NFO Alert: इन्वेस्को म्युचुअल फंड ने गुरुवार को समिट एसआईएफ ब्रांड नाम के तहत स्पेशलाइज्ड इन्वेस्टमेंट फंड (SIF) कैटेगरी में डेब्यू किया। SIF सेगमेंट में कदम रखने के साथ ही, कंपनी ने अपनी पहली एसआईएफ निवेश रणनीति, समिट इक्विटी लॉन्ग-शॉर्ट फंड (Summit Equity Long-Short Fund) को लॉन्च करने की भी घोषणा की। यह एक ओपन-एंडेड इक्विटी निवेश रणनीति है, जो लिस्टेड इक्विटी और इक्विटी से जुड़े इंस्ट्रूमेंट्स में निवेश करती है। यह फंड डेरिवेटिव इंस्ट्रूमेंट्स के माध्यम से सीमित स्तर पर शॉर्ट पोजिशन भी ले सकता है। इस स्कीम का न्यू फंड ऑफर (NFO) आज यानी 2 जुलाई से सब्सक्रिप्शन के लिए खुला है और 16 जुलाई को बंद होगा।
फंड का नाम: समिट इक्विटी लॉन्ग-शॉर्ट फंड
फंड टाइप: इक्विटी लॉन्ग-शॉर्ट फंड
फंड हाउस: इन्वेस्को म्युचुअल फंड
NFO ओपन डेट: 2 जुलाई 2026
NFO क्लोजिंग डेट: 16 जुलाई 2026
मिनिमम निवेश: ₹10 लाख। मान्यता प्राप्त निवेशकों के मामले में, एनएफओ के दौरान न्यूनतम निवेश राशि ₹1,00,000 है।
मिनिमम SIP निवेश: ₹1,000 रुपए। बशर्ते कि समिट एसआईएफ की सभी निवेश रणनीतियों में ₹10,00,000 की न्यूनतम निवेश सीमा बनाए रखी जाए।
एग्जिट लोड: 3 महीने या उससे पहले रिडीम किए गए या स्विच आउट की गई यूनिट्स पर 0.50% का एग्जिट लोड देना होगा।
बेंचमार्क: BSE 500 TRI
रिस्क लेवल: रिस्क बैंड 5
फंड मैनेजर: हितेन जैन
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फंड हाउस के मुताबिक, समिट इक्विटी लॉन्ग-शॉर्ट फंड को लॉन्ग पोजीशन के माध्यम से अपसाइड और शॉर्ट पोजीशन के माध्यम से रणनीतिक गिरावट दोनों के अवसरों का लाभ उठाने के लिए डिजाइन किया गया है। यह रणनीति समिट एसआईएफ के मूल दर्शन को दर्शाती है यानी बाजार की स्थितियों के अनुसार ढलना और अतिरिक्त रिटर्न की तलाश करना।
इस इन्वेस्टमेंट स्ट्रैटेजी में पोर्टफोलियो को मजबूती देने के लिए दो अलग-अलग रणनीतियों मिलाया जाएगा। इसमें पहली रणनीति एक दिशात्मक लॉन्ग रणनीति है, जो इन्वेस्को एसेट मैनेजमेंट (इंडिया) के वर्गीकरण ढांचे पर आधारित बॉटम-अप स्टॉक चयन प्रक्रिया द्वारा संचालित होती है। दूसरी एक रणनीतिक शॉर्ट पोजीशन है, जो डेरिवेटिव के माध्यम से उन शेयरों में गिरावट के अवसरों का लाभ उठाने के उद्देश्य से बनाई गई है, जिनके कमजोर प्रदर्शन की उम्मीद है।
इन्वेस्को म्युचुअल फंड के फंड मैनेजर हितेन जैन ने कहा, “आज के बदलते बाजारों में, बाजार से ज्यादा रिटर्न कमाना सिर्फ उसकी लहर के साथ बहने जैसा नहीं है, इसके लिए मौके का फायदा उठाने और जोखिम से बचने, दोनों की समझ होनी चाहिए। आम फंड केवल तभी मुनाफा कमाते हैं जब शेयरों के दाम बढ़ते हैं। लेकिन असलियत में, बाजार का रिटर्न हमेशा एक जैसा नहीं रहता; इसमें लगातार उतार-चढ़ाव आते रहते हैं। समिट इक्विटी लॉन्ग-शॉर्ट फंड को इस तरह बनाया गया है कि यह शेयर की कीमतें बढ़ने और घटने, दोनों ही स्थितियों का फायदा उठा सके। इससे यह बाजार के उतार-चढ़ाव और नए मौकों का सही इस्तेमाल कर पाता है।”
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यह फंड अपनी कुल संपत्ति का 80% से 100% हिस्सा इक्विटी और इक्विटी से जुड़े निवेश साधनों में लगाएगा। इसके अलावा, 0% से 25% तक निवेश इक्विटी और उससे जुड़े साधनों में अनहेज्ड डेरिवेटिव पोजिशन के जरिए शॉर्ट एक्सपोजर में रखा जा सकता है। साथ ही, फंड 0% से 20% तक निवेश इनविट (InvITs) की यूनिट्स में और 0% से 20% तक निवेश डेट एवं मनी मार्केट इंस्ट्रूमेंट्स में कर सकेगा।
इन्वेस्को एएमसी के एमडी और सीईओ सौरभ नानावटी ने कहा कि हम भारतीय एसेट मैनजमेंट के एक महत्वपूर्ण मोड़ पर हैं। SIF कैटेगरी अनुभवी निवेशकों को पोर्टफोलियो लचीलेपन का वह स्तर प्रदान करती है जो पहले केवल संस्थागत पूंजी तक ही सीमित था। समिट एसआईएफ भारत की अगली पीढ़ी के संपत्ति बनाने वालों के लिए विशेष निवेश सोच लाने की हमारी प्रतिबद्धता दर्शाता है।
(डिस्क्लेमर: यहां एनएफओ की डीटेल दी गई है। ये निवेश की सलाह नहीं है। म्युचुअल फंड में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेश संबंधी फैसला करने से पहले अपने एडवाइजर से परामर्श कर लें।)