facebookmetapixel
Stock Market: बाजार में तीन सत्रों की तेजी थमी, सेंसेक्स 504 अंक लुढ़का; RBI नीति से पहले निवेशक सतर्कGold-Silver Price: फिर सस्ते हुए सोना-चांदी, दो दिन की तेजी के बाद निवेशकों को झटकाबजट के बाद AIFs ट्रस्ट छोड़ अपनाएंगे LLP मॉडल, विदेशी पूंजी बढ़ेगीEditorial: राजकोषीय घाटा घटा, लेकिन ऋण में सुधार चुनौतीपूर्णस्वच्छ भारत की अगली चुनौती: सुरक्षा और सार्वजनिक स्वास्थ्य पर जोरदुनिया की मझोली ताकतों की दुविधा: क्या वे टेबल पर हैं या शिकार बन रहे हैं?सोना खरीदने का सही समय? UBS बोला- 6,200 डॉलर तक जा सकता है भावSoybean meal import: सोया उद्योग की सरकार से जीएम सोया खली आयात की अनुमति न देने की अपीलAIF के लिए नियम आसान करेगा SEBI, एग्जिट और लिक्विडेशन पर नया प्रस्तावभारत में हायर एजुकेशन में बूम से रियल एस्टेट को मिलेगा दम, अगले एक दशक में होगा 100 अरब डॉलर का निवेश!

भारत में ईवी की पहुंच बढ़ाने के लिए सरकार का प्रोत्साहन, चार्जिंग ढांचा महत्वपूर्ण : Moody’s

Last Updated- April 12, 2023 | 12:35 PM IST
Moody's

सरकार के प्रोत्साहन, स्थानीय स्तर पर बैटरी विनिर्माण, राज्यों के स्तर पर सब्सिडी और माल एवं सेवा कर (GST) दरों में कटौती से देश में बिजलीचालित (इलेक्ट्रिक) वाहनों की पहुंच बढ़ाने में मदद मिलेगी। मूडीज इन्वेस्टर सर्विसेज ने एक रिपोर्ट में यह बात कही है।

रिपोर्ट में कहा गया है कि भारत वैश्विक स्तर पर चौथा सबसे बड़ा कार बाजार है, लेकिन इलेक्ट्रिक वाहन (EV) की पैठ अभी सिर्फ एक प्रतिशत है। रिपोर्ट कहती है कि सरकार का 2030 तक बिजलीचालित वाहनों की पहुंच बढ़ाने का लक्ष्य चार्जिंग ढांचे और उपभोक्ताओं के परंपरागत पेट्रोल, डीजल वाहनों से इलेक्ट्रिक की ओर स्थानांतरित होने के रुख पर निर्भर करेगा।

मूडीज ने कहा, ‘‘हमारा मानना है कि सरकार की विभिन्न पहल से देश में ईवी की पहुंच बढ़ेगी। इनमें उपभोक्ताओं को दिया जाने वाला प्रोत्साहन भी शामिल है। इसके अलावा एडवांस बैटरी स्टोरेज के लिए उत्पादन आधारित प्रोत्साहन, जीएसटी में कटौती और राज्यों द्वारा दी जाने वाली सब्सिडी जैसे कारक भी ईवी की पहुंच बढ़ाने में मदद करेंगे।’’

भारत 2022 में जापान को पीछे छोड़कर चीन और अमेरिका के बाद तीसरा सबसे बड़ा वाहन बाजार बन गया है। केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी ने पिछले महीने कहा था कि यदि भारत हाल में जम्मू-कश्मीर में मिले लिथियम भंडार का उपयोग कर सकता है, तो वह इलेक्ट्रिक वाहन खंड में दुनिया में पहले स्थान पर पहुंच सकता है।

इलेक्ट्रिक वाहनों को चलाने वाली बैटरी बनाने में लिथियम एक महत्वपूर्ण तत्व है। सरकार का 2030 तक निजी कारों के 30 प्रतिशत, वाणिज्यिक वाहनों के लिए 70 प्रतिशत और दोपहिया और तिपहिया वाहनों के लिए 80 प्रतिशत ईवी बिक्री का लक्ष्य है।

मूडीज ने कहा कि टाटा मोटर्स 85 प्रतिशत हिस्सेदारी के साथ अप्रैल-दिसंबर, 2022 में बैटरी ईवी बाजार में सबसे आगे है। मूडीज ने कहा कि 165 शहरों में 250 डीलरों के माध्यम से उपस्थिति और करीब 4,300 चार्जिंग पॉइंट के साथ कंपनी पहले ही 50,000 ईवी बेच चुकी है।

First Published - April 12, 2023 | 12:35 PM IST

संबंधित पोस्ट