेज थोड़ा सतर्क है और फिलहाल HOLD की सलाह दे रहा है।

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First Published - April 6, 2026 | 2:45 PM IST

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