facebookmetapixel
Advertisement
1991 के आर्थिक सुधार अचानक नहीं आए थे, 1970 के दशक में ही बन गई थी बदलाव की जमीन: नितिन देसाईभारत के चॉकलेट बाजार से तेज बढ़ने की तैयारी में फेरेरो रोशे, प्रीमियम सेगमेंट पर नजरRBI गवर्नर की फिनटेक कंपनियों को नसीहत, ‘ग्राहकों के आंकड़ों को व्यावसायिक संपत्ति नहीं, जिम्मेदारी मानें’PNB का वेल्थ मैनेजमेंट और क्रेडिट कार्ड पर बड़ा दांव, 2027 में नई सेवाएं शुरू करने की तैयारीFCNR(B) फंड के इस्तेमाल में लगेंगे 3-4 महीने, असामान्य कर्ज बढ़ने का खतरा नहीं: SBI चेयरमैनक्लोजिंग ऑक्शन में शुरुआती लिक्विडिटी की समस्या सामान्य, SEBI चेयरमैन बोले: दुनिया भर के बाजारों में हुआ ऐसाअगले दौर के सुधारों में डिरेगुलेशन पर जोर, छोटी-छोटी अड़चनें दूर करने की जरूरत: गौबाHDFC बैंक के पक्ष में बहरीन अदालत का फैसला, निवेशकों के सभी 7 मामले खारिजगारंटीशुदा रिटर्न वाली पेंशन योजना की तैयारी, PFRDA ने विशेषज्ञ समिति का किया गठनभारत-रूस व्यापार को 60 से 100 अरब डॉलर तक ले जाने की तैयारी, व्यापार संतुलन पर जोर

IRAN-US WAR: ईरान का न्यूक्लियर हब इस्फहान, क्यों बना अमेरिका का निशाना?

Advertisement

ईरान का इस्फहान परमाणु और सैन्य गतिविधियों का मुख्य केंद्र है। इसकी रणनीतिक ताकत ही इसे अमेरिका और उसके सहयोगियों का सबसे बड़ा निशाना बनाती है

Last Updated- March 31, 2026 | 8:36 PM IST
iran US war

Advertisement
First Published - March 31, 2026 | 8:36 PM IST

संबंधित पोस्ट

Advertisement
Advertisement
Advertisement