कच्चे तेल की कीमतों में वृद्धि के कारण अस्थिरता को रोकने के लिए भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) ने मई में विदेशी मुद्रा हाजिर बाजार में 6 अरब डॉलर की शुद्ध बिक्री की।
मई में डॉलर के मुकाबले रुपये में मात्र 0.1 प्रतिशत की गिरावट आई। अप्रैल में रिजर्व बैंक ने 8.95 अरब डॉलर की शुद्ध बिक्री की थी। आज जारी ताजा आंकड़ों के मुताबिक मई में केंद्रीय बैंक ने 22.2 अरब डॉलर बेचे, जबकि 16.2 अरब डॉलर खरीदे हैं।
रिजर्व बैंक ने वित्त वर्ष 2025-26 में विदेशी मुद्रा हाजिर बाजार में 53.13 अरब डॉलर की शुद्ध बिक्री की थी, जो एक वित्त वर्ष में केंद्रीय बैंक द्वारा सबसे अधिक शुद्ध डॉलर की बिक्री है। वित्त वर्ष 2024-25 के दौरान केंद्रीय बैंक ने 34.51 अरब डॉलर की शुद्ध बिक्री की थी।
फॉरवर्ड बाजार में आउटस्टैंडिंग नेट शॉर्ट डॉलर पोजीशन मई के अंत तक अप्रैल के 95.3 अरब डॉलर से बढ़कर मई के अंत में 106.7 अरब डॉलर हो गई।