facebookmetapixel
Advertisement
बड़ा IPO, बड़ी कमाई की गारंटी नहीं! निवेश से पहले जानिए वैल्यूएशन का गणित3 दिन में 600 अरब डॉलर स्वाहा, आखिर SpaceX के शेयरों में क्यों मची इतनी बड़ी बिकवाली?AI के दौर में नौकरी पर संकट! Oracle ने 21,000 कर्मचारियों को किया बाहरनुवामा की नई रणनीति: IT-बैंकिंग पर भरोसा, ऑटो और मेटल शेयरों से सतर्क रहने की सलाहGold, Silver Price Today: सोना ₹2093 पड़ा कमजोर, चांदी ₹2.30 लाख के नीचे फिसलीकौन हैं कुणाल शाह? CRED के फाउंडर से WhatsApp के ग्लोबल हेड बनने तक का सफरकतर के गैस प्लांट में भयंकर विस्फोट! 12 भारतीयों समेत 13 की मौत, 66 घायलFortis में 19% और Medanta में 18% तक रिटर्न की उम्मीद, Hospital Stocks पर बुलिश मोतीलाल ओसवालसीमेंट सेक्टर में फिलहाल चुनिंदा दांव की सलाह, JK Cement बनी नुवामा की टॉप पिक2047 तक 500 एयरपोर्ट! ब्लू डार्ट ने बताया भारत के लॉजिस्टिक्स सेक्टर का भविष्य कितना बड़ा

एचपीसीएल, होंडा मोटर ने बैटरी अदला-बदली स्टेशन के लिए मिलाया हाथ

Advertisement
Last Updated- December 11, 2022 | 4:45 PM IST

सार्वजनिक क्षेत्र की पेट्रोलियम कंपनी हिंदुस्तान पेट्रोलियम कॉरपोरेशन लि. (एचपीसीएल) ने अपने पेट्रोल पंपों पर इलेक्ट्रिक वाहनों के लिए बैटरी अदला-बदली स्टेशन स्थापित करने के लिए वाहन विनिर्माता होंडा मोटर के साथ हाथ मिलाने की घोषणा की है।

होंडा मोटर की अनुषंगी इकाई होंडा पावर पैक एनर्जी इंडिया प्राइवेट लिमिटेड और एचपीसीएल के बीच हुए इस करार के तहत बेंगलुरु में पहले ‘ई-स्वैप’ स्टेशन की शुरुआत भी हो गई है। एचपीसीएल के बेंगलुरु स्थित एक पेट्रोल पंप पर बैटरी बदलने वाले इस केंद्र की गत शनिवार को शुरुआत हुई।

फिलहाल इस केंद्र पर इलेक्ट्रिक तिपहिया वाहनों की ही बैटरियां बदली जाएंगी। हालांकि, कंपनी ने अगले एक साल में बेंगलुरु में इस तरह के 70 ई-स्वैप स्टेशन और शुरू करने की घोषणा की है।

एचपीसीएल ने कहा कि उसके बाद देश के अन्य शहरों में इस सेवा का विस्तार किया जाएगा। एचपीसीएल ने एक बयान में इसकी जानकारी देते हुए कहा, ‘‘उपभोक्ता इस केंद्र पर सिर्फ दो मिनट में ही डिस्चार्ज हो चुकी बैटरी को पूरी तरह चार्ज बैटरी के साथ बदल सकते हैं। इसके अलावा ‘सेवा के रूप में बैटरी’ (बास) मॉडल उपभोक्ताओं को बैटरियां उधार में देने की भी मंजूरी देता है। बैटरी को उधार देने से एक इलेक्ट्रिक वाहन की खरीद लागत भी कम हो जाती है।’’

होंडा इलेक्ट्रिक वाहनों के लिए खासतौर पर डिजाइन बैटरियों के निर्माण के लिए जानी जाती है। वहीं एचपीसीएल अपने व्यापक नेटवर्क के दम पर पूरे देश में अपनी मौजूदगी रखती है। इन दोनों पक्षों को ध्यान में रखते हुए एचपीसीएल और होंडा मोटर ने हाथ मिलाने का फैसला किया है।
 

Advertisement
First Published - August 9, 2022 | 7:10 PM IST

संबंधित पोस्ट

Advertisement
Advertisement
Advertisement