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रिजर्व बैंक की पॉलिसी तय करेगी बैंक के शेयरों का रुख

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Last Updated- December 06, 2022 | 12:02 AM IST

मंगलवार को रिजर्व बैंक साल 2008-09 के लिए अपनी मॉनेटरी और क्रेडिट पॉलिसी का ऐलान करेगा और इस हफ्ते बैंक स्टॉक्स का रुख यही पॉलिसी तय करेगी।


बाजार के जानकारों को उम्मीद है कि रिजर्व बैंक अहम दरों में कोई बदलाव नहीं करेगा। एक एनालिस्ट के मुताबिक दस दिन पहले ही बैंक ने पॉलिसी के ऐलान से पहले ही सीआरआर में इजाफे का ऐलान कर दिया था ऐसे में पॉलिसी में बैंक के रेपो रेट बढ़ाए जाने की संभावना कम ही दिखती है।


रिजर्व बैंक ने 18 अप्रैल को महंगाई की बढ़ती दर पर काबू पाने की गरज से सीआरआर की दरों में आधा फीसदी का इजाफा कर इसे आठ फीसदी कर दिया था। अब चूंकि महंगाई की दर में स्थिरता दिख रही है, लिहाजा रिजर्व बैंक रेपो रेट में इजाफा कर मांग में और कमी नहीं लाना चाहेगी।


कोटक सेक्योरिटीज के बैंकिंग एनालिस्ट सदय सिन्हा के मुताबिक पॉलिसी भाषा में जरूर कडी रहेगी लेकिन लागू करने के लिहाज से यानी ऑपरेशंस के नजर से बहुत कड़े कदम लिए जाने की संभावना कम दिखती है। रेपो रेट फिलहाल 7.75 फीसदी है, रेपो रेट वह दर होती है जिस दर पर बैंक अपनी शार्ट टर्म जरूरतें पूरी करने के लिए रिजर्व बैंक से पैसा लेते हैं।


भारत की महंगाई दर 12 अप्रैल को खत्म हुए हफ्ते में 7.14 फीसदी से चढ़कर 7.33 फीसदी  हो गई है और यह रिजर्व बैंक के 4.5-5 फीसदी के लक्ष्य से काफी ज्यादा है।


महंगाई की दरों में यह इजाफा खासकर कच्चे लोहे और अन्य खनिजों की कीमतें बढ़ने की वजह से हो रहा है। एनालिस्टों का मानना है कि महंगाई की यह ऊंची दर सप्लाई साइड की दिक्कतों की वजह से है और इसके लिए सरकार ने पहले ही फिस्कल कदम उठा लिए हैं लिहाजा रिजर्व बैंक अपने रेट में बहुत ज्यादा बदलाव नहीं करेगा।

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First Published - April 28, 2008 | 2:05 PM IST

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