लेक्सस इंडिया को उम्मीद है कि बढ़ती अर्थव्यवस्था के बीच दमदार मांग की वजह से वित्त वर्ष 26 में उसकी वृद्धि वित्त वर्ष 25 के मुकाबले ज्यादा होगी। कंपनी के अध्यक्ष हिकारू इकेउची ने आज यह उम्मीद जताई। लेक्सस इंडिया ने वित्त वर्ष 25 के दौरान करीब 19 से 20 प्रतिशत की बिक्री वृद्धि दर्ज की। कंपनी अपनी बिक्री के आंकड़े नहीं बताती, लेकिन उद्योग के अनुमानों के मुताबिक लेक्सस इंडिया ने वित्त वर्ष 25 में करीब 1,900 से 2,000 गाड़ियां बेचीं।
इकेउची ने बिजनेस स्टैंडर्ड के साथ बातचीत में कहा, ‘भारतीय बाजार लगातार बढ़ रहा है। कभी-कभी कुछ उतार-चढ़ाव आ सकते हैं, खास तौर पर लक्जरी बाजार में, लेकिन सरकार का सहयोग है, प्रति व्यक्ति आय में धीरे-धीरे बढ़ोतरी हो रही है और सड़कों का बुनियादी ढांचा बेहतर हो रहा है।’ इकेउची ने कहा कि कंपनी बिक्री के लक्ष्यों पर जोर नहीं देती। उन्होंने कहा, ‘हम बिक्री के पीछे नहीं भागते, बल्कि हम हर मेहमान (ग्राहक) की जरूरतों को पूरा करने पर ध्यान देते हैं। बिक्री में बढ़ोतरी तो बाद में हो ही जाती है।’
उनका यह नजरिया ऐसे समय में सामने आया है, जब भारत में कुल लक्जरी कार बाजार साल 2025 में करीब 52,000 गाड़ियों की बिक्री के साथ लगभग स्थिर रहा। इससे यह संकेत मिलता है कि कंपनी को उम्मीद है कि वह इस व्यापक श्रेणी की तुलना में बेहतर प्रदर्शन करेगी।
कंपनी ने शुक्रवार को अपनी पहली बैटरी इलेक्ट्रिक गाड़ी पूरी तरह से नई ईएस500ई भारत में उतारी। ईएस लेक्सस के प्रमुख वैश्विक मॉडल में से एक है और इसे 80 से ज्यादा देशों में बेचा गया है। दावा किया गया है कि ईएस500ई की रेंज 580 किलोमीटर है और यह फास्ट चार्जिंग को सपोर्ट करती है। इकेउची ने कहा कि कंपनी बाद में नई पीढ़ी की ईएस का स्ट्रॉन्ग हाइब्रिड मॉडल भी पेश करेगी। कंपनी ने साल 2020 में भारत में ईएस सिडैन की स्थानीय असेंबलिंग शुरू की थी और अब वह नई पीढ़ी के मॉडल की ओर बढ़ रही है।